फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lalitpur News ›   कृषि विभाग की योजनाओं को गंभीरता से नहीं लेते किसान

कृषि विभाग की योजनाओं को गंभीरता से नहीं लेते किसान

Mon, 17 Jun 2019 01:00 AM IST
Jhansi Bureau झांसी ब्यूरो
Updated Mon, 17 Jun 2019 01:00 AM IST
विज्ञापन
कृषि विभाग की योजनाओं को गंभीरता से नहीं लेते किसान
कृषि विभाग की योजनाओं को गंभीरता से नहीं लेते किसान
विज्ञापन

ललितपुर। जिले में अधिकतर किसान कृषि विभाग की संचालित योजनाओं को गंभीरता से नहीं लेते हैं। ऐसा ही नजारा चंद्रशेखर उद्यान पार्क की खरीफ गोष्ठी का रहा। गोष्ठी से शामिल होकर लौट रहे तमाम किसान कृषि विभाग की योजनाओं को नहीं गिना सके।
किसानों की आमदनी दोगुनी करने के लिए तमाम योजनाएं चलाई जा रही हैं। इनमें बागवानी, प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना, चकबंदी, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना, आयुष्मान योजना, स्प्रिंकलर सेट योजना आदि शामिल हैं। इसके बाद भी तमाम किसान इन योजनाओं का लाभ नहीं उठा पाते हैं। इसकी वजह किसानों में जागरुकता का अभाव है। इसके मद्देनजर कृषि विभाग ने आत्मा योजना अंतर्गत खरीफ उत्पादकता गोष्ठी का आयोजन किया गया। इसमें मृदा परीक्षण , खरपतवार नियत्रंण, बीज उपचार, वर्मी कम्पोस्ट, ट्राईकोडर्मा से बीजोपचार समेत अन्य योजनाओं की जानकारी दी गयी। जब गोष्ठी का समापन हुआ तो अधिकांश किसान इन योजनाओं के बारे में बता नहीं पाए। कई किसान तो कृषि विभाग की कार्यप्रणाली से खुश नहीं दिखे।
विज्ञापन

----
गोष्ठी में कई जानकारी दी गईं। जैविक खेती के लिए प्रेरित किया गया। लेकिन, अधिकतर किसान बताई गई जानकारी पर अमल नहीं करते हैं।
- रामप्रसाद, ग्राम जामुनधाना
----
गोष्ठी में कई चीजें बताई जाती हैं, लेकिन किसान अपने हिसाब से खेती करते हैं। अगर किसान कृषि विभाग के अनुसार काम करने लगे तो किसान खेती में पिछड़ जाएगा, इसलिए किसान योजनाओं पर ध्यान नहीं देता।
विज्ञापन
विज्ञापन

- बृजलाल, ग्राम बम्होरीबहादुर सिंह
----
इन गोष्ठियों से कुछ किसान तो लाभ उठा लेते हैं, उनकी संख्या गिनती में होती है। तमाम किसानों को बीमा को लाभ मिल जात तो कुछ को कृषि यंत्र मिल जाता है। बाकी किसानों को कोई लाभ नहीं मिलता।

घनश्यामदास सेन, ग्राम बम्होरीबहादुर सिंह
----
गोष्ठी में अधिकारियों ने अच्छी जानकारी दी। लेकिन, इसका कोई लाभ मिलेगा, यह तो भविष्य बताएगा। अभी कुछ नहीं कह सकते।
- लक्ष्मन सिंह, ग्राम तालगांव
----
किसान को अधिकांश योजनाओं का लाभ नहीं मिल पाता है। गोष्ठी में अधिकारी अच्छी-अच्छी बातें करते हैं, लेकिन जब कार्यालय में पहुंचते हैं तो अधिकारी व कर्मचारी ढंग से बात नहीं करते हैं। इन कारणों से किसान कृषि विभाग कम ही जाते हैं।
- रामदास, ग्राम जिजयावन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed