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... तो स्वाभाविक मौत मरी है हथिनी
अमर उजाला ब्यूरो/पलियाकलां।
Updated Fri, 26 Aug 2016 10:19 PM IST
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- फोटो : amar ujala
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- तीन चिकित्सकों के पैनल ने किया पोस्टमार्टम, जांच के कुछ अवशेष बरेली भेजे
- स्वास्थ्य ठीक न होने के चलते खानपान में कमी से बताई जा रही मौत
दुधवा नेशनल पार्क की बनकटी रेंज के तहत पोलहा में मृत मिली हथिनी का पोस्टमार्टम हो गया है। पोस्टमार्टम डब्ल्यूटीआई समेत तीन चिकित्सकों ने किया है। पार्क अधिकारियों के मुताबिक हथिनी की मौत स्वास्थ्य ठीक न होने के कारण खानपान में आई कमी के कारण हुई है। उसकी मौत करीब तीन चार दिन पूर्व ही हो जाने के कयास भी लगाए गए हैं। उसके कुछ अवशेषों को आईवीआरआई बरेली में जांच के लिए भी भेजा गया है।
गौरतलब है कि बृहस्पतिवार को एक जंगली हथिनी का शव दुधवा नेशनल पार्क की बनकटी रेंज के पोलहा में पड़ा पाया गया था। खबर से पार्क प्रशासन में हड़कंप मच गया और तमाम अधिकारी मौके पर पहुंच गए थे। उसकी जांच के बाद शुक्रवार को उसके पोस्टमार्टम का निर्णय लिया गया और फिर इसी के तहत शुक्रवार को डब्ल्यूटीआई के चिकित्सक आयरन वैसली, डॉ. नेहा सिंघई, डॉ. बीआर निगम के पैनल ने उसका पोस्टमार्टम किया। पार्क अधिकारियों के मुताबिक उसकी मौत स्वाभाविक रूप से हुई है और कहीं भी चोट आदि के निशान नहीं पाए गए हैं। स्वास्थ्य ठीक न होने के कारण उसके खान पान में कमी आई थी और यही वजह उसकी मौत का कारण बन गई।
हथिनी की मौत स्वाभाविक है तथा उसके शरीर पर भी कोई चोट के निशान नहीं पाए गए हैं। उसके कुछ अवशेषों को आईवीआरआई बरेली भेजा गया है। डाक्टरों के मुताबिक वह स्वस्थ नहीं थी तथा उसके खान-पान में कमी हो गई थी।
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- महावीर कौजलगि, डिप्टी डायरेक्टर, दुधवा नेशनल पार्क
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- स्वास्थ्य ठीक न होने के चलते खानपान में कमी से बताई जा रही मौत
दुधवा नेशनल पार्क की बनकटी रेंज के तहत पोलहा में मृत मिली हथिनी का पोस्टमार्टम हो गया है। पोस्टमार्टम डब्ल्यूटीआई समेत तीन चिकित्सकों ने किया है। पार्क अधिकारियों के मुताबिक हथिनी की मौत स्वास्थ्य ठीक न होने के कारण खानपान में आई कमी के कारण हुई है। उसकी मौत करीब तीन चार दिन पूर्व ही हो जाने के कयास भी लगाए गए हैं। उसके कुछ अवशेषों को आईवीआरआई बरेली में जांच के लिए भी भेजा गया है।
गौरतलब है कि बृहस्पतिवार को एक जंगली हथिनी का शव दुधवा नेशनल पार्क की बनकटी रेंज के पोलहा में पड़ा पाया गया था। खबर से पार्क प्रशासन में हड़कंप मच गया और तमाम अधिकारी मौके पर पहुंच गए थे। उसकी जांच के बाद शुक्रवार को उसके पोस्टमार्टम का निर्णय लिया गया और फिर इसी के तहत शुक्रवार को डब्ल्यूटीआई के चिकित्सक आयरन वैसली, डॉ. नेहा सिंघई, डॉ. बीआर निगम के पैनल ने उसका पोस्टमार्टम किया। पार्क अधिकारियों के मुताबिक उसकी मौत स्वाभाविक रूप से हुई है और कहीं भी चोट आदि के निशान नहीं पाए गए हैं। स्वास्थ्य ठीक न होने के कारण उसके खान पान में कमी आई थी और यही वजह उसकी मौत का कारण बन गई।
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हथिनी की मौत स्वाभाविक है तथा उसके शरीर पर भी कोई चोट के निशान नहीं पाए गए हैं। उसके कुछ अवशेषों को आईवीआरआई बरेली भेजा गया है। डाक्टरों के मुताबिक वह स्वस्थ नहीं थी तथा उसके खान-पान में कमी हो गई थी।
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- महावीर कौजलगि, डिप्टी डायरेक्टर, दुधवा नेशनल पार्क