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Lakhimpur Kheri News: आयुष्मान योजना में सूचीबद्ध छोटे अस्पतालों की होगी जांच
Sun, 10 May 2026 11:51 PM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
Updated Sun, 10 May 2026 11:51 PM IST
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लखीमपुर खीरी। आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत जिले में सूचीबद्ध छोटे अस्पतालों की व्यवस्थाओं की जांच और सत्यापन कराया जाएगा। शासन ने जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग को विशेष निगरानी के निर्देश दिए हैं।
आदेश में कहा गया है कि 10 से कम बेड वाले एचईएम पोर्टल पर सूचीबद्ध अस्पताल मानक के अनुरूप सुविधाएं उपलब्ध नहीं करा रहे हैं। इससे मरीजों को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं मिलने पर सवाल उठ रहे हैं।
निर्देश में कहा गया कि आयुष्मान भारत योजना केंद्र और राज्य सरकार की प्राथमिकता वाली योजनाओं में शामिल है। लाभार्थियों को बेहतर और मानक आधारित उपचार उपलब्ध कराने के लिए डीएम और जिला इम्प्लीमेंटेशन समिति को ऐसे अस्पतालों का भौतिक सत्यापन कराने के निर्देश दिए गए हैं।
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जांच के दौरान अस्पतालों में डॉक्टर, प्रशिक्षित स्टाफ, उपकरण और अन्य बुनियादी सुविधाओं की उपलब्धता देखी जाएगी। साथ ही उपचार की गुणवत्ता भी परखी जाएगी। किसी अस्पताल में कमी या अनियमितता मिलने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार इस पहल का उद्देश्य आयुष्मान योजना के तहत मरीजों को बेहतर इलाज उपलब्ध कराना और फर्जीवाड़े व मानकों की अनदेखी पर रोक लगाना है।
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आदेश में कहा गया है कि 10 से कम बेड वाले एचईएम पोर्टल पर सूचीबद्ध अस्पताल मानक के अनुरूप सुविधाएं उपलब्ध नहीं करा रहे हैं। इससे मरीजों को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं मिलने पर सवाल उठ रहे हैं।
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निर्देश में कहा गया कि आयुष्मान भारत योजना केंद्र और राज्य सरकार की प्राथमिकता वाली योजनाओं में शामिल है। लाभार्थियों को बेहतर और मानक आधारित उपचार उपलब्ध कराने के लिए डीएम और जिला इम्प्लीमेंटेशन समिति को ऐसे अस्पतालों का भौतिक सत्यापन कराने के निर्देश दिए गए हैं।
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जांच के दौरान अस्पतालों में डॉक्टर, प्रशिक्षित स्टाफ, उपकरण और अन्य बुनियादी सुविधाओं की उपलब्धता देखी जाएगी। साथ ही उपचार की गुणवत्ता भी परखी जाएगी। किसी अस्पताल में कमी या अनियमितता मिलने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार इस पहल का उद्देश्य आयुष्मान योजना के तहत मरीजों को बेहतर इलाज उपलब्ध कराना और फर्जीवाड़े व मानकों की अनदेखी पर रोक लगाना है।