फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lakhimpur Kheri News ›   Question on training on the first day of the new law, wrongly sent for breach of peace

Lakhimpur Kheri News: नए कानून के पहले दिन ट्रेनिंग पर सवाल, शांतिभंग में गलत भेजा चालान

Tue, 02 Jul 2024 01:35 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Tue, 02 Jul 2024 01:35 AM IST
विज्ञापन
Question on training on the first day of the new law, wrongly sent for breach of peace
लखीमपुर खीरी। पहली जुलाई से लागू हुई भारतीय न्याय सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) के मुताबिक धारा की जगह फूलबेहड़ पुलिस ने सीआरपीसी की धारा 151 में ही चालान एसडीएम कोर्ट भेज दिया। चालान जब एसडीएम की अदालत में शाम पांच बजे पहुंचा तो पुलिस को गलती पता चली। कोर्ट की आपत्ति के बाद चालान लेकर पुलिसकर्मी लौट आए। दो घंटे बाद जब कागजात सही कराकर नई बीएनएसस के तहत चालानी प्रपत्र दाखिल किया तो सुनवाई हुई। इसके बाद जमानतदार दाखिल करने पर आरोपी को रिहा कर दिया गया।
विज्ञापन


वकीलों में भी नए कानून को लेकर रही गफलत
परिवार न्यायालय की प्रधान न्यायाधीश तृप्ता चौधरी की अदालत में फूलबेहड थाना क्षेत्र के ग्राम कुशमौरी निवासी पूजा कुमारी ने अपने बच्चे युवांश को गोद में लेकर अपने पति अरुण कुमार के खिलाफ भरण पोषण की अर्जी दाखिल किया तो खीरी थाना क्षेत्र के ग्राम बिलौरा घोसियाना निवासी नजराना ने अपनी डेढ़ साल की बेटी शिंदरा के साथ अदालत आकर अपने पति शाबान के खिलाफ मुकदमा पेश किया। नीमगांव थाना क्षेत्र के ग्राम बिलहरी में रहने वाली परवीन ने भी अपने पति अल्ताफ के खिलाफ भरण पोषण की अर्जी दी है। इन सभी मामलों में धारा 125 सीआरपीसी का उल्लेख किया गया था। जिसे मुकदमा सुनवाई के दौरान नई संहिता के तहत संशोधित किया गया। ईसानगर के ग्राम संडौरा खुर्द निवासी रुचि मौर्य ने अपने पति शर्मा के खिलाफ भरण पोषण का मुकदमा दाखिल किया है। मुकदमा तो धारा 144 में दाखिल किया गया, लेकिन एक्ट का नाम लिखने में चूक हो गई। बीएनएसएस के स्थान पर बीएनएस का उल्लेख किया गया था। अदालत में गलती का अहसास होते ही आवेदकों की ओर से अपने दावों को सही धाराओं में दुरुस्त कर लिया गया।
विज्ञापन




जमानतनामा सेट पुरानी धाराओं के
कचहरी में सोमवार को जमानतनामा सेट पुरानी धाराओं के मिले, जबकि नई धाराओं में जमानतनामा लगाया जाना था, इससे लोगों को दिक्कतें हुईं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed