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मुख्य आरोपियों और रसूखदारों पर पुलिस ने नहीं डाला हाथ : सपा

Sat, 10 Jul 2021 01:11 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Sat, 10 Jul 2021 01:11 AM IST
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Police did not put hands on the main accused and influential people: SP
जिलाध्यक्ष बोले, सांसद के भतीजे और प्रतिनिधि की संलिप्तता को पुलिस ने किया अनदेखा
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लखीमपुर खीरी। पसगवां कांड में पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए सपा जिलाध्यक्ष ने आरोप लगाया कि पुलिस रसूखदारों पर कार्रवाई की हिम्मत नहीं जुटा पाई है। वीडियो में खुलेआम भाजपा सांसद रेखा वर्मा के करीबी नजर आ रहे हैं, लेकिन पुलिस ने काफी हीलाहवाली के बाद सिर्फ नामजद लोगों पर ही कार्रवाई की है, जबकि अन्य अज्ञात के खिलाफ कार्रवाई करने से पुलिस पीछे हट रही है। उन्होंने मांग की कि अन्य आरोपियों पर भी पुलिस कार्रवाई करे।
सपा जिलाध्यक्ष रामपाल सिंह यादव ने वायरल वीडियो फुटेज के आधार पर एक लिस्ट जारी करते हुए आरोप लगाया कि वीडियो में दिख रहे लोगों की पहचान हो गई है। सब भाजपा समर्थक हैं, जबकि दो से तीन लोग भाजपा सांसद के रिश्तेदार और करीबी हैं, लेकिन पुलिस उन पर हाथ डालने की हिम्मत नहीं जुटा पा रही।
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सपा जिलाध्यक्ष के मुताबिक, वीडियो में प्रस्तावक से बदसलूकी व गुंडागर्दी करते हुए भाजपा सांसद रेखा वर्मा के भतीजे अखिल कटियार निवासी कानपुर, नीली शर्ट में सांसद प्रतिनिधि सुमित तिवारी निवासी लखीमपुर, सांसद प्रतिनिधि राकेश पुत्र राजाराम निवासी गदनापुर, अखिलेश पुत्र गेंदन निवासी गदनापुर, रमेश वर्मा पुत्र रामचंद्र निवासी मकसूदपुर, आदेश कुमार पुत्र नारायण निवासी मकसूदपुर, अनिल कुमार पुत्र भगवानदीन निवासी मकसूदपुर, विनीत कुमार पुत्र मंगूलाल निवासी मकसूदपुर और अवनीश कुमार पुत्र खुशीराम निवासी मकसूदपुर पर कार्रवाई से पीछे हट रही है।
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वहीं, दर्ज एफआईआर में इन सबके नाम न देने पर सपा जिलाध्यक्ष से सवाल किया तो उन्होंने कहा कि सपा प्रत्याशी रितु सिंह ने जिन्हें पहचाना था, उनके खिलाफ नामजद तहरीर दी थी, जबकि, उक्त लोगों की पहचान वीडियो के आधार पर की गई है। एफआईआर में दो नामजद समेत अन्य अज्ञात के खिलाफ लिखाई गई है। जैसे जैसे उक्त दंगाइयों की पहचान होती जाएगी उनके नाम एफआईआर में बढ़वाए जाएंगे।

मामले में दो नामजद समेत अन्य अज्ञात के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई है, लेकिन पुलिस वीडियो में साफ दिख रहे भाजपा सांसद के भतीजे अखिलेश कटियार और प्रतिनिधि सुमित तिवारी समेत अन्य दस लोगों पर कार्रवाई करने से बच रही है, जबकि पुलिस को वीडियो के आधार पर आरोपियों की पहचान कर कार्रवाई करनी चाहिए। सपा उक्त लोगों के खिलाफ भी एफआईआर करेगी। - रामपाल सिंह यादव, जिलाध्यक्ष, सपा
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