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‘पाकिस्तान और आतंकवाद हैं एक दूसरे के पर्यायवाची’
अमर उजाला ब्यूरो/लखीमपुर खीरी।
Updated Sat, 24 Sep 2016 11:44 PM IST
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राजराजेश्वरम
- फोटो : amar ujala
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शारदापीठाधीश्वर जगद्गुरु शंकराचार्य राज राजेश्वराश्रम ने कहा
शारदापीठाधीश्वर जगद्गुरु शंकराचार्य राज राजेश्वराश्रम ने शनिवार को कहा कि पाकिस्तान और आतंकवाद एक दूसरे के पर्यायवाची हैं। पाकिस्तान में फल फूल रहा आतंकवाद सिर्फ भारत में नहीं बल्कि पूरे विश्व के लिए नासूर बन गया है। पाकिस्तान अपनी औकात पर आ गया है और भारत को डराने के लिए सैनिक अभ्यास और शस्त्र प्रदर्शन कर रहा हैं। पाकिस्तान भारत पर युद्ध थोपना चाहता है लेकिन वह यह नहीं जानता है कि अगर इस बार युद्ध हुआ तो उसे इसके गंभीर परिणाम भुगतने पड़ेंगे।
शारदापीठाधीश्वर ने शहर के व्यवसायी प्रेमशंकर अग्रवाल के आवास पर पत्रकारों से कहा कि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ अपना राजनीतिक अस्तित्व बचाने के लिए भारत पर युद्ध थोपना चाह रहे हैं। उन्होंने कहा कि देश में रह रहे कुछ मुस्लिम समाज के लोग आज भी अपने को भारत की मुख्य धारा से जोड़ नहीं पाए हैं, इसलिए वे पाकिस्तान जिंदाबाद के नारे लगाते हैं और कैराना जैसी घटनाएं सामनाएं आती हैं। शंकराचार्य ने कहा कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश के सभी जिलों से पलायन हो रहा है, लेकिन पलायन समस्या का समाधान नहीं है। हिंदुओं को चाहिए कि वे अपने अस्तित्व की रक्षा के लिए जागरूक हों। उन्होंने कहा कि जहां जहां मुस्लिम की आबादी बढ़ती है वहां पर लोकतंत्र समाप्त हो जाता है, जिसका उदाहरण बांग्लादेश, पाकिस्तान और अफगानिस्तान हैं।
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शारदापीठाधीश्वर जगद्गुरु शंकराचार्य राज राजेश्वराश्रम ने शनिवार को कहा कि पाकिस्तान और आतंकवाद एक दूसरे के पर्यायवाची हैं। पाकिस्तान में फल फूल रहा आतंकवाद सिर्फ भारत में नहीं बल्कि पूरे विश्व के लिए नासूर बन गया है। पाकिस्तान अपनी औकात पर आ गया है और भारत को डराने के लिए सैनिक अभ्यास और शस्त्र प्रदर्शन कर रहा हैं। पाकिस्तान भारत पर युद्ध थोपना चाहता है लेकिन वह यह नहीं जानता है कि अगर इस बार युद्ध हुआ तो उसे इसके गंभीर परिणाम भुगतने पड़ेंगे।
शारदापीठाधीश्वर ने शहर के व्यवसायी प्रेमशंकर अग्रवाल के आवास पर पत्रकारों से कहा कि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ अपना राजनीतिक अस्तित्व बचाने के लिए भारत पर युद्ध थोपना चाह रहे हैं। उन्होंने कहा कि देश में रह रहे कुछ मुस्लिम समाज के लोग आज भी अपने को भारत की मुख्य धारा से जोड़ नहीं पाए हैं, इसलिए वे पाकिस्तान जिंदाबाद के नारे लगाते हैं और कैराना जैसी घटनाएं सामनाएं आती हैं। शंकराचार्य ने कहा कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश के सभी जिलों से पलायन हो रहा है, लेकिन पलायन समस्या का समाधान नहीं है। हिंदुओं को चाहिए कि वे अपने अस्तित्व की रक्षा के लिए जागरूक हों। उन्होंने कहा कि जहां जहां मुस्लिम की आबादी बढ़ती है वहां पर लोकतंत्र समाप्त हो जाता है, जिसका उदाहरण बांग्लादेश, पाकिस्तान और अफगानिस्तान हैं।
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