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बंद रास्ता खोलने के लिए रेलवे ट्रैक पर बैठे ग्रामीण
उचौलिया
Updated Mon, 13 Jul 2015 10:59 PM IST
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हरिहरपुर बंजरिया के मध्य रेलवे लाइन के रास्ते को बंद कर देने से ग्रामीण परेशान हैं। उन्होंने तीसरी बार विरोध प्रदर्शन किया और इस दौरान सोमवार को ट्रैक पर बैठ गए, इस पर एहतियातन तीन मालगाड़ियां कुछ देर के लिए आउटर पर ही रोक दी गईं। बाद में इन्हें जाने दिया गया। सूचना पर रेलवे के तमाम अधिकारी मौके पर पहुंच गए।
सीतापुर से शाहजहांपुर तक जाने वाली बड़ी लाइन पर उचौलिया के पास हरिहरपुर और बंजरिया जाने के लिए मानव रहित रेलवे क्रॉसिंग है जिसे जनवरी में रेलवे अधिकारियों ने खाई खोदवाकर बंद कर दिया था। इन गांवों को जाने के लिए और कोई रास्ता न होने के कारण ग्रामीणों सोमवार को तीसरी बार विरोध करते हुए ट्रैक पर बैठ गए, इस पर एहतियातन तीन मालगाड़ियां आउटर पर पर ही रोक ली गईं। स्टेशन मास्टर ने आरपीएफ शाहजहांपुर और कंट्रोल मुरादाबाद को इसकी जानकारी दी। आरपीएफ के उपनिरीक्षक शंभूराम ने नाराज लोगों को समझाने का प्रयास कर मुरादाबाद शिकायत भेजने को कहा। कुछ देर तीनों मालगाड़ियां अपने गंतव्य को चली गईं।
पूर्व प्रधान राममूर्ति के नेतृत्व में आए गुड्डू खां, इसरार, मदनलाल, महेंद्र और महेंद्रपाल आदि का कहना है कि 27 फरवरी को वे हाइवे जाम कर चुके हैं। आठ मार्च को पुन: विरोध प्रदर्शन करने पर रेलवे के पीडब्ल्यूआई कृष्ण मोहन त्रिवेदी ने आश्वस्त किया था कि मुरादाबाद कंट्रोल से उनकी समस्या का हल कराया जाएगा किंतु आज तक समस्या जस की तस बनी है जिससे ग्रामीण परेशान है, ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि शीघ्र उनकी समस्या का समाधान न किया गया तो वे बड़े पैमाने पर धरना प्रदर्शन और आंदोलन करेंगे।
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सीतापुर से शाहजहांपुर तक जाने वाली बड़ी लाइन पर उचौलिया के पास हरिहरपुर और बंजरिया जाने के लिए मानव रहित रेलवे क्रॉसिंग है जिसे जनवरी में रेलवे अधिकारियों ने खाई खोदवाकर बंद कर दिया था। इन गांवों को जाने के लिए और कोई रास्ता न होने के कारण ग्रामीणों सोमवार को तीसरी बार विरोध करते हुए ट्रैक पर बैठ गए, इस पर एहतियातन तीन मालगाड़ियां आउटर पर पर ही रोक ली गईं। स्टेशन मास्टर ने आरपीएफ शाहजहांपुर और कंट्रोल मुरादाबाद को इसकी जानकारी दी। आरपीएफ के उपनिरीक्षक शंभूराम ने नाराज लोगों को समझाने का प्रयास कर मुरादाबाद शिकायत भेजने को कहा। कुछ देर तीनों मालगाड़ियां अपने गंतव्य को चली गईं।
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पूर्व प्रधान राममूर्ति के नेतृत्व में आए गुड्डू खां, इसरार, मदनलाल, महेंद्र और महेंद्रपाल आदि का कहना है कि 27 फरवरी को वे हाइवे जाम कर चुके हैं। आठ मार्च को पुन: विरोध प्रदर्शन करने पर रेलवे के पीडब्ल्यूआई कृष्ण मोहन त्रिवेदी ने आश्वस्त किया था कि मुरादाबाद कंट्रोल से उनकी समस्या का हल कराया जाएगा किंतु आज तक समस्या जस की तस बनी है जिससे ग्रामीण परेशान है, ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि शीघ्र उनकी समस्या का समाधान न किया गया तो वे बड़े पैमाने पर धरना प्रदर्शन और आंदोलन करेंगे।
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