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Lakhimpur Kheri News: नाबालिग से दुष्कर्म के दोषी को 20 साल की कैद
Fri, 29 May 2026 11:19 PM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
Updated Fri, 29 May 2026 11:19 PM IST
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लखीमपुर। नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में एडीजे विष्णु देव सिंह की अदालत ने आरोपी को दोषी करार देते हुए 20 वर्ष के कठोर कारावास और 10 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। अदालत ने पीड़िता को प्रतिकर योजना के तहत मुआवजा देने के भी निर्देश दिए हैं।
विशेष लोक अभियोजक बृजेश पांडे ने बताया कि धौरहरा थाना क्षेत्र के एक गांव की 12 वर्षीय बालिका 21 अप्रैल, 2024 की शाम घर के पीछे खेत में शौच के लिए गई थी। आरोप है कि ग्राम कटईला पुरवा मजरा देवीपूर्वा निवासी संतोष यादव उसे झाड़ियों में ले गया और दुष्कर्म किया। इसके बाद जान से मारने की धमकी दी।
मामले की विवेचना के दौरान धौरहरा पुलिस ने डीएनए सैंपल का मिलान कराया। मेडिकल रिपोर्ट में भी यौन उत्पीड़न की पुष्टि होने की बात अभियोजन पक्ष ने अदालत में रखी।
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सुनवाई के दौरान पीड़िता के अलावा कमलेश, रामरानी, डॉक्टर श्वेता अवस्थी, केदारनाथ शुक्ल, इंस्पेक्टर गंगा प्रसाद यादव और प्रधानाध्यापक अरविंद शुक्ला के बयान भी दर्ज किए गए। शुक्रवार को अदालत ने आरोपी संतोष यादव को दोष सिद्ध पाते हुए 20 वर्ष के कठोर कारावास और 10 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। साथ ही डीएम को आदेश की प्रति भेजकर पीड़िता को प्रतिकर योजना के तहत मुआवजा दिलाने के निर्देश दिए।
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विशेष लोक अभियोजक बृजेश पांडे ने बताया कि धौरहरा थाना क्षेत्र के एक गांव की 12 वर्षीय बालिका 21 अप्रैल, 2024 की शाम घर के पीछे खेत में शौच के लिए गई थी। आरोप है कि ग्राम कटईला पुरवा मजरा देवीपूर्वा निवासी संतोष यादव उसे झाड़ियों में ले गया और दुष्कर्म किया। इसके बाद जान से मारने की धमकी दी।
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मामले की विवेचना के दौरान धौरहरा पुलिस ने डीएनए सैंपल का मिलान कराया। मेडिकल रिपोर्ट में भी यौन उत्पीड़न की पुष्टि होने की बात अभियोजन पक्ष ने अदालत में रखी।
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सुनवाई के दौरान पीड़िता के अलावा कमलेश, रामरानी, डॉक्टर श्वेता अवस्थी, केदारनाथ शुक्ल, इंस्पेक्टर गंगा प्रसाद यादव और प्रधानाध्यापक अरविंद शुक्ला के बयान भी दर्ज किए गए। शुक्रवार को अदालत ने आरोपी संतोष यादव को दोष सिद्ध पाते हुए 20 वर्ष के कठोर कारावास और 10 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। साथ ही डीएम को आदेश की प्रति भेजकर पीड़िता को प्रतिकर योजना के तहत मुआवजा दिलाने के निर्देश दिए।