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लखीमपुर डिवीजन के 36 गांवों की बिजली काटी
ब्यूरो लखीमपुर खीरी।
Updated Sun, 10 Apr 2016 10:53 PM IST
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- फोटो : अमर उजाला
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50 लाख रुपये से ज्यादा बकाया होने पर हुई कार्रवाई
छूट योजना के बावजूद 20 प्रतिशत से कम जमा हुआ
एकमुश्त समाधान योजना के तहत ब्याज दर में सौ फीसदी की छूट के बावजूद बकाया जमा करने में फिसड्डी रहने वाले 36 गांवों की बिजली सप्लाई काट दी गई है। इनमें निघासन और तिकुनियां क्षेत्र के 15-15 गांव शामिल हैं। बिजली विभाग के मुताबिक इन गांवों पर 50 लाख रुपये से ज्यादा का बकाया है। एक गांव पर दो लाख से लेकर आठ लाख रुपये तक बकाया है। राजस्व वसूली की समीक्षा के बाद मुख्य अभियंता आशुतोष कुमार के निर्देश पर 20 प्रतिशत से कम बकाया जमा होने पर बिजली सप्लाई काटने की कार्रवाई की गई है। अब इन गांवों से 50 से 60 प्रतिशत बिल जमा होने के बाद ही बिजली की सप्लाई जोड़ी जाएगी।
अधिशाषी अभियंता रजनीकांत मिश्रा ने बताया कि 11 फरवरी से लेकर 31 मार्च तक एकमुश्त समाधान योजना के तहत उपभोक्ताओं को ब्याज में सौ फीसदी की छूट दी गई थी। जिन गांवों के उपभोक्ताओं पर बिजली बिलों का बकाया था, उन्हें नोटिस जारी किया गया था। साथ ही प्रधानों से भी बकाया जमा करवाने के लिए कहा गया था। लेकिन जब तक योजना चली तब तक इन गांवों से बीस प्रतिशत बिजली बिल भी नहीं जमा हो पाया। जेई अजय कुशवाहा ने बताया कि निघासन उपकेंद्र से जुड़े गांव अदलाबाद, बरौठा, छेदुई पतिया, नौबना, बल्लीपुर कलां, रामपुर, दौलतापुर, चौधरीपुरवा सहित पंद्रह गांवों की बिजली काटी गई है। इसी तरह तिकुनियां उपकेंद्र से जुड़े सहनखेड़ा, मथुरापुरवा, उमरा, बरहेती, निबुरिया पश्चिम, निबौरिया पोखरी, सिंघौना, सूरतनगर, ढांगा, करिया सहित पंद्रह गांवों की बिजली काटी गई है। वहीं बसैगापुर, कैमहरा, बेहजम, मितौली और धौरहरा उपकेंद्र से जुड़े कई गांवों की बिजली काट दी गई है।
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तेज हवा में एहतियातन बिजली काटने के निर्देश
अधिशाषी अभियंता ने बताया कि इस समय खेतों में गेहूं की फसल तैयार खड़ी है। तेज हवा से हाईटेंशन लाइनों के टूटने का डर रहता है। इसलिए बिजली कर्मियों को निर्देश दिया गया है कि तेज हवा होने पर उपकेंद्र से फीडरों की बिजली सप्लाई कुछ घंटों के लिए काट दी जाए, ताकि बिजली की वजह से नुकसान न होने पाए।
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