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नहीं मिले जवाहरबाग कांड में लापता 11 लोग
अमर उजाला ब्यूरो-बांकेगंज।
Updated Sun, 12 Jun 2016 11:26 PM IST
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जवाहरबाग्
- फोटो : अमर उजाला
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एक बालक फिरोजाबाद बाल सुधार ग्रह में मिला, दस लापता
फिरोजाबाद प्रशासन बोला, बालक की तस्दीक करा कर लाएं
अपनों की तलाश में दर-दर ठोकरे खा रहे परिवारीजन
इलाके के हरदुआ गांव से एक माह पहले मथुरा के जवाहरबाग गए 11 लोगों में से एक बालक का पता लगा है। मथुरा के जवाहरबाग कांड के बाद दो परिवारों के 11 लोग लापता थे उनका मोबाइल बंद मिल रहा था। 4 वयस्क, 3 महिलाएं, एक युवती, दो बालक और एक बालिका में से नौ वर्षीय एक बालक फिरोजाबाद बाल सुधार गृह में मिला है। प्रशासन ने खीरी पुलिस से तस्दीक कराकर वापस ले जाने के लिए कहा है। अब बालक का चाचा तस्दीक कराने के लिए थाना मैलानी पहुंचा है।
निकटवर्ती हरदुआ गांव से दो सगे भाई क्रमश: 35 वर्षीय रामकिशन, 30 वर्षीय बिंदरपाल पुत्र मनोहर लाल अपने ही परिवार के साथ पत्नियां क्रमश: 30 वर्षीय सदावती, 29 वर्षीय पिंकी देवी, 65 वर्षीय मां रूपरानी, नौ वर्षीय पुत्र शिवम, 20 एवं आठ वर्षीय पुत्र विपिन कुमार, नीतेश (18) और 8 वर्षीय पुत्रियां पंखुड़ी एवं दामिनी देवी के साथ एक माह पहले मथुरा के जवाहरबाग में होने वाले जय गुरुदेव सत्संग में हिस्सा लेने गए थे। इस बीच उनकी परिवारवालों से बराबर बातचीत होती रहती थी, लेकिन जवाहरबाग कांड के बाद परिवार के साथ उनका संबंध टूट गया। उनका मोबाइल भी स्विचऑफ मिलने लगा। किसी अनहोनी की आशंका के चलते परिवार वाले परेशान हुए। एक सप्ताह पहले लापता परिवार का पता लगाने सगा भाई दुर्गेश मथुरा पहुंचा। जहां मथुरा प्रशासन ने लापता लोगों की पहचान के लिए अस्पतालों, नारी निकेतन और बाल सुधार गृह में जाने की बात कहकर अपनी जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ लिया। मथुरा बाल सुधार गृह में लापता बच्चों का पता लगाने पहुंचे दुर्गेश को बच्चे वहां नहीं मिले। बाल सुधार गृह कर्मचारियों ने बच्चों की तलाश के लिए फिरोजाबाद बाल सुधार गृह भेज दिया। जहां मौजूद नौ वर्षीय भतीजा शिवम चाचा को देखते ही फफक कर रो पड़ा। भतीजे को घर लाने के लिए दुर्गेश ने अधिकारियों से बात की, जहां बाल कल्याण समिति अध्यक्ष ने उसकी तस्दीक के लिए दुर्गेश को फार्म थमा दिया। भतीजे की तस्दीक और अपनों की तलाश में भाई दुर्गेश मथुरा से लेकर थाने और अधिकारियों की चौखट पर ठोकरें खा रहा है, लेकिन फिरोजाबाद बाल सुधार गृह में भतीजे शिवम के अलावा अन्य किसी परिवारीजन का कही कोई पता नहीं लग रहा है। इसको लेकर परिवारीजन बेहद परेशान है। परिवारीजनों ने मथुरा कांड के बाद शासन-प्रशासन से लापता हुए परिवार के पता लगाने की गुहार लगाई है।
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फिरोजाबाद प्रशासन बोला, बालक की तस्दीक करा कर लाएं
अपनों की तलाश में दर-दर ठोकरे खा रहे परिवारीजन
इलाके के हरदुआ गांव से एक माह पहले मथुरा के जवाहरबाग गए 11 लोगों में से एक बालक का पता लगा है। मथुरा के जवाहरबाग कांड के बाद दो परिवारों के 11 लोग लापता थे उनका मोबाइल बंद मिल रहा था। 4 वयस्क, 3 महिलाएं, एक युवती, दो बालक और एक बालिका में से नौ वर्षीय एक बालक फिरोजाबाद बाल सुधार गृह में मिला है। प्रशासन ने खीरी पुलिस से तस्दीक कराकर वापस ले जाने के लिए कहा है। अब बालक का चाचा तस्दीक कराने के लिए थाना मैलानी पहुंचा है।
निकटवर्ती हरदुआ गांव से दो सगे भाई क्रमश: 35 वर्षीय रामकिशन, 30 वर्षीय बिंदरपाल पुत्र मनोहर लाल अपने ही परिवार के साथ पत्नियां क्रमश: 30 वर्षीय सदावती, 29 वर्षीय पिंकी देवी, 65 वर्षीय मां रूपरानी, नौ वर्षीय पुत्र शिवम, 20 एवं आठ वर्षीय पुत्र विपिन कुमार, नीतेश (18) और 8 वर्षीय पुत्रियां पंखुड़ी एवं दामिनी देवी के साथ एक माह पहले मथुरा के जवाहरबाग में होने वाले जय गुरुदेव सत्संग में हिस्सा लेने गए थे। इस बीच उनकी परिवारवालों से बराबर बातचीत होती रहती थी, लेकिन जवाहरबाग कांड के बाद परिवार के साथ उनका संबंध टूट गया। उनका मोबाइल भी स्विचऑफ मिलने लगा। किसी अनहोनी की आशंका के चलते परिवार वाले परेशान हुए। एक सप्ताह पहले लापता परिवार का पता लगाने सगा भाई दुर्गेश मथुरा पहुंचा। जहां मथुरा प्रशासन ने लापता लोगों की पहचान के लिए अस्पतालों, नारी निकेतन और बाल सुधार गृह में जाने की बात कहकर अपनी जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ लिया। मथुरा बाल सुधार गृह में लापता बच्चों का पता लगाने पहुंचे दुर्गेश को बच्चे वहां नहीं मिले। बाल सुधार गृह कर्मचारियों ने बच्चों की तलाश के लिए फिरोजाबाद बाल सुधार गृह भेज दिया। जहां मौजूद नौ वर्षीय भतीजा शिवम चाचा को देखते ही फफक कर रो पड़ा। भतीजे को घर लाने के लिए दुर्गेश ने अधिकारियों से बात की, जहां बाल कल्याण समिति अध्यक्ष ने उसकी तस्दीक के लिए दुर्गेश को फार्म थमा दिया। भतीजे की तस्दीक और अपनों की तलाश में भाई दुर्गेश मथुरा से लेकर थाने और अधिकारियों की चौखट पर ठोकरें खा रहा है, लेकिन फिरोजाबाद बाल सुधार गृह में भतीजे शिवम के अलावा अन्य किसी परिवारीजन का कही कोई पता नहीं लग रहा है। इसको लेकर परिवारीजन बेहद परेशान है। परिवारीजनों ने मथुरा कांड के बाद शासन-प्रशासन से लापता हुए परिवार के पता लगाने की गुहार लगाई है।
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