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उधार के रुपये मांगना किसान को पड़ा महंगा
मझगई
Updated Thu, 08 Jan 2015 06:08 PM IST
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क्षेत्रीय गांव चौरीकलां में उधार का रुपया मांगना एक किसान को महंगा पड़ गया। पैसे के बदले उसे गांव से भगाने और घर जलाने की धमकी मिली है। किसान ने पुलिस को प्रार्थना पत्र देकर रुपया दिलाने और जान बचाने की मांग की है।
चौकी क्षेत्र के गांव चौरी कलां निवासी किसान नंदकिशोर ने कोतवाल को दिए प्रार्थना पत्र में अपने पड़ोसी शिवकुमार पुत्र सोहनलाल पर आरोप लगाया है कि उसने अपना 32 डिसमिल खेत 2 लाख 60 हजार रुपयों में शिवकुमार के हाथ बेचा था उसने खेत दूसरे के हाथ बेच कर बैनामा कराकर 2 लाख 42 हजार रुपये दे दिए थे। 18 हजार रुपये बाकी रह गया था। जब वह बकाया रुपये मांगने उसके घर गया तो उसे गालियां दीं और दोबारा पैसा मांगने आने पर गांव से भगाने और घर जला देने की धमकी दी गई है।
किसान ने कोतवाल से बकाया पैसा दिलाने के साथ न्याय की फरियाद की है। उधर आरोपी शिवकुमार ने बताया कि पहली बात तो जमीन हमने खरीदी नहीं है। जमीन मुर्गहा के नेकीराम ने खरीदी है और उसने सभी रुपये भी दे दिए हैं कोई बकाया नहीं है। गांव से भगाने और घर जला देने की बात भी गलत है।
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चौकी क्षेत्र के गांव चौरी कलां निवासी किसान नंदकिशोर ने कोतवाल को दिए प्रार्थना पत्र में अपने पड़ोसी शिवकुमार पुत्र सोहनलाल पर आरोप लगाया है कि उसने अपना 32 डिसमिल खेत 2 लाख 60 हजार रुपयों में शिवकुमार के हाथ बेचा था उसने खेत दूसरे के हाथ बेच कर बैनामा कराकर 2 लाख 42 हजार रुपये दे दिए थे। 18 हजार रुपये बाकी रह गया था। जब वह बकाया रुपये मांगने उसके घर गया तो उसे गालियां दीं और दोबारा पैसा मांगने आने पर गांव से भगाने और घर जला देने की धमकी दी गई है।
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किसान ने कोतवाल से बकाया पैसा दिलाने के साथ न्याय की फरियाद की है। उधर आरोपी शिवकुमार ने बताया कि पहली बात तो जमीन हमने खरीदी नहीं है। जमीन मुर्गहा के नेकीराम ने खरीदी है और उसने सभी रुपये भी दे दिए हैं कोई बकाया नहीं है। गांव से भगाने और घर जला देने की बात भी गलत है।
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