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पिकअप से सात पशु बरामद, आरोपी फरार
गोला गोकर्णनाथ।
Updated Fri, 24 Jun 2016 10:57 PM IST
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animals
- फोटो : amar ujala
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पुलिस ने पिकअप में लादकर वध को ले जाए जा रहे सात गोवंशीय पशुओं को बरामद किया है, जबकि आरोपी फरार हो गए।
कोतवाल एसएन द्विवेदी ने बताया कि मुखबिर से सूचना मिली कि कुछ लोग पिकअप में गोवंशीय पशुओं को लादकर भुड़वारा वध के लिए लेकर जा रहे हैं। इस पर उपनिरीक्षक संजीव दुबे, आरक्षी रोविन, मोहम्मद हनीफ ने अलीगंज चौकी इंचार्ज शंखधर भट्ट को बुलाकर बक्खारी नहर पुल पर पहुंचकर गाड़ाबंदी कर दी और पिकअप का इंतजार करने लगे। थोड़ी देर में पिकअप बिझौली नहर की ओर से आती दिखाई दी। पुलिस कर्मियों ने पिकअप रोकने का प्रयास किया तो चालक ने गाड़ी उनके ऊपर चढ़ाने का प्रयास किया। पुलिस ने पीछा कर जमुनाबाद फार्म के निकट पिकअप को घेर लिया जबकि आरोपी जंगल की ओर भागने में सफल रहे। पिकअप में छह बछड़ा और एक गाय थी, जिन्हें वाहन से उतारकर नहर का पानी पिलाकर ग्रामीणों ओमप्रकाश, सत्यपाल, जयगुरुदेव के सुपुर्द कर दिया गया। पुलिस ने पिकअप को कब्जे में लेकर आरोपियों पर प्राणघातक हमला, गोवध निवारण अधिनियम, पशु क्रूरता अधिनियम के तहत रिपोर्ट दर्ज कर उनकी तलाश शुरू कर दी है।
पुलिस की लापरवाही से नहीं मिलते तस्कर
ग्रामीणों के अनुसार पुलिस को सूचना देने के दो घंटे तक मौके पर न पहुंचने से पशु तस्कर ग्रामीणों को चकमा देकर फरार हो गए। ग्रामीणों का आरोप है कि पुलिस, पशु तस्करों से साठगांठ होने के कारण जानबूझ कर देर से पहुंचती है, जो मौका देकर आरोपियों को फरार होने में मदद करती है।
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कोतवाल एसएन द्विवेदी ने बताया कि मुखबिर से सूचना मिली कि कुछ लोग पिकअप में गोवंशीय पशुओं को लादकर भुड़वारा वध के लिए लेकर जा रहे हैं। इस पर उपनिरीक्षक संजीव दुबे, आरक्षी रोविन, मोहम्मद हनीफ ने अलीगंज चौकी इंचार्ज शंखधर भट्ट को बुलाकर बक्खारी नहर पुल पर पहुंचकर गाड़ाबंदी कर दी और पिकअप का इंतजार करने लगे। थोड़ी देर में पिकअप बिझौली नहर की ओर से आती दिखाई दी। पुलिस कर्मियों ने पिकअप रोकने का प्रयास किया तो चालक ने गाड़ी उनके ऊपर चढ़ाने का प्रयास किया। पुलिस ने पीछा कर जमुनाबाद फार्म के निकट पिकअप को घेर लिया जबकि आरोपी जंगल की ओर भागने में सफल रहे। पिकअप में छह बछड़ा और एक गाय थी, जिन्हें वाहन से उतारकर नहर का पानी पिलाकर ग्रामीणों ओमप्रकाश, सत्यपाल, जयगुरुदेव के सुपुर्द कर दिया गया। पुलिस ने पिकअप को कब्जे में लेकर आरोपियों पर प्राणघातक हमला, गोवध निवारण अधिनियम, पशु क्रूरता अधिनियम के तहत रिपोर्ट दर्ज कर उनकी तलाश शुरू कर दी है।
पुलिस की लापरवाही से नहीं मिलते तस्कर
ग्रामीणों के अनुसार पुलिस को सूचना देने के दो घंटे तक मौके पर न पहुंचने से पशु तस्कर ग्रामीणों को चकमा देकर फरार हो गए। ग्रामीणों का आरोप है कि पुलिस, पशु तस्करों से साठगांठ होने के कारण जानबूझ कर देर से पहुंचती है, जो मौका देकर आरोपियों को फरार होने में मदद करती है।
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