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...और नवें दिन हत्या में तरमीम हो गई गुमशुदगी
गोला गोकर्णनाथ
Updated Fri, 03 Apr 2015 06:54 PM IST
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लापता ग्रामीण की क्षत-विक्षत लाश मिलने के मामले में पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हत्या की पुष्टि होने के नौ दिन बाद गोला पुलिस ने गुमशुदगी को हत्या की धाराओं में तरमीम कर दिया। कोतवाल गोला एके उपाध्याय ने विवेचना में तेजी लाकर जल्द घटना के खुलासे की बात कही है।
‘अमर उजाला’ ने तीन अप्रैल को गोला पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए ‘नौ दिन और तीन वारदातें पर जांच में गोला पुलिस पीछे’ शीर्षक से खबर प्रकाशित की थी। खबर में लाल्हापुर गांव निवासी अनिल कुमार शर्मा के 22 मार्च को घर से बाइक समेत निकलने के बाद लापता होने और 25 मार्च को चीनी मिल के पीछे जंगल में क्षत-विक्षत लाश मिलने के मामले में दर्ज गुमशुदगी को आठ दिन बाद भी हत्या में तरमीम न किए जाने का मामला उठाया था। गंभीर बात यह थी कि शव का पोस्टमार्टम 26 मार्च को हुआ था और पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हत्या की पुष्टि हो रही थी। खबर प्रकाशित होने के बाद पुलिस ने गुमशुदगी की रिपोर्ट को हत्या में तरमीम कर दिया है। पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ धारा 302, 201 में हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर गोला चौकी इंचार्ज इंस्पेक्टर एसएन द्विवेदी को जांच सौंप दी है।
हत्या और आत्महत्या मामले में भी दबिश देने का दावा
लखनऊ के बिजली विभाग के ठेकेदार की गोली मारकर हत्या और नौतला भवानीगंज निवासी गुड्डू के पुलिस प्रताड़ना में आत्महत्या कर लेने के मामले में भी पुलिस ने दबिश देने का दावा किया है। मालूम हो कि पीलीभीत-बस्ती मार्ग पर लखनऊ निवासी बिजली विभाग के ठेकेदार सचेंद्र सिंह की 28/29 मार्च की देर शाम गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। पांच दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस कोई सुराग नहीं लगा पाई। उधर 30/31 मार्च की रात भवानीगंज निवासी गुड्डू के फांसी लगा लेने के मामले मेें सिपाही एके सिंह और उसके दो साथियों पर उसे आत्महत्या के लिए प्रेरित करने का मामला दर्ज है। दोनों घटनाओं में खुलासे की बाबत कोतवाल गोला कहते हैं दबिश दी जा रहीं हैं। जल्द ही आरोपी पुलिस गिरफ्त में होंगे।
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‘अमर उजाला’ ने तीन अप्रैल को गोला पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए ‘नौ दिन और तीन वारदातें पर जांच में गोला पुलिस पीछे’ शीर्षक से खबर प्रकाशित की थी। खबर में लाल्हापुर गांव निवासी अनिल कुमार शर्मा के 22 मार्च को घर से बाइक समेत निकलने के बाद लापता होने और 25 मार्च को चीनी मिल के पीछे जंगल में क्षत-विक्षत लाश मिलने के मामले में दर्ज गुमशुदगी को आठ दिन बाद भी हत्या में तरमीम न किए जाने का मामला उठाया था। गंभीर बात यह थी कि शव का पोस्टमार्टम 26 मार्च को हुआ था और पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हत्या की पुष्टि हो रही थी। खबर प्रकाशित होने के बाद पुलिस ने गुमशुदगी की रिपोर्ट को हत्या में तरमीम कर दिया है। पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ धारा 302, 201 में हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर गोला चौकी इंचार्ज इंस्पेक्टर एसएन द्विवेदी को जांच सौंप दी है।
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हत्या और आत्महत्या मामले में भी दबिश देने का दावा
लखनऊ के बिजली विभाग के ठेकेदार की गोली मारकर हत्या और नौतला भवानीगंज निवासी गुड्डू के पुलिस प्रताड़ना में आत्महत्या कर लेने के मामले में भी पुलिस ने दबिश देने का दावा किया है। मालूम हो कि पीलीभीत-बस्ती मार्ग पर लखनऊ निवासी बिजली विभाग के ठेकेदार सचेंद्र सिंह की 28/29 मार्च की देर शाम गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। पांच दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस कोई सुराग नहीं लगा पाई। उधर 30/31 मार्च की रात भवानीगंज निवासी गुड्डू के फांसी लगा लेने के मामले मेें सिपाही एके सिंह और उसके दो साथियों पर उसे आत्महत्या के लिए प्रेरित करने का मामला दर्ज है। दोनों घटनाओं में खुलासे की बाबत कोतवाल गोला कहते हैं दबिश दी जा रहीं हैं। जल्द ही आरोपी पुलिस गिरफ्त में होंगे।
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