{"_id":"589090534f1c1bc24ee8017a","slug":"lkdktton-took-money-police-brought-timber-lift","type":"story","status":"publish","title_hn":"लकड़कट्टों से लिया पैसा, लकड़ी उठा लाई पुलिस","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
लकड़कट्टों से लिया पैसा, लकड़ी उठा लाई पुलिस
अमर उजाला ब्यूरो पलियाकलां।
Updated Tue, 31 Jan 2017 10:46 PM IST
विज्ञापन
पेड़ों का कटान
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
- ग्रामीणों ने लगाया आरोप, पूरनपुरवा गांव का है मामला
जंगल के हरे-भरे और कीमती पेड़ों का कटान ठेकेदारों द्वारा लगातार कराया जा रहा है। इसको रोक पाने में वन विभाग के साथ पुलिस भी नाकाम साबित हो रही है। इसका उदाहरण है कि पलिया पुलिस द्वारा लकड़ी के बोटे पकड़कर लाए गए हैं। जबकि ग्रामीणों के अनुसार पुलिस ने लकड़कट्टों से पैसा लेकर उनको तो छोड़ दिया, लेकिन लकड़ी उठा ले गए। यह मामला शहर में चर्चा का विषय बना रहा।
मामला ग्राम पूरनपुरवा का है। मंगलवार सुबह पुलिस ने सूचना मिलने के बाद पूरनपुरवा गांव में छापा मारा। दरोगा आरएस तिवारी ने बताया कि एक खेत से आम और शीशम के बोटे बरामद किए गए, मौके पर कोई नहीं मिला। मुकदमा दर्ज कर जांच की जा रही है, जल्द ही अभियुक्तों को पकड़ा जाएगा। जबकि गांव के लोगों ने बताया कि यह लकड़ी दिन में काटी गई है तथा पुलिस आई थी, लेकिन लकड़कट्टों को ले-देकर छोड़ने के बाद बोटे साथ लेकर चली गई। दरोगा बोटों की वास्तविक संख्या भी नहीं बता पाए।
विज्ञापन
जंगल के हरे-भरे और कीमती पेड़ों का कटान ठेकेदारों द्वारा लगातार कराया जा रहा है। इसको रोक पाने में वन विभाग के साथ पुलिस भी नाकाम साबित हो रही है। इसका उदाहरण है कि पलिया पुलिस द्वारा लकड़ी के बोटे पकड़कर लाए गए हैं। जबकि ग्रामीणों के अनुसार पुलिस ने लकड़कट्टों से पैसा लेकर उनको तो छोड़ दिया, लेकिन लकड़ी उठा ले गए। यह मामला शहर में चर्चा का विषय बना रहा।
मामला ग्राम पूरनपुरवा का है। मंगलवार सुबह पुलिस ने सूचना मिलने के बाद पूरनपुरवा गांव में छापा मारा। दरोगा आरएस तिवारी ने बताया कि एक खेत से आम और शीशम के बोटे बरामद किए गए, मौके पर कोई नहीं मिला। मुकदमा दर्ज कर जांच की जा रही है, जल्द ही अभियुक्तों को पकड़ा जाएगा। जबकि गांव के लोगों ने बताया कि यह लकड़ी दिन में काटी गई है तथा पुलिस आई थी, लेकिन लकड़कट्टों को ले-देकर छोड़ने के बाद बोटे साथ लेकर चली गई। दरोगा बोटों की वास्तविक संख्या भी नहीं बता पाए।
विज्ञापन