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दो पक्षों में विवाद के बाद फायरिंग, मारपीट
अमर उजाला ब्यूरो बेहजम।
Updated Mon, 01 May 2017 11:18 PM IST
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मारपीट
- फोटो : डेमो पिक
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- दोनों पक्षों के डेढ़ दर्जन घायल, क्रास रिपोर्ट दर्ज
थाना नीमगांव क्षेत्र के बसारा गांव में पारिवारिक विवाद के चलते दो पक्ष आमने-सामने आ गए। दोनों पक्षों में लाठी-डंडे से मारपीट हुई और इस दौरान फायरिंग भी की गई। दोनों पक्ष से डेढ़ दर्जन लोग घायल हो गए, जिसमें एक को गोली भी लगी है। सूचना पाकर पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को मेडिकल परीक्षण के लिए जिला अस्पताल भेजा।
रामकृष्ण पक्ष ने बताया कि सतेंद्र वर्मा ने चार दिन पहले रंजिश के चलते अपने चाचा रामकृष्ण के छप्पर में आग लगा दी थी, जिसकी सूचना पुलिस चौकी बेहजम को दी गई थी। आरोप है कि पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। रविवार की रात को रामकृष्ण अपने खेत में गेहूं की खंदाई करा रहे थे। इसी बीच सतेंद्र वर्मा आठ-दस लोगों के साथ ट्रैक्टर-ट्रॉली लेकर खेत पर जा धमका और गेहूं को ट्रॉली में भरने लगा। रामकृष्ण के मना करने पर आरोपी गाली-गलौज करने लगे, जिससे दोनों पक्षों में मारपीट हो गई। रामकृष्ण का आरोप है उसने यूपी 100 पर सूचना दी, जिसके बाद मौके पर पहुंची पुलिस को देखकर सतेंद्र वर्मा की ओर से फायरिंग की गई। जो उनके पुत्र छोटू के हाथ में लगी। दूसरे पक्ष के सतेंद्र वर्मा ने आरोप लगाया है कि कुछ दिन पहले उनकी फसल को रामकृष्ण पक्ष ने जला दिया था, जिसका मुआवजा देने की बात रामकृष्ण ने कही थी। रामकृष्ण ने नीमगांव पुलिस को तहरीर देते हुए सतेंद्र वर्मा, रविंद्र, धनीराम, राहुल, रजनीश, लवकुश, अमित को नामजद किया है। दूसरी तरफ सतेंद्र वर्मा की तहरीर पर दूसरे पक्ष के रामकृष्ण, भानू प्रताप, संजय, कीर्ति प्रसाद, शिवमोहन को नामजद किया है।
फसल जलने को लेकर दोनों पक्षों के बीच झगड़ा हुआ है। दोनों तरफ से तहरीर लेकर मुकदमा दर्ज किया गया है।
डीके सिंह, एसओ नीमगांव
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थाना नीमगांव क्षेत्र के बसारा गांव में पारिवारिक विवाद के चलते दो पक्ष आमने-सामने आ गए। दोनों पक्षों में लाठी-डंडे से मारपीट हुई और इस दौरान फायरिंग भी की गई। दोनों पक्ष से डेढ़ दर्जन लोग घायल हो गए, जिसमें एक को गोली भी लगी है। सूचना पाकर पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को मेडिकल परीक्षण के लिए जिला अस्पताल भेजा।
रामकृष्ण पक्ष ने बताया कि सतेंद्र वर्मा ने चार दिन पहले रंजिश के चलते अपने चाचा रामकृष्ण के छप्पर में आग लगा दी थी, जिसकी सूचना पुलिस चौकी बेहजम को दी गई थी। आरोप है कि पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। रविवार की रात को रामकृष्ण अपने खेत में गेहूं की खंदाई करा रहे थे। इसी बीच सतेंद्र वर्मा आठ-दस लोगों के साथ ट्रैक्टर-ट्रॉली लेकर खेत पर जा धमका और गेहूं को ट्रॉली में भरने लगा। रामकृष्ण के मना करने पर आरोपी गाली-गलौज करने लगे, जिससे दोनों पक्षों में मारपीट हो गई। रामकृष्ण का आरोप है उसने यूपी 100 पर सूचना दी, जिसके बाद मौके पर पहुंची पुलिस को देखकर सतेंद्र वर्मा की ओर से फायरिंग की गई। जो उनके पुत्र छोटू के हाथ में लगी। दूसरे पक्ष के सतेंद्र वर्मा ने आरोप लगाया है कि कुछ दिन पहले उनकी फसल को रामकृष्ण पक्ष ने जला दिया था, जिसका मुआवजा देने की बात रामकृष्ण ने कही थी। रामकृष्ण ने नीमगांव पुलिस को तहरीर देते हुए सतेंद्र वर्मा, रविंद्र, धनीराम, राहुल, रजनीश, लवकुश, अमित को नामजद किया है। दूसरी तरफ सतेंद्र वर्मा की तहरीर पर दूसरे पक्ष के रामकृष्ण, भानू प्रताप, संजय, कीर्ति प्रसाद, शिवमोहन को नामजद किया है।
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फसल जलने को लेकर दोनों पक्षों के बीच झगड़ा हुआ है। दोनों तरफ से तहरीर लेकर मुकदमा दर्ज किया गया है।
डीके सिंह, एसओ नीमगांव