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घर का मामूली झगड़ा, बर्बाद हो गईं दो गृहस्थियां

Tue, 21 Nov 2017 10:50 PM IST
Updated Tue, 21 Nov 2017 10:50 PM IST
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घर का मामूली झगड़ा, बर्बाद हो गईं दो गृहस्थियां
लखीमपुर खीरी/गोला गोकर्णनाथ। मामूली से घर के विवाद और जेठ के बेकाबू गुस्से ने एक ही परिवार की दो गृहस्थियां तबाह कर दीं। छोटे भाई की पत्नी की हत्या कर उसके बच्चों को अनाथ कर दिया तो खुद जेल जाने का रास्ता साफ कर अपने परिवार को सड़क पर लाकर खड़ा कर दिया है। घटना के बाद गांव के लोग यही कह रहे हैं कि आधा किलो का बाट दो परिवारों को उजाड़ गया।
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कोतवाली गोला गोकर्णनाथ के कस्बा अलीगंज के गांव मजरा निवासी सियाराम के तीन पुत्र हैं। इनमें सबसे छोटा मोहन है। अभी परिवार में कोई बंटवारा नहीं हुआ है। सभी लोग एक ही मकान में संयुक्त रूप से हंसी खुशी रहते थे। हां, इतना जरूर था कि तीनों भाइयों का खाना अलग-अलग बनता था। पांच दिन पहले पुलिया पर पड़ा मिला तराजू का आधा किलो का बाट दो गृहस्थियों को बर्बाद करने का कारण बन गया।
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बाट को लेकर मोहन की पत्नी छोटी और उसकी जेठानी ऊषा के बीच हुआ विवाद मंगलवार को छोटी की जान ले बैठा। रामगोपाल जब खेत से आकर घर के बाहर खूंटा गाड़ने लगा तो फिर से शुरू हुए विवाद में वह अपने गुस्से पर काबू नहीं रख सका और बहू पर बेलचा से प्रहार कर हत्या कर दी।
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तराजू के बाट और जेठ के गुस्से ने अपने ही परिवार की दो गृहस्थियों को बर्बादी के कगार पर लाकर खड़ा कर दिया। इस घटना से जहां मोहन का कुनबा तबाह हो गया, वहीं अब जेठ ने खुद ही जेल जाने का अपना रास्ता साफ कर लिया।

भाइयों में काफी है मेलजोल
तीनों भाइयों में काफी मेलजोल था। संयुक्त परिवार में रहते हुए तीनों का कोई ऐसा विवाद नहीं हुआ जो थाना, चौकी और गांव वालों के बीच पहुंचा हो। घर का विवाद घर में ही सुलझा लेने वाले परिवार में हुई वारदात से लोग हैरान हैं।


दुधमुंहे पुत्र सहित चार बच्चे छोड़ गई छोटी
गोला गोकर्णनाथ। सीएचसी में दहाड़े मारकर रो रहे मोहन ने बताया कि उसकी गृहस्थी बिखर गई है। उसकी पत्नी छोटी आठ वर्षीय पुत्र कृष्ण कुमार, छह वर्षीय आकांक्षा, चार वर्षीय हर्षित सहित दुधमुंहे रचित को छोड़ गई है, उसकी परवरिश कैसे होगी? मोहन को इसकी चिंता सताए जा रही है। सीएचसी पर मौजूद लोग विलख रहे मोहन को ढांढस बंधा रहे थे।
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