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ज्योति रंधावा दो माह से जेल में, नहीं मिली जमानत
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लखीमपुर खीरी। दुधवा टाइगर रिजर्व के कर्तनियाघाट वन्यजीव विहार के मोतीपुर रेंज में शिकार करते पकड़े गए अंतरराष्ट्रीय गोल्फर ज्योति सिंह रंधावा और उसके साथी महेश बिराजदार को अभी तक हाईकोर्ट से जमानत नहीं मिल पाई है। ज्योति रंधावा को 26 दिसंबर 2018 को गिरफ्तार किया गया था। उसके पास से हिरन की खाल और मारा गया जंगली मुर्गा बरामद हुआ था। सेशनकोर्ट से जमानत खारिज होने के बाद उसने हाईकोर्ट में जमानत अर्जी डाली थी। पिछली पेशी 15 फरवरी को थी जिसमें हाईकोर्ट ने उसकी जमानत अर्जी पर सुनवाई नहीं की। साथ ही दुधवा टाइगर रिजर्व प्रशासन को आदेश दिया कि वह अनुपूरक शपथ पत्र दाखिल करे। ज्योति रंधावा और उसका साथी पिछले दो माह से जेल में हैं।
दुधवा टाइगर रिजर्व के फील्ड डायरेक्टर रमेश कुमार पांडेय ने बताया कि ज्योति रंधावा के खिलाफ दुधवा टाइगर रिजर्व ने मजबूत परिस्थितिजन्य सबूत पेश किए हैं। इसमें मुर्गे की पोस्टमार्टम रिपोर्ट और गन की वैलेस्टिक रिपोर्ट प्रमुख है। इन्हीं रिपोर्टों की वजह और डीटीआर की प्रबल पैरवी के कारण ज्योति रंधावा की जमानत नहीं हो पा रही है।
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दुधवा टाइगर रिजर्व के फील्ड डायरेक्टर रमेश कुमार पांडेय ने बताया कि ज्योति रंधावा के खिलाफ दुधवा टाइगर रिजर्व ने मजबूत परिस्थितिजन्य सबूत पेश किए हैं। इसमें मुर्गे की पोस्टमार्टम रिपोर्ट और गन की वैलेस्टिक रिपोर्ट प्रमुख है। इन्हीं रिपोर्टों की वजह और डीटीआर की प्रबल पैरवी के कारण ज्योति रंधावा की जमानत नहीं हो पा रही है।
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