{"_id":"5eb430958ebc3e903a57829c","slug":"corona-lakhimpur-news-bly4051138109","type":"story","status":"publish","title_hn":"महाराष्ट्र से आए प्रवासी मजदूरों को उनकी तहसीलों में किया गया क्वारंटीन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
महाराष्ट्र से आए प्रवासी मजदूरों को उनकी तहसीलों में किया गया क्वारंटीन
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लखीमपुर खीरी। महाराष्ट्र से स्पेशल ट्रेन से गुरुवार को सीतापुर आए 1050 प्रवासी मजदूरों को रोडवेज बसों से लखीमपुर लाया गया। लखीमपुर पहुंचने से पहले जलभवन के पास बसों को रोककर मजदूरों को उनकी तहसीलों के लिए बसों में बैठाकर रवाना किया गया। इसके बाद तहसीलों में बने स्क्रीनिंग कैंपों में 14 दिन तक क्वारंटीन कर दिया गया।
सरकार के आदेश पर महाराष्ट्र में लॉकडाउन के दौरान फंसे मजदूरों के आने पर उन्हें क्वारंटीन करने के लिए डीएम शैलेंद्र कुमार सिंह ने पहले ही तहसील मुख्यालयों पर स्क्रीनिंग कैंप तैयार कराए थे। गुरुवार को प्रत्येक तहसील से तीन-तीन सदस्यीय टीमें सीतापुर से मजदूरों को लाने के लिए भेजी गईं, जिनका नेतृत्व नायब तहसीलदार ज्ञानप्रताप सिंह ने किया। टीमों ने सुबह सीतापुर पहुंचकर प्रवासी कामगारों को रिसीव करके रोडवेज बसों में बैठाया। इसके बाद लखीमपुर के लिए बसों को रवाना किया। सीतापुर रोड पर जलभवन के पास मजदूरों से भरी बसों को रोककर उन्हें तहसीलवार बसों में बैठाकर भेजा गया। इस दौरान डीएम शैलेंद्र कुमार सिंह, एसपी पूनम ने दिशा-निर्देश दिए। स्क्रीनिंग कैंपों में पहुंचने पर मजदूरों को स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। पूर्ण रूप से स्वस्थ होने वाले मजदूरों को अनाज किट देकर उन्हें होम क्वारंटीन किया गया। प्रवासी कामगारों की निगरानी के लिए गठित शहरी व ग्रामीण निगरानी समितियों को निर्देश देते हुए अलर्ट कर दिया गया है। इस दौरान एसडीएम सदर डॉ अरुण कुमार सिंह, तहसीलदार उमाशंकर त्रिपाठी मौजूद रहे।
मितौली स्पेशल ट्रेन से लाए गए मितौली तहसील के 10 मजदूरों का एसडीएम दिग्विजय कुमार सिंह ने स्वास्थ्य परीक्षण करवाते राहत सामग्री देकर होम क्वारंटीन किया। तहसीलदार मितौली अवधेश कुमार भी मौजूद रहे।
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25 मजदूरों में खांसी-बुखार के लक्षण मिले, आईसोलेशन वार्ड भेजा
महेवागंज महाराष्ट्र से लाए गए 250 मजदूरों को कस्बे में नवभारत पब्लिक स्कूल के क्वारंटीन सेंटर में रखा गया है। डॉक्टरों ने मजदूर और उनके परिवार के सभी लोगों की थर्मल स्क्रीनिंग की। जांच में इनमें से कई लोग बुखार और खांसी से पीड़ित मिले। लिहाजा इन लोगों को अन्य मजदूरों से अलग किया गया है। फूलबेहड़ के प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ अमितेश दत्त द्विवेदी ने बताया कि करीब 25 लोगों में बुखार, खांसी और जुकाम के लक्षण मिले हैं। इन्हें आइसोलेशन वार्ड में भेजा गया है।
धौरहरा में महाराष्ट्र से लौटे 100 श्रमिकों को किया क्वारंटीन
एसडीएम एस सुधाकरन और सीओ अभिषेक प्रताप ने पुलिस अभिरक्षा में चार बसों से धौरहरा के 100 श्रमिकों को कस्बे के राजकीय इंटर कॉलेज क्वारंटीन सेंटर पर भेजा। सीएचसी अधीक्षक डॉ सुभाष वर्मा की देखरेख में इन लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण एवं थर्मल स्क्रीनिंग करने के बाद क्वारंटीन किया गया। एसडीएम एस सुधाकरन ने बताया कि अभी दूसरे राज्यों से अभी कुछ और श्रमिक आने वाले हैं।
बाहर से आए छात्र-छात्राएं होम क्वारंटीन
चंदनचौकी क्षेत्र के गैर जनपदों में पढ़ रहे छात्र-छात्राओं को लौटने पर उनका चेकअप करने के बाद उनके स्वस्थ्य मिलने पर घरों पर क्वारंटीन किया गया है। इस संबंध में चंदनचौकी प्रभारी निरीक्षक सियाराम ने थारू गांव का दौरा किया और वहां पर बाहर से आने वाले छात्र-छात्राओं के बाबत पूछताछ की।
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सरकार के आदेश पर महाराष्ट्र में लॉकडाउन के दौरान फंसे मजदूरों के आने पर उन्हें क्वारंटीन करने के लिए डीएम शैलेंद्र कुमार सिंह ने पहले ही तहसील मुख्यालयों पर स्क्रीनिंग कैंप तैयार कराए थे। गुरुवार को प्रत्येक तहसील से तीन-तीन सदस्यीय टीमें सीतापुर से मजदूरों को लाने के लिए भेजी गईं, जिनका नेतृत्व नायब तहसीलदार ज्ञानप्रताप सिंह ने किया। टीमों ने सुबह सीतापुर पहुंचकर प्रवासी कामगारों को रिसीव करके रोडवेज बसों में बैठाया। इसके बाद लखीमपुर के लिए बसों को रवाना किया। सीतापुर रोड पर जलभवन के पास मजदूरों से भरी बसों को रोककर उन्हें तहसीलवार बसों में बैठाकर भेजा गया। इस दौरान डीएम शैलेंद्र कुमार सिंह, एसपी पूनम ने दिशा-निर्देश दिए। स्क्रीनिंग कैंपों में पहुंचने पर मजदूरों को स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। पूर्ण रूप से स्वस्थ होने वाले मजदूरों को अनाज किट देकर उन्हें होम क्वारंटीन किया गया। प्रवासी कामगारों की निगरानी के लिए गठित शहरी व ग्रामीण निगरानी समितियों को निर्देश देते हुए अलर्ट कर दिया गया है। इस दौरान एसडीएम सदर डॉ अरुण कुमार सिंह, तहसीलदार उमाशंकर त्रिपाठी मौजूद रहे।
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मितौली स्पेशल ट्रेन से लाए गए मितौली तहसील के 10 मजदूरों का एसडीएम दिग्विजय कुमार सिंह ने स्वास्थ्य परीक्षण करवाते राहत सामग्री देकर होम क्वारंटीन किया। तहसीलदार मितौली अवधेश कुमार भी मौजूद रहे।
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25 मजदूरों में खांसी-बुखार के लक्षण मिले, आईसोलेशन वार्ड भेजा
महेवागंज महाराष्ट्र से लाए गए 250 मजदूरों को कस्बे में नवभारत पब्लिक स्कूल के क्वारंटीन सेंटर में रखा गया है। डॉक्टरों ने मजदूर और उनके परिवार के सभी लोगों की थर्मल स्क्रीनिंग की। जांच में इनमें से कई लोग बुखार और खांसी से पीड़ित मिले। लिहाजा इन लोगों को अन्य मजदूरों से अलग किया गया है। फूलबेहड़ के प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ अमितेश दत्त द्विवेदी ने बताया कि करीब 25 लोगों में बुखार, खांसी और जुकाम के लक्षण मिले हैं। इन्हें आइसोलेशन वार्ड में भेजा गया है।
धौरहरा में महाराष्ट्र से लौटे 100 श्रमिकों को किया क्वारंटीन
एसडीएम एस सुधाकरन और सीओ अभिषेक प्रताप ने पुलिस अभिरक्षा में चार बसों से धौरहरा के 100 श्रमिकों को कस्बे के राजकीय इंटर कॉलेज क्वारंटीन सेंटर पर भेजा। सीएचसी अधीक्षक डॉ सुभाष वर्मा की देखरेख में इन लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण एवं थर्मल स्क्रीनिंग करने के बाद क्वारंटीन किया गया। एसडीएम एस सुधाकरन ने बताया कि अभी दूसरे राज्यों से अभी कुछ और श्रमिक आने वाले हैं।
बाहर से आए छात्र-छात्राएं होम क्वारंटीन
चंदनचौकी क्षेत्र के गैर जनपदों में पढ़ रहे छात्र-छात्राओं को लौटने पर उनका चेकअप करने के बाद उनके स्वस्थ्य मिलने पर घरों पर क्वारंटीन किया गया है। इस संबंध में चंदनचौकी प्रभारी निरीक्षक सियाराम ने थारू गांव का दौरा किया और वहां पर बाहर से आने वाले छात्र-छात्राओं के बाबत पूछताछ की।