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Lakhimpur Kheri News: उमस बढ़ी तो आंखों के संक्रमण ने भी बढ़ाई चिंता
Tue, 11 Aug 2026 11:13 PM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
Updated Tue, 11 Aug 2026 11:13 PM IST
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जिला अस्पताल में मरीज की जांच करतीं नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. पूनम वर्मा।संवाद
लखीमपुर खीरी। मौसम में बदलाव और उमस के बीच कंजंक्टिवाइटिस के मरीज बढ़ने लगे हैं। जिला अस्पताल की नेत्र रोग ओपीडी में रोजाना करीब 100 मरीज पहुंच रहे हैं, इनमें 12 से 15 मरीज कंजंक्टिवाइटिस से पीड़ित मिल रहे हैं। मरीज आंखों में लालिमा, जलन, पानी आने और दर्द की शिकायत कर रहे हैं।
जिला अस्पताल की नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. पूनम वर्मा ने बताया कि कंजंक्टिवाइटिस आंख के सफेद हिस्से और पलकों की अंदरूनी सतह को ढकने वाली झिल्ली में होने वाला संक्रमण है। इसमें आंखें लाल होने के साथ पानी आना, खुजली, जलन और रोशनी में परेशानी जैसे लक्षण हो सकते हैं। संक्रमण फैलने से एक व्यक्ति से दूसरे में पहुंचने का खतरा रहता है।
उन्होंने बताया कि आंखों को बार-बार छूने या रगड़ने से बचना चाहिए। संक्रमित व्यक्ति तौलिया, रुमाल, तकिया और अन्य निजी सामान साझा न करें। हाथों को साबुन से बार-बार धोना संक्रमण से बचाव में मददगार है। आंखों में समस्या होने पर बिना चिकित्सकीय सलाह के कोई आई ड्रॉप इस्तेमाल न करें।
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जिला अस्पताल की नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. पूनम वर्मा ने बताया कि कंजंक्टिवाइटिस आंख के सफेद हिस्से और पलकों की अंदरूनी सतह को ढकने वाली झिल्ली में होने वाला संक्रमण है। इसमें आंखें लाल होने के साथ पानी आना, खुजली, जलन और रोशनी में परेशानी जैसे लक्षण हो सकते हैं। संक्रमण फैलने से एक व्यक्ति से दूसरे में पहुंचने का खतरा रहता है।
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उन्होंने बताया कि आंखों को बार-बार छूने या रगड़ने से बचना चाहिए। संक्रमित व्यक्ति तौलिया, रुमाल, तकिया और अन्य निजी सामान साझा न करें। हाथों को साबुन से बार-बार धोना संक्रमण से बचाव में मददगार है। आंखों में समस्या होने पर बिना चिकित्सकीय सलाह के कोई आई ड्रॉप इस्तेमाल न करें।
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