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आशीष की तीन दिन की रिमांड पूरी होने से पहले पहुंचाया जेल
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वापस जेल जाता आशीष मिश्र।
अंकित दास, लतीफ उर्फ काले और शेखर अभी पुलिस रिमांड पर
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लखीमपुर खीरी। बृहस्पतिवार को घटनास्थल पर क्राइम सीन का रिक्रिएशन करने के बाद देर शाम पुलिस ने तिकुनिया कांड के मुख्य आरोपी आशीष मिश्र को वापस जेल भेज दिया था। इस अवधि में पुलिस ने उससे जो भी पूछताछ की है, उसे जांच टीम अदालत को सौंपेगी।
तिकुनिया हिंसा के मामले में दोनों पक्षों की ओर से एक-एक मुकदमा दर्ज हुआ था, जिसमें एक मामले में अभी तक कुल छह आरोपी गिरफ्तार किए जा चुके हैं। दो आरोपी लवकुश और आशीष पांडेय को सबसे पहले गिरफ्तार किया गया था, जिनसे पूछताछ में मिले तथ्यों के आधार पर उन्हें अभियुक्त बनाया गया। इसके बाद मुख्य आरोपी आशीष मिश्रा मोनू की गिरफ्तारी नौ अक्तूबर 2021 को हुई, तब पुलिस ने आशीष से करीब 12 घंटे तक लंबी पूछताछ की थी। इसके बाद तीन अन्य आरोपी अंकित दास, गनर लतीफ उर्फ काले और ड्राइवर शेखर भारती को गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने आशीष मिश्रा को तीन दिन की रिमांड पर मंगलवार को लिया था, जिसके बाद दो दिनों तक क्राइम ब्रांच दफ्तर में पूछताछ की।
तीसरे दिन तिकुनिया ले जाकर घटनास्थल पर क्राइम सीन का रिक्रिएशन किया, फिर वहां से लौटने के बाद रिमांड खत्म होने से कुछ घंटे पहले ही पुलिस ने आशीष मिश्रा मोनू को जेल में दाखिल कर दिया। तीन दिनों की रिमांड में पुलिस के हाथ कोई ठोस सुबूत हाथ नहीं लगे हैं, जिससे यह साबित हो कि घटना के वक्त आशीष मिश्रा घटनास्थल पर मौजूद था या नहीं। सूत्र बताते हैं कि अंकित दास से पूछताछ में जरूर कुछ अहम तथ्य पता चले हैं। जैसे डिप्टी सीएम को रिसीव करने के लिए अंकित दास, सुमित जायसवाल आदि कार्यकर्ता जा रहे थे, लेकिन इस काफिले में आशीष मिश्रा के न होने की बात कही गई है। इसी तरह अन्य गिरफ्तार व्यक्तियों से अलग-अलग पूछताछ में घटना वाले दिन उनकी घटनास्थल पर मौजूदगी की बात सामने आई है।
तिकुनिया हिंसा के मामले में दोनों पक्षों की ओर से एक-एक मुकदमा दर्ज हुआ था, जिसमें एक मामले में अभी तक कुल छह आरोपी गिरफ्तार किए जा चुके हैं। दो आरोपी लवकुश और आशीष पांडेय को सबसे पहले गिरफ्तार किया गया था, जिनसे पूछताछ में मिले तथ्यों के आधार पर उन्हें अभियुक्त बनाया गया। इसके बाद मुख्य आरोपी आशीष मिश्रा मोनू की गिरफ्तारी नौ अक्तूबर 2021 को हुई, तब पुलिस ने आशीष से करीब 12 घंटे तक लंबी पूछताछ की थी। इसके बाद तीन अन्य आरोपी अंकित दास, गनर लतीफ उर्फ काले और ड्राइवर शेखर भारती को गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने आशीष मिश्रा को तीन दिन की रिमांड पर मंगलवार को लिया था, जिसके बाद दो दिनों तक क्राइम ब्रांच दफ्तर में पूछताछ की।
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तीसरे दिन तिकुनिया ले जाकर घटनास्थल पर क्राइम सीन का रिक्रिएशन किया, फिर वहां से लौटने के बाद रिमांड खत्म होने से कुछ घंटे पहले ही पुलिस ने आशीष मिश्रा मोनू को जेल में दाखिल कर दिया। तीन दिनों की रिमांड में पुलिस के हाथ कोई ठोस सुबूत हाथ नहीं लगे हैं, जिससे यह साबित हो कि घटना के वक्त आशीष मिश्रा घटनास्थल पर मौजूद था या नहीं। सूत्र बताते हैं कि अंकित दास से पूछताछ में जरूर कुछ अहम तथ्य पता चले हैं। जैसे डिप्टी सीएम को रिसीव करने के लिए अंकित दास, सुमित जायसवाल आदि कार्यकर्ता जा रहे थे, लेकिन इस काफिले में आशीष मिश्रा के न होने की बात कही गई है। इसी तरह अन्य गिरफ्तार व्यक्तियों से अलग-अलग पूछताछ में घटना वाले दिन उनकी घटनास्थल पर मौजूदगी की बात सामने आई है।
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