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जरूरतमंदों के घर तक पहुंचा रहे भोजन
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लखीमपुर खीरी। लॉकडाउन में कोई गरीब और जरूरतमंद भूखा न सोए, इसके लिए समाजसेवी पूरे जज्बे के साथ डटें हैं। मानव सेवा रसोईं शुरू कर स्वयं श्रमदान से भोजन तैयार कर जरूरतमंदों के घर तक पहुंचा रहे हैं। उधर अमर उजाला फाउंडेशन के राहत शिविर में क्वारंटीन लोगों की संख्या सोमवार को 51 हो गई। इनके खाने की व्यवस्था जिला प्रशासन कर रहा है।
अमर उजाला फाउंडेशन के राहत शिविर में शनिवार को क्वारंटीन किए गए लोगों की संख्या 43 थी। जबकि गैर जनपद से आए आठ लोगों के क्वारंटीन किए जाने से सोमवार को संख्या 51 हो गई। इनके खाने पीने की व्यवस्था जिला प्रशासन कर रहा है। इसके लिए तहसील परिसर में सामुदायिक रसोईं संचालित है। उधर नवयुग सामाजिक संस्था के लोगों ने गरीबों के लिए मानव सेवा रसोईं शुरू की है। संस्था के पदाधिकारी रसोईं में स्वयं श्रमदान कर भोजन तैयार करते हैं और चिह्नित परिवारों के घर तक लंच पैकेट पहुंचाते हैं। आचार्य संजय मिश्रा का कहना है कि भोजन तैयार करने के लिए न तो कोई कारीगर लगा है और न ही अन्य कर्मचारी। संगठन के लोग ही श्रमदान कर दोनो समय का भोजन तैयार करते हैं और स्वयं ही बांटने जाते हैं। राघव हिंदू, ओमकार नारायण दुबे, पंकज शास्त्री, राम पांडे, रत्नेश कुमार, अमित मिश्रा आदि रसोईं में मौजूद रहे।
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अमर उजाला फाउंडेशन के राहत शिविर में शनिवार को क्वारंटीन किए गए लोगों की संख्या 43 थी। जबकि गैर जनपद से आए आठ लोगों के क्वारंटीन किए जाने से सोमवार को संख्या 51 हो गई। इनके खाने पीने की व्यवस्था जिला प्रशासन कर रहा है। इसके लिए तहसील परिसर में सामुदायिक रसोईं संचालित है। उधर नवयुग सामाजिक संस्था के लोगों ने गरीबों के लिए मानव सेवा रसोईं शुरू की है। संस्था के पदाधिकारी रसोईं में स्वयं श्रमदान कर भोजन तैयार करते हैं और चिह्नित परिवारों के घर तक लंच पैकेट पहुंचाते हैं। आचार्य संजय मिश्रा का कहना है कि भोजन तैयार करने के लिए न तो कोई कारीगर लगा है और न ही अन्य कर्मचारी। संगठन के लोग ही श्रमदान कर दोनो समय का भोजन तैयार करते हैं और स्वयं ही बांटने जाते हैं। राघव हिंदू, ओमकार नारायण दुबे, पंकज शास्त्री, राम पांडे, रत्नेश कुमार, अमित मिश्रा आदि रसोईं में मौजूद रहे।
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