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गन्ना समिति में उर्वरक न मिलने से किसान परेशान
Updated Wed, 27 Jun 2018 11:49 PM IST
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गन्ना समिति में उर्वरक न मिलने से किसान परेशान
जंगबहादुरगंज।
डीएससीएल शुगर मिल अजबापुर ने आगामी पेराई सत्र के लिए गन्ना सर्वे का कार्य करने से इनकार कर दिया है। इस वजह से यह कार्य गन्ना पर्यवेक्षकों को करना पड़ रहा है। किसानों के लिए ऋण पर उर्वरक और कीटनाशक लेने के लिए मंगलवार और गुरुवार का दिन अभिलेख बनाने के लिए निर्धारित है, लेकिन गन्ना पर्यवेक्षक किसानों को गन्ना विकास परिषद कार्यालय में नहीं मिलते है। सर्वे के किसी रोस्टर की जानकारी भी किसानों को नहीं दी जा रही। परिषद कार्यालय से पर्यवेक्षकों के मोबाइल नंबर तो दे दिए जाते हैं, लेकिन अधिकांश पर्यवेक्षक किसानों के फोन उठाते भी नही हैं, जिससे किसानों की समस्याओं का समाधान नही हो पा रहा है। नए सट्टा भी नहीं बन पा रहे हैं। अभिलेख न बन पाने से समिति से किसानों को खाद ,कीटनाशक भी नहीं मिल पा रही है, जिससे गन्ने की फसल पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने लगा है। गन्ना विकास परिषद के एससीडीआई डॉ. अंगद सिंह का कहना है कि उर्वरकों का लेनदेन पर्यवेक्षकों के गन्ना सर्वे में व्यस्त होने के कारण दस जुलाई के बाद शुरू किया जायेगा । उन्होंने किसानों से कहा कि वे गन्ने के सर्वे में खेत पर रहकर सहयोग करे।
जंगबहादुरगंज।
डीएससीएल शुगर मिल अजबापुर ने आगामी पेराई सत्र के लिए गन्ना सर्वे का कार्य करने से इनकार कर दिया है। इस वजह से यह कार्य गन्ना पर्यवेक्षकों को करना पड़ रहा है। किसानों के लिए ऋण पर उर्वरक और कीटनाशक लेने के लिए मंगलवार और गुरुवार का दिन अभिलेख बनाने के लिए निर्धारित है, लेकिन गन्ना पर्यवेक्षक किसानों को गन्ना विकास परिषद कार्यालय में नहीं मिलते है। सर्वे के किसी रोस्टर की जानकारी भी किसानों को नहीं दी जा रही। परिषद कार्यालय से पर्यवेक्षकों के मोबाइल नंबर तो दे दिए जाते हैं, लेकिन अधिकांश पर्यवेक्षक किसानों के फोन उठाते भी नही हैं, जिससे किसानों की समस्याओं का समाधान नही हो पा रहा है। नए सट्टा भी नहीं बन पा रहे हैं। अभिलेख न बन पाने से समिति से किसानों को खाद ,कीटनाशक भी नहीं मिल पा रही है, जिससे गन्ने की फसल पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने लगा है। गन्ना विकास परिषद के एससीडीआई डॉ. अंगद सिंह का कहना है कि उर्वरकों का लेनदेन पर्यवेक्षकों के गन्ना सर्वे में व्यस्त होने के कारण दस जुलाई के बाद शुरू किया जायेगा । उन्होंने किसानों से कहा कि वे गन्ने के सर्वे में खेत पर रहकर सहयोग करे।