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अपनी मांगों को लेकर लेखपालों ने किया धरना प्रदर्शन
Updated Tue, 26 Dec 2017 09:56 PM IST
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lekhpal
- फोटो : amar ujala
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जबरन सेवानिवृत्त लेखपालों को बहाल करने की मांग
- प्रदर्शन के बाद डीएम को सौंपा गया ज्ञापन
लखीमपुर खीरी।
उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ की जिला इकाई ने अपनी लंबित मांगों और जबरन सेवानिवृत्त किए गए लेखपालों की सेवानिवृत्ति का आदेश वापस लेने की मांग को लेकर असहयोग आंदोलन किया। धरना प्रदर्शन करने के बाद डीएम को ज्ञापन सौंपा।
लेखपालों ने मांग की कि मितौली के लेखपाल विजय बहादुर वर्मा और चंद्रभान वर्मा को जबरन अनिवार्य सेवानिवृत्ति दे दी गई है। इस आदेश को तत्काल निरस्त किया जाए। लेखपालों की अरसे से चली आ रही समस्याओं का निदान किया जाए। लेखपालों ने चेतावनी दी कि जब तक उनकी मांगें नहीं मानी जातीं उनका धरना प्रदर्शन और आंदोलन जारी रहेगा।
लेखपालों के असहयोग आंदोलन को राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद भी अपना समर्थन दे रहा है। आज के धरना प्रदर्शन में परिषद के कई पदाधिकारी मौजूद रहे। यहां मौजूद रहने वाले परिषद कर्मचारियों में अध्यक्ष महंत सिंह, मंत्री परमानंद ने आकर कहा कि राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद लेखपालों के आंदोलन के साथ है।
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धरना में रामकुमार दीक्षित, अतुल कुमार बाजपेई, शैलेंद्र दीक्षित, विनोद कुमार, सुरेश विश्वकर्मा, मुनेश शुक्ला, वेदप्रकाश गुप्ता, रामकृष्ण मिश्रा, चंद्र प्रकाश, दाताराम वर्मा, दिनेश पांडेय, जगदीश प्रसाद, पुष्कर शुक्ल आदि मौजूद रहे।
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- प्रदर्शन के बाद डीएम को सौंपा गया ज्ञापन
लखीमपुर खीरी।
उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ की जिला इकाई ने अपनी लंबित मांगों और जबरन सेवानिवृत्त किए गए लेखपालों की सेवानिवृत्ति का आदेश वापस लेने की मांग को लेकर असहयोग आंदोलन किया। धरना प्रदर्शन करने के बाद डीएम को ज्ञापन सौंपा।
लेखपालों ने मांग की कि मितौली के लेखपाल विजय बहादुर वर्मा और चंद्रभान वर्मा को जबरन अनिवार्य सेवानिवृत्ति दे दी गई है। इस आदेश को तत्काल निरस्त किया जाए। लेखपालों की अरसे से चली आ रही समस्याओं का निदान किया जाए। लेखपालों ने चेतावनी दी कि जब तक उनकी मांगें नहीं मानी जातीं उनका धरना प्रदर्शन और आंदोलन जारी रहेगा।
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लेखपालों के असहयोग आंदोलन को राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद भी अपना समर्थन दे रहा है। आज के धरना प्रदर्शन में परिषद के कई पदाधिकारी मौजूद रहे। यहां मौजूद रहने वाले परिषद कर्मचारियों में अध्यक्ष महंत सिंह, मंत्री परमानंद ने आकर कहा कि राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद लेखपालों के आंदोलन के साथ है।
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धरना में रामकुमार दीक्षित, अतुल कुमार बाजपेई, शैलेंद्र दीक्षित, विनोद कुमार, सुरेश विश्वकर्मा, मुनेश शुक्ला, वेदप्रकाश गुप्ता, रामकृष्ण मिश्रा, चंद्र प्रकाश, दाताराम वर्मा, दिनेश पांडेय, जगदीश प्रसाद, पुष्कर शुक्ल आदि मौजूद रहे।