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लखीमपुर खीरी: घाघरा नदी में समाए लोहारनपुरवा गांव के 14 घर... बाढ़ खंड प्रशासन बेखबर
Thu, 21 Sep 2023 10:47 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
Published by: बरेली ब्यूरो
Updated Thu, 21 Sep 2023 10:47 AM IST
सार
लखीमपुर खीरी में एक तरफ शारदा तो दूसरी तरफ घाघरा नदी ने कहर बरपाया है। ग्रामसभा फुसही गौड़ी के मजरा लोहारनपुरवा के 14 घर घाघरा नदी में समा गए, जिससे पीड़ित परिवार खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर हैं।
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लोहारन पुर्वा में घाघरा नदी में कटे ग्रामीणों के घर
विस्तार
लखीमपुर खीरी के धौरहरा क्षेत्र में घाघरा नदी ने एक बार फिर कहर मचाना शुरू कर दिया है। ब्लॉक ईसानगर के तहत ग्रामसभा फुसही गौड़ी के मजरा लोहारनपुरवा में घाघरा नदी करीब एक सप्ताह से कटान कर रही है। कटान से कई परिवार बेघर हो चुके हैं, लेकिन प्रशासन ने कोई बचाव कार्य शुरू नहीं किया है। जुलाई से अब तक 14 घर नदी में समा चुके हैं।
बाढ़ खंड के एसडीओ बीडी गौतम को इस संबंध में ग्रामीणों ने कई बार सूचना दी, लेकिन एसडीओ ने यह कहकर टाल दिया कि यहां कटान नहीं हो रहा है। अभी तक लेखपाल के अलावा कोई भी जिम्मेदार अधिकारी या कर्मचारी ग्रामीणों के समस्या को देखने तक नहीं आया है।
अभी तक जिन लोगों के घर कटे हैं, उनमें लल्लन पुत्र सूक्कर, मुन्नालाल पुत्र जुगलू, विमल पुत्र संबारी, राजेश पुत्र कन्धई, हरिहर पुत्र बालेसर, शिवनारायण पुत्र केशव, रमाशंकर पुत्र दुखी, दुखी पुत्र लक्ष्मण, गुड्डू पुत्र लल्लन आदि ग्रामीणों के घर शामिल हैं। घर नदी में समा जाने के कारण पीड़ित परिवार खुले आसमान के नीचे रहने का मजबूर हैं।
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बाढ़ खंड के एसडीओ बीडी गौतम को इस संबंध में ग्रामीणों ने कई बार सूचना दी, लेकिन एसडीओ ने यह कहकर टाल दिया कि यहां कटान नहीं हो रहा है। अभी तक लेखपाल के अलावा कोई भी जिम्मेदार अधिकारी या कर्मचारी ग्रामीणों के समस्या को देखने तक नहीं आया है।
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अभी तक जिन लोगों के घर कटे हैं, उनमें लल्लन पुत्र सूक्कर, मुन्नालाल पुत्र जुगलू, विमल पुत्र संबारी, राजेश पुत्र कन्धई, हरिहर पुत्र बालेसर, शिवनारायण पुत्र केशव, रमाशंकर पुत्र दुखी, दुखी पुत्र लक्ष्मण, गुड्डू पुत्र लल्लन आदि ग्रामीणों के घर शामिल हैं। घर नदी में समा जाने के कारण पीड़ित परिवार खुले आसमान के नीचे रहने का मजबूर हैं।
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