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रफ्तार नहीं पकड़ रहा ब्रॉडगेज निर्माण काम
Updated Tue, 26 Jun 2018 05:08 PM IST
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रफ्तार नहीं पकड़ रहा ब्रॉडगेज का काम
दिसंबर तक ब्रॉडगेज लाइन पर ट्रेन दौड़ाने का है लक्ष्य
106 किलोमीटर की दूरी के बीच पड़ती हैं 100 पुलिया और चार बड़े पुल
50 फीसदी से अधिक पुल व पुलिया पर नहीं बन पाईं विंग रिटर्न
रेलवे ट्रैक की लेवलिंग, मैनुअल और मशीन पैकिंग का काम अधूरा
बांकेगंज। सीतापुर-मैलानी रेल खंड पर दिसंबर 2018 तक ब्रॉडगेज की ट्रेनें दौड़ाने का दावा खोखला साबित हो रहा है। रेलवे विभाग के दावे के विपरीत यह काम पूरा होता नहीं दिख रहा है। कारण है कि 50 फीसदी से अधिक निर्माण कार्य अभी अधूरे हैं।
ऐशबाग से पीलीभीत के बीच आमान-परिवर्तन का शिलान्यास दो फरवरी 2013 में हुआ था। इस काम को पूरा करने का लक्ष्य 31 मार्च 2016 रखा गया था। पांच साल गुजर गए लेकिन इस रूट पर बनाई गई पुल व पुलियों पर 50 फीसदी से अधिक विंग रिटर्न बनाने का काम बाकी रह गया है। इसके अलावा 106 किलोमीटर लंबे रेल ट्रैक की लेवलिंग, मैनुअल और ऑटोमेटिक मशीन पैकिंग का काम पूरा होने में तीन माह से भी अधिक समय लगने की संभावना जताई जा रही है। रेलवे ट्रैक लिंकिंक का काम तो पूरा हो गया है लेकिन 21 एलएचएस एप्रोच (सबवे) का काम पूरा नहीं हो पाया है। इसके अलावा बड़े प्लेटफार्मों पर बनाए जाने वाले फुट ओवर ब्रिजों का काम भी काफी धीमी गति से चल रहा है। प्लेटफार्मों के कंपलीट होने में भी अभी काफी काम बकाया है। यात्री प्रतीक्षालय, शौचालय आदि का काम भी पूरा होता नहीं दिख रहा है।
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सीतापुर और मैलानी के बीच हरगांव, लखीमपुर, गोला में हाई लेवल के अलावा बांकेगंज और फरधान में लो लेवल प्लेटफार्म बनने हैं। यहां कार्य की गति काफी धीमी होने से निर्माण काम रफ्तार नहीं पकड़ पा रहा है। इस बीच बनाए गए नौ हॉल्ट स्टेशनों पर काम लगभग पूरा है। आरबीएनएल और रेल विभाग के अधिकारियों के मुताबिक कि वह 30 जून 2018 तक यह काम पूरा करने का प्रयास कर रहे हैं लेकिन जिस रफ्तार से यह काम हो रहा है उससे यह नहीं लगता कि 31 दिसंबर 2018 तक भी यह काम पूरा हो पाएगा।
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वर्जन-
आरबीएनएल के अधिकारियों के मुताबिक निर्धारित समय में ब्राडगेज का काम पूरा करने प्रयास किया गया था लेकिन अभी कार्य पूरा होने में करीब दो माह का समय लग सकता है। हाल ही मैने ऐशबाग और सीतापुर के बीच कार्य का निरीक्षण किया था, इस रूट पर अगस्त 2018 तक ट्रायल ट्रेनें चलने की संभावना है। सीतापुर-मैलानी के बीच दिसंबर 2018 तक ट्रायल होगा।
- विजय लक्ष्मी कौशिश, डीआरएम, एनईआर, लखनऊ।