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खड्डा क्षेत्र में कई वर्षों बाद हुई है अत्यधिक बारिश

Tue, 31 Aug 2021 11:12 PM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Tue, 31 Aug 2021 11:12 PM IST
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This year the highest rainfall in 10 years
इस साल 10 वर्षों में सबसे ज्यादा बारिश
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केंद्रीय जल आयोग के मुताबिक 1647.0 मिमी हुई बारिश
संवाद न्यूज एजेंसी
खड्डा। क्षेत्र में बाढ़ ही नहीं आसमानी आफत भी लोगों पर कम सितम नहीं ढा रही है। अतिवृष्टि ने किसानों की आर्थिक रूप से कमर तोड़ दी है। अत्यधिक बारिश से किसानों की केला, गन्ना और धान सहित अन्य फसलें डूबकर बर्बाद हो गई हैं। केंद्रीय जल आयोग के आंकड़े ही पिछले कई वर्षों की तुलना में इस साल अत्यधिक बारिश की तस्दीक कर रहे हैं।
कभी कोरोना महामारी, कभी गंडक की बाढ़ तो कभी अत्यधिक बारिश ने इस साल खड्डा क्षेत्र के लोगों के जनजीवन को पूरी तरह प्रभावित किया है। मई से इतनी अधिक बारिश हुई कि कई वर्षों को पीछे छोड़ दिया। पिछले साल 2020 मई में 62.0 मिलीमीटर के सापेक्ष इस साल मई में 185.8 मिलीमीटर बारिश हुई। जून 2020 में 68.3 मिलीमीटर तो इस साल 415.8 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई। जुलाई 2020 में 441.4 मिलीमीटर की तुलना में 475 मिलीमीटर तथा पिछले वर्ष अगस्त में हुई 61.0 मिलीमीटर के सापेक्ष इस अगस्त में 570.4 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई।
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अत्यधिक बारिश के कारण क्षेत्र के किसानों की गन्ना, केला और निचले इलाके में धान की फसल बर्बाद हो गई है। बाढ़ प्रभावित लोगों को काफी दिक्कतें हो रही हैं। अत्यधिक बारिश के कारण तहसील के कई गांवों में किसानों की गन्ने की फसल रोगग्रस्त हो गई या फिर सूख गई। बारिश से खेत की मिट्टी गीली होने से केले की फसल भी हो रही है। खड्डा कस्बा सहित ग्रामीण इलाकों में बारिश का पानी सड़कों व गांव के निचले हिस्से में भरा हुआ है। सरेह में पानी भरने से पशुओं के चारे की दिक्कत हो गई है। मजदूरों को काम नहीं मिल पा रहा है। क्षेत्र का तुर्कहां नाला, गैनही ड्रेन, सारंग छपरा, सोहरौना, सोनबरसा आदि गांव के पास स्थित ताल पानी से भरे हैं। पकड़ी बृजलाल के प्रधान किशुना यादव प्रगतिशील किसान हैं। वह बताते हैं कि बारिश की वजह से फसल चौपट हो गई है। गन्ना व केला पर ज्यादा असर पड़ा है। तुर्कहां गांव के किसान नागेंद्र सिंह बताते हैं कि नीचे के खेतों में धान बोने की तैयारी कर रहे थे। अचानक मई में बरसात शुरू हो गई, जिससे खेत में बुवाई नहीं हो पाई।
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केंद्रीय जल आयोग के रिकॉर्ड में दर्ज बारिश
मई से अगस्त तक बारिश का आंकड़ा
वर्ष- बारिश (मिलीमीटर में)
2021- 1647.0
2020- 572.7
2019- 719.6
2018- 1035.8
2017- 1229.4
2016- 754.4
2015- 925.0
2014- 1155.6
2013- 979.4
2012- 821.2
2011- 774.6
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