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कुशीनगर में मातम: इलाज के दौरान जवान की मौत, पार्थिव शरीर लाया गया घर, मचा कोहराम
Sun, 03 Jul 2022 07:50 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर।
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर।
Published by: गोरखपुर ब्यूरो
Updated Sun, 03 Jul 2022 07:50 AM IST
सार
महेंद्र यादव (हवलदार) का पार्थिव शरीर शनिवार को गांव लाया गया। वह 343 फिल्ड रेजीमेंट टयूटिंग में अरुणाचल प्रदेश में तैनात थे। 30 जून की रात आर्मी अस्पताल दिल्ली में इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई थी।
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जवान महेंद्र यादव को सलामी देते सेना के जवान। संवाद।
- फोटो : KUSHINAGAR
विस्तार
कुशीनगर जिले के नगर के वार्ड नंबर 23 माधवपुरम (विशुनपुर मंगुरही) निवासी महेंद्र यादव (हवलदार) का पार्थिव शरीर शनिवार को गांव लाया गया। वह 343 फिल्ड रेजीमेंट टयूटिंग में अरुणाचल प्रदेश में तैनात थे। 30 जून की रात आर्मी अस्पताल दिल्ली में इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई थी। वह बीमार चल रहे थे। छोटी गंडक नदी के हेतिमपुर घाट पर उनका अंतिम संस्कार किया गया। मुखाग्नि पुत्र अभिषेक यादव ने दी।
हवलदार महेंद्र यादव दो भाई और एक बहन में सबसे छोटे थे। वह वर्ष 2003 में आर्मी में भर्ती हुए थे। पिता रामदेव यादव किसान हैं। बड़े भाई राममिलन यादव हैं। पत्नी किरन देवी व पुत्र अभिषेक व पुत्री अंशू यादव का परिवार है। उनकी तबीयत कुछ माह से खराब थी। इलाज आर्मी अस्पताल दिल्ली में चल रहा था। 30 जून की रात में उनका निधन हो गया।
दिल्ली से उनके यूनिट 343 के कर्नल प्रकाश सिधलानी, टिकोरी मल व लांस नायक शालीन देव पार्थिव शरीर लेकर शनिवार सुबह सड़क मार्ग से उनके घर पहुंचे। घर पहुंचने के पूर्व राष्ट्रीय राजमार्ग-28 स्थित पकवाइनार चौराहे पर कई गांवों के लोगों का हुजूम सैनिक के पार्थिव शरीर का अंतिम दर्शन करने के लिए उमड़ पड़ा।
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लोगों का काफिला सेना के वाहन के साथ उनके घर तक पहुंचा। जहां परिजन दहाड़ मारकर रो रहे थे। पार्थिव शरीर को अंतिम संस्कार के लिए छोटी गंडक नदी ले जाया गया। जहां जीआरडी गोरखपुर के जवान सूबेदार डीबी थापा, नायक पदम राना, संजीव राय, राहुल थापा, ललित राना, चंदन सिंह, जीवन गुरुंग, नर बहादुर थापा ने सलामी दी। इस दौरान पूरा माहौल गमगीन हो गया। हर किसी की आंखें नम हो गईं।
इस मौके पर कुशीनगर विधायक पीएन पाठक, पूर्व ब्लॉक प्रमुख डा. प्रियेश त्रिपाठी, राजेश प्रताप राव, सभासद जय सिंह यादव,रोहिताश पांडेय, दिनेश यादव, भाई राममिलन यादव आदि ने पुष्प चक्र चढ़या व शहीद को शव को कंधा दिया। इस दौरान ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि अमरजीत यादव सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
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हवलदार महेंद्र यादव दो भाई और एक बहन में सबसे छोटे थे। वह वर्ष 2003 में आर्मी में भर्ती हुए थे। पिता रामदेव यादव किसान हैं। बड़े भाई राममिलन यादव हैं। पत्नी किरन देवी व पुत्र अभिषेक व पुत्री अंशू यादव का परिवार है। उनकी तबीयत कुछ माह से खराब थी। इलाज आर्मी अस्पताल दिल्ली में चल रहा था। 30 जून की रात में उनका निधन हो गया।
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दिल्ली से उनके यूनिट 343 के कर्नल प्रकाश सिधलानी, टिकोरी मल व लांस नायक शालीन देव पार्थिव शरीर लेकर शनिवार सुबह सड़क मार्ग से उनके घर पहुंचे। घर पहुंचने के पूर्व राष्ट्रीय राजमार्ग-28 स्थित पकवाइनार चौराहे पर कई गांवों के लोगों का हुजूम सैनिक के पार्थिव शरीर का अंतिम दर्शन करने के लिए उमड़ पड़ा।
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लोगों का काफिला सेना के वाहन के साथ उनके घर तक पहुंचा। जहां परिजन दहाड़ मारकर रो रहे थे। पार्थिव शरीर को अंतिम संस्कार के लिए छोटी गंडक नदी ले जाया गया। जहां जीआरडी गोरखपुर के जवान सूबेदार डीबी थापा, नायक पदम राना, संजीव राय, राहुल थापा, ललित राना, चंदन सिंह, जीवन गुरुंग, नर बहादुर थापा ने सलामी दी। इस दौरान पूरा माहौल गमगीन हो गया। हर किसी की आंखें नम हो गईं।
इस मौके पर कुशीनगर विधायक पीएन पाठक, पूर्व ब्लॉक प्रमुख डा. प्रियेश त्रिपाठी, राजेश प्रताप राव, सभासद जय सिंह यादव,रोहिताश पांडेय, दिनेश यादव, भाई राममिलन यादव आदि ने पुष्प चक्र चढ़या व शहीद को शव को कंधा दिया। इस दौरान ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि अमरजीत यादव सहित अन्य लोग मौजूद रहे।