{"_id":"646bb3e01611f7a04700e986","slug":"street-lights-swithced-on-only-trial-time-kushinagar-news-c-7-1-177224-2023-05-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kushinagar News: केवल ट्रॉयल के दौरान ही जलीं स्ट्रीट लाइटें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kushinagar News: केवल ट्रॉयल के दौरान ही जलीं स्ट्रीट लाइटें
Mon, 22 May 2023 11:56 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Mon, 22 May 2023 11:56 PM IST
विज्ञापन
छितौनी नगरपंचायत के एनएच पर लगाइ गई स्ट्रीट लाइट।संवाद।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
छितौनी नगर पंचायत की तरफ से लगाई गई हैं 100 स्ट्रीट लाइटें
संवाद न्यूज एजेंसी
खड्डा/छितौनी। छितौनी नगर में पथ प्रकाश के नाम पर राष्ट्रीय राजमार्ग की पटरियों पर लगभग 100 स्ट्रीट लाइटें लगी हैं। इससे जनता को एक घंटे भी रोशनी नहीं मिली। इतना ही नहीं गुणवत्ता ठीक न होने के चलते दो पोल हल्की हवा में गिर गए। सबसे बड़ी बात यह कि गड़बड़ी तब हुई है, जब प्रशासक के रूप में एसडीएम तैनात हैं।
लोग कह रहे हैं कार्य खराब था तो संबंधित ठेकेदार व अभियंता पर कार्रवाई क्यों नहीं हुई? नवसृजित नगर पंचायत छितौनी की सड़कों को रात के अंधेरे में चकाचौंध रोशनी करने के नाम पर स्ट्रीट लाइट लगाने की कार्य योजना बनाई गई। वार्डों में न लगाकर जोकहिया तिराहे से पनियहवा की ओर राष्ट्रीय राजमार्ग-727 के दोनों तरफ लगभग 100 स्ट्रीट लाइट लगाई गई।
कस्बा निवासी राजेश शर्मा, योगेंद्र शर्मा, इंद्रजीत कुशवाहा, श्रीराम मद्धेशिया, धर्मेश कुशवाहा, किशोर, अनिल कुमार, रितेश, जगदीश सहित अन्य लोग बताते हैं कि छह माह पहले पोल व लाइट लगाई गई थी। एक बार कुछ मिनट के लिए जलाकर ट्रॉयल किया गया। उसके बाद आज तक कभी नहीं जली। नगर के लोगों का कहना है कि जो सामान लगे वे बाजार मूल्य से कई गुना ज्यादा हैं। कागज में गड़बड़ी करके सरकारी धन कस भुगतान करने की योजना बनाई गई थी। नगर पंचायत की प्रशासक एसडीएम खड्डा हैं। इसके बावजूद गड़बड़ी के मामले में ठेकेदार व जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई न होना रहस्यमय है।
विज्ञापन
एसडीएम भावना सिंह ने कहा कि खराब कार्य करने के चलते इसे रोका गया है। वहीं, छितौनी नगर पंचायत के अधिशासी अधिकारी देवेश मिश्रा ने बताया कि संबंधित ठेकेदार स्ट्रीट लाइट लगाने का कार्य ठीक से नहीं करने के कारण कार्य रुकवा दिया गया था। कई बार ठेकेदार से कहा गया है कि सही कार्य करे। इसका भुगतान नहीं किया जाएगा।
नवनिर्वाचित चेयरमैन अशोक निषाद ने बताया कि शपथ ग्रहण के बाद इस मामले की जांच कराई जाएगी। इसमें जो भी दोषी मिलेगा, नियम के अनुसार कड़ी कार्रवाई होगी, ताकि भविष्य में जनता के धन का कोई दुरुपयोग न कर सके। जरूरी हुआ तो एफआईआर भी दर्ज कराई जाएगी ।
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
खड्डा/छितौनी। छितौनी नगर में पथ प्रकाश के नाम पर राष्ट्रीय राजमार्ग की पटरियों पर लगभग 100 स्ट्रीट लाइटें लगी हैं। इससे जनता को एक घंटे भी रोशनी नहीं मिली। इतना ही नहीं गुणवत्ता ठीक न होने के चलते दो पोल हल्की हवा में गिर गए। सबसे बड़ी बात यह कि गड़बड़ी तब हुई है, जब प्रशासक के रूप में एसडीएम तैनात हैं।
लोग कह रहे हैं कार्य खराब था तो संबंधित ठेकेदार व अभियंता पर कार्रवाई क्यों नहीं हुई? नवसृजित नगर पंचायत छितौनी की सड़कों को रात के अंधेरे में चकाचौंध रोशनी करने के नाम पर स्ट्रीट लाइट लगाने की कार्य योजना बनाई गई। वार्डों में न लगाकर जोकहिया तिराहे से पनियहवा की ओर राष्ट्रीय राजमार्ग-727 के दोनों तरफ लगभग 100 स्ट्रीट लाइट लगाई गई।
विज्ञापन
कस्बा निवासी राजेश शर्मा, योगेंद्र शर्मा, इंद्रजीत कुशवाहा, श्रीराम मद्धेशिया, धर्मेश कुशवाहा, किशोर, अनिल कुमार, रितेश, जगदीश सहित अन्य लोग बताते हैं कि छह माह पहले पोल व लाइट लगाई गई थी। एक बार कुछ मिनट के लिए जलाकर ट्रॉयल किया गया। उसके बाद आज तक कभी नहीं जली। नगर के लोगों का कहना है कि जो सामान लगे वे बाजार मूल्य से कई गुना ज्यादा हैं। कागज में गड़बड़ी करके सरकारी धन कस भुगतान करने की योजना बनाई गई थी। नगर पंचायत की प्रशासक एसडीएम खड्डा हैं। इसके बावजूद गड़बड़ी के मामले में ठेकेदार व जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई न होना रहस्यमय है।
विज्ञापन
एसडीएम भावना सिंह ने कहा कि खराब कार्य करने के चलते इसे रोका गया है। वहीं, छितौनी नगर पंचायत के अधिशासी अधिकारी देवेश मिश्रा ने बताया कि संबंधित ठेकेदार स्ट्रीट लाइट लगाने का कार्य ठीक से नहीं करने के कारण कार्य रुकवा दिया गया था। कई बार ठेकेदार से कहा गया है कि सही कार्य करे। इसका भुगतान नहीं किया जाएगा।
नवनिर्वाचित चेयरमैन अशोक निषाद ने बताया कि शपथ ग्रहण के बाद इस मामले की जांच कराई जाएगी। इसमें जो भी दोषी मिलेगा, नियम के अनुसार कड़ी कार्रवाई होगी, ताकि भविष्य में जनता के धन का कोई दुरुपयोग न कर सके। जरूरी हुआ तो एफआईआर भी दर्ज कराई जाएगी ।