{"_id":"5730d0c74f1c1b7d0a919ce8","slug":"ranapratap-inspires-the-heroism","type":"story","status":"publish","title_hn":"‘राणाप्रताप से वीरता की प्रेरणा मिलती है’","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
‘राणाप्रताप से वीरता की प्रेरणा मिलती है’
कुशीनगर
Updated Mon, 09 May 2016 11:32 PM IST
विज्ञापन
महाराणा प्रताप की जयंती समारोह में बोले राज्यमंत्री राधेश्याम।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पडरौना। प्रदेश के राज्यमंत्री राधेश्याम सिंह ने सोमवार को कहा कि महाराणा प्रताप से हमें वीरता और देशभक्ति की प्रेरणा मिलती है। क्षत्रिय अन्याय के खिलाफ लड़ता है। उसका जन्म देश पर बलिदान होने के लिए होता है। उनकी जयंती पर ऐसे कार्यक्रम का आयोजन सराहना के काबिल है।
वह महाराणा प्रताप की जयंती पर पडरौना में अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा की ओर से आयोजित समारोह में बतौर मुख्य अतिथि बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि भारतीय सेना में क्षत्रियों की संख्या 50 फीसदी है, जो सेना के विभिन्न क्षेत्रों में अपनी सेवा देते हुए देश की सुरक्षा के लिए हर वक्त तैयार रहते हैं।
इससे पूर्व मुख्य अतिथि सहित सभी अतिथियों ने महाराणा प्रताप के चित्र के समक्ष दीप जलाकर उनकी पूजा की। एक संस्था के चेयरमैन रणधीर सिंह ने कहा कि महाराणा प्रताप जैसे अनेक वीर सपूतों ने देश के लिए बलिदान दिया। उन्होंने कहा कि गरीब क्षत्रियों को भी 15 प्रतिशत आरक्षण मिलना चाहिए।
विज्ञापन
होम्योपैथी चिकित्सा के पूर्व डायरेक्टर डॉ. वीएन सिंह ने कहा कि हमें अपने बच्चों को नकल विहीन शिक्षा दिलानी चाहिए ताकि वे आगे चलकर आत्मनिर्भर बन सकें।
इस समारोह को डॉ. एसबी सिंह, शत्रुघभन मणि, राघवेंद्र प्रताप सिंह, कपिलदेव नारायण सिंह, केदार राव, नीरज सिंह, दयाशंकर सिंह, जयप्रकाश सिंह, हरेंद्र सिंह, शंभू सिंह, डॉ. वीके सिंह सहित कई लोगों ने संबोधित किया।
इस दौरान राजन गोविंद राव, शैलेंद्र सिंह, घनश्याम सिंह, सुरेश सिंह, पहाड़ी, दरोगा सिंह, अभय सिंह, राजकुमार सिंह, मदन गोविंद राव, राणा राय और मीडिया प्रभारी मनीष सिंह सहित कई लोग मौजूद थे।
विज्ञापन
वह महाराणा प्रताप की जयंती पर पडरौना में अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा की ओर से आयोजित समारोह में बतौर मुख्य अतिथि बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि भारतीय सेना में क्षत्रियों की संख्या 50 फीसदी है, जो सेना के विभिन्न क्षेत्रों में अपनी सेवा देते हुए देश की सुरक्षा के लिए हर वक्त तैयार रहते हैं।
विज्ञापन
इससे पूर्व मुख्य अतिथि सहित सभी अतिथियों ने महाराणा प्रताप के चित्र के समक्ष दीप जलाकर उनकी पूजा की। एक संस्था के चेयरमैन रणधीर सिंह ने कहा कि महाराणा प्रताप जैसे अनेक वीर सपूतों ने देश के लिए बलिदान दिया। उन्होंने कहा कि गरीब क्षत्रियों को भी 15 प्रतिशत आरक्षण मिलना चाहिए।
विज्ञापन
होम्योपैथी चिकित्सा के पूर्व डायरेक्टर डॉ. वीएन सिंह ने कहा कि हमें अपने बच्चों को नकल विहीन शिक्षा दिलानी चाहिए ताकि वे आगे चलकर आत्मनिर्भर बन सकें।
इस समारोह को डॉ. एसबी सिंह, शत्रुघभन मणि, राघवेंद्र प्रताप सिंह, कपिलदेव नारायण सिंह, केदार राव, नीरज सिंह, दयाशंकर सिंह, जयप्रकाश सिंह, हरेंद्र सिंह, शंभू सिंह, डॉ. वीके सिंह सहित कई लोगों ने संबोधित किया।
इस दौरान राजन गोविंद राव, शैलेंद्र सिंह, घनश्याम सिंह, सुरेश सिंह, पहाड़ी, दरोगा सिंह, अभय सिंह, राजकुमार सिंह, मदन गोविंद राव, राणा राय और मीडिया प्रभारी मनीष सिंह सहित कई लोग मौजूद थे।