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प्यास बुझाने में विफल हैं ओवरहेड टैंक
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प्यास बुझाने में विफल हैं ओवरहेड टैंक
- पखिहवा उर्फ करजहां, बरईपट्टी, कोटवा, टीकमपार में है पेयजल समस्या
संवाद न्यूज एजेंसी
समउर बाजार (कुशीनगर)। गांव के लोगों को स्वच्छ पेयजल उपलब्ध बनाने के लिए बने ओवरहेड टैंक उपयोग के लायक न होने से ग्रामीण चिंतित हैं। लोगों का आरोप है कि परीक्षण होते ही इनकी पाइप जगह-जगह फट गई, जिससे पेयजल आपूर्ति नहीं हो पाई।
तमकुही क्षेत्र के पखिहवा उर्फ करजहा, बरईपट्टी, कोटवा, टीकमपार के लोग शुद्ध पेयजल के लिए परेशान हैं। क्षेत्र के सुनील कुमार सिंह, शिव प्रसाद, राजेश कुमार, मधु मिश्रा, अरुण कुमार मिश्र के मुताबिक वर्ष 2015-16 में ओवरहेड टैंक का निर्माण कराया गया था। इन गांवों में लगभग पांच वर्ष में बनकर ओवरहेड टैंक तैयार हुआ था। कार्यदायी संस्था की तरफ से पाइप बिछाई गई, लेकिन पेयजल आपूर्ति के लिए परीक्षण के दौरान ही पाइप फट गई। करीब आठ माह बीत जाने के बाद भी पेयजल आपूर्ति शुरू नहीं हो सकी। इस संबंध में जल निगम के जेई विनोद कुमार ने बताया कि इस तरह का मामला संज्ञान में नहीं है। इस बारे में पता कराकर जल्द ही समस्या दूर कराकर पेयजल आपूर्ति शुरू कर दी जाएगी।
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- पखिहवा उर्फ करजहां, बरईपट्टी, कोटवा, टीकमपार में है पेयजल समस्या
संवाद न्यूज एजेंसी
समउर बाजार (कुशीनगर)। गांव के लोगों को स्वच्छ पेयजल उपलब्ध बनाने के लिए बने ओवरहेड टैंक उपयोग के लायक न होने से ग्रामीण चिंतित हैं। लोगों का आरोप है कि परीक्षण होते ही इनकी पाइप जगह-जगह फट गई, जिससे पेयजल आपूर्ति नहीं हो पाई।
तमकुही क्षेत्र के पखिहवा उर्फ करजहा, बरईपट्टी, कोटवा, टीकमपार के लोग शुद्ध पेयजल के लिए परेशान हैं। क्षेत्र के सुनील कुमार सिंह, शिव प्रसाद, राजेश कुमार, मधु मिश्रा, अरुण कुमार मिश्र के मुताबिक वर्ष 2015-16 में ओवरहेड टैंक का निर्माण कराया गया था। इन गांवों में लगभग पांच वर्ष में बनकर ओवरहेड टैंक तैयार हुआ था। कार्यदायी संस्था की तरफ से पाइप बिछाई गई, लेकिन पेयजल आपूर्ति के लिए परीक्षण के दौरान ही पाइप फट गई। करीब आठ माह बीत जाने के बाद भी पेयजल आपूर्ति शुरू नहीं हो सकी। इस संबंध में जल निगम के जेई विनोद कुमार ने बताया कि इस तरह का मामला संज्ञान में नहीं है। इस बारे में पता कराकर जल्द ही समस्या दूर कराकर पेयजल आपूर्ति शुरू कर दी जाएगी।
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