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प्रवासी मजदूरों की दी जाएगी वन नेशन वन राशनकार्ड योजना की जानकारी
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प्रवासी मजदूरों की दी जाएगी वन नेशन वन राशनकार्ड योजना की जानकारी
जनपद में प्रवासी मजदूरों की पहचान की जाएगी, डीएसओ ने कोटेदारों व पूर्ति निरीक्षकों को योजना के प्रचार के लिए दिया निर्देश
अमर उजाला ब्यूरो
पडरौना। जिले में वन नेशन वन राशनकार्ड योजना का लाभ अधिक से अधिक प्रवासी मजदूरों को दिलाने के लिए कवायद शुरू हो गई है। इसके लिए प्रवासी मजदूरों के अधिकता वाले क्षेत्रों की पहचान की जाएगी। पूर्ति निरीक्षक इसकी सूची भी तैयार करेंगे, ताकि वहां जागरूकता कार्यक्रम आयोजित कर उन्हें योजना से अवगत करा सके। इसके अलावा संबंधित जिम्मेदारों को योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार करने की जिम्मेदारी भी सौंपी गई है। प्रवासी मजदूर का राशनकार्ड से आधार नंबर लिंक होने पर वह इस सुविधा का लाभ ले सकेगा।
प्रदेश में वन नेशन वन राशन कार्ड योजना लागू है। विशेष तौर पर प्रवासी मजदूरों को यह सुविधा मिली है कि वे अपने राशन कार्ड पर प्रदेश की किसी भी उचित दर विक्रेता की दुकान से अपने कार्ड पर अनुमन्य खाद्यान्न प्राप्त कर सकते हैं। योजना का वृहद लाभ आम लोगों तक पहुंचाने के लिए इसका अधिक से अधिक प्रचार-प्रसार कराया जा रहा है।
जिलापूर्ति अधिकारी विमल कुमार शुक्ला ने बताया कि लॉकडाउन के दौरान यह दिक्कत आई थी कि दूसरे शहरों में फंसे मजदूरों को राशन नहीं मिल पाया था, जबकि अपने गृह क्षेत्र में मौजूद नहीं होने के चलते यहां उनका राशन बच गया था। इसको देखते हुए प्रदेश सरकार ने लॉकडाउन के दौरान ही वन नेशन वन राशनकार्ड योजना शुरू कर दिया था, परंतु अभी भी लोग इसका बहुत लाभ नहीं ले पा रहे हैं। इसको देखते हुए योजना के व्यापक प्रचार-प्रसार का निर्णय लिया गया है।
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इसके तहत जनपद में प्रवासी मजदूरों के अधिकता वाले क्षेत्रों की पहचान करने के लिए श्रम विभाग से समन्वय स्थापित करते हुए सूची बनाई जाएगी। चिन्हित मजदूरों को वन नेशन वन राशन कार्ड/राशन कार्ड पोर्टबिलिटी योजना एवं लाभ प्राप्त करने की प्रक्रिया से अवगत कराने के लिए प्रचार-प्रसार किया जाएगा। मजदूरों को आवश्यक रूप से यह जानकारी दी जाएगी कि राशन कार्ड पोर्टबिलिटी की सुविधा के लाभ हेतु उनके राशनकार्ड के साथ आधार कार्ड नंबर फीड होना आवश्यक है। किस श्रेणी के राशन कार्ड पर कितना खाद्यान्न, कितनी मात्रा एवं मूल्य पर मिलेगा, इसकी भी जानकारी दी जाएगी। जिस क्षेत्र में प्रवासी मजदूरों की संख्या अधिक होगी, वहां खाद्य आपूर्ति विभाग की तरफ से बैठक कराकर अधिक से अधिक मजदूरों को इसकी जानकारी दी जाएगी।
डीएसओ ने बताया कि क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी, पडरौना, खड्डा और समस्त क्षेत्रीय पूर्ति निरीक्षकों को निर्देशित किया गया है कि वे प्रवासी मजदूरों को वन नेशन वन राशन कार्ड योजना की जानकारी देने के लिए हेतु अपने स्तर से तहसील, विकास खंड कार्यालय तथा राशन की दुकानों पर इससे संबंधित होर्डिंग, बैनर, वॉल पेंटिंग, पोस्टर आदि के माध्यम से प्रचार-प्रसार कराएं। इसके अलावा राशन की दुकानों पर भी इसकी सूचना अंकित की जाएगी।
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जनपद में प्रवासी मजदूरों की पहचान की जाएगी, डीएसओ ने कोटेदारों व पूर्ति निरीक्षकों को योजना के प्रचार के लिए दिया निर्देश
अमर उजाला ब्यूरो
पडरौना। जिले में वन नेशन वन राशनकार्ड योजना का लाभ अधिक से अधिक प्रवासी मजदूरों को दिलाने के लिए कवायद शुरू हो गई है। इसके लिए प्रवासी मजदूरों के अधिकता वाले क्षेत्रों की पहचान की जाएगी। पूर्ति निरीक्षक इसकी सूची भी तैयार करेंगे, ताकि वहां जागरूकता कार्यक्रम आयोजित कर उन्हें योजना से अवगत करा सके। इसके अलावा संबंधित जिम्मेदारों को योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार करने की जिम्मेदारी भी सौंपी गई है। प्रवासी मजदूर का राशनकार्ड से आधार नंबर लिंक होने पर वह इस सुविधा का लाभ ले सकेगा।
प्रदेश में वन नेशन वन राशन कार्ड योजना लागू है। विशेष तौर पर प्रवासी मजदूरों को यह सुविधा मिली है कि वे अपने राशन कार्ड पर प्रदेश की किसी भी उचित दर विक्रेता की दुकान से अपने कार्ड पर अनुमन्य खाद्यान्न प्राप्त कर सकते हैं। योजना का वृहद लाभ आम लोगों तक पहुंचाने के लिए इसका अधिक से अधिक प्रचार-प्रसार कराया जा रहा है।
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जिलापूर्ति अधिकारी विमल कुमार शुक्ला ने बताया कि लॉकडाउन के दौरान यह दिक्कत आई थी कि दूसरे शहरों में फंसे मजदूरों को राशन नहीं मिल पाया था, जबकि अपने गृह क्षेत्र में मौजूद नहीं होने के चलते यहां उनका राशन बच गया था। इसको देखते हुए प्रदेश सरकार ने लॉकडाउन के दौरान ही वन नेशन वन राशनकार्ड योजना शुरू कर दिया था, परंतु अभी भी लोग इसका बहुत लाभ नहीं ले पा रहे हैं। इसको देखते हुए योजना के व्यापक प्रचार-प्रसार का निर्णय लिया गया है।
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इसके तहत जनपद में प्रवासी मजदूरों के अधिकता वाले क्षेत्रों की पहचान करने के लिए श्रम विभाग से समन्वय स्थापित करते हुए सूची बनाई जाएगी। चिन्हित मजदूरों को वन नेशन वन राशन कार्ड/राशन कार्ड पोर्टबिलिटी योजना एवं लाभ प्राप्त करने की प्रक्रिया से अवगत कराने के लिए प्रचार-प्रसार किया जाएगा। मजदूरों को आवश्यक रूप से यह जानकारी दी जाएगी कि राशन कार्ड पोर्टबिलिटी की सुविधा के लाभ हेतु उनके राशनकार्ड के साथ आधार कार्ड नंबर फीड होना आवश्यक है। किस श्रेणी के राशन कार्ड पर कितना खाद्यान्न, कितनी मात्रा एवं मूल्य पर मिलेगा, इसकी भी जानकारी दी जाएगी। जिस क्षेत्र में प्रवासी मजदूरों की संख्या अधिक होगी, वहां खाद्य आपूर्ति विभाग की तरफ से बैठक कराकर अधिक से अधिक मजदूरों को इसकी जानकारी दी जाएगी।
डीएसओ ने बताया कि क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी, पडरौना, खड्डा और समस्त क्षेत्रीय पूर्ति निरीक्षकों को निर्देशित किया गया है कि वे प्रवासी मजदूरों को वन नेशन वन राशन कार्ड योजना की जानकारी देने के लिए हेतु अपने स्तर से तहसील, विकास खंड कार्यालय तथा राशन की दुकानों पर इससे संबंधित होर्डिंग, बैनर, वॉल पेंटिंग, पोस्टर आदि के माध्यम से प्रचार-प्रसार कराएं। इसके अलावा राशन की दुकानों पर भी इसकी सूचना अंकित की जाएगी।