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Kushinagar News: आंखों के सामने जल गए अरमान, आसमान तले कट रही रात- जानें कितने घर से हो गए बेघर
Wed, 01 May 2024 04:32 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Wed, 01 May 2024 04:32 PM IST
सार
42 डिग्री सेल्सियस तापमान और सूरज की तपिश के बीच अग्निपीड़ित खुद को संभाल भी नहीं पा रहे थे। आग की राख ठंडी हुई तो वहां पहुंचे अग्निपीड़ित राख में कीमती सामान ढूंढ़ते नजर आए।
जिले के अलग-अलग इलाकों में मंगलवार को आग ने जमकर तांडव मचाया।
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पटहेरवा में आग लगने से जलतीं झाेपड़ी।
विस्तार
जिले में मंगलवार को आग ने तांडव मचाया। सुबह से लेकर शाम तक अलग-अलग क्षेत्रों में हुई अगलगी से 135 परिवार बेघर हो गए। उनके आंखों के सामने ही रिहायशी झोपड़ी और उसमें रखा सारा सामान जलकर राख में तब्दील हो गया।
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तेज पछुआ हवाओं के कारण फैली आग के बीच लोगों को कोई भी सामान घरों से निकालने का मौका नहीं मिला। सुबह तक चैन और सुकून में रहने वाले लोग दिन चढ़ने के बाद ही आग के कारण बेघर होकर खुले आसमान के नीचे आ गए।
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42 डिग्री सेल्सियस तापमान और सूरज की तपिश के बीच अग्निपीड़ित खुद को संभाल भी नहीं पा रहे थे। आग की राख ठंडी हुई तो वहां पहुंचे अग्निपीड़ित राख में कीमती सामान ढूंढ़ते नजर आए।
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जिले के अलग-अलग इलाकों में मंगलवार को आग ने जमकर तांडव मचाया।
मंगलवार की सुबह इन गांवों के लोग काफी सुकून में थे। दिन चढ़ा तो तापमान भी चरम पर पहुंचने लगा। अज्ञात कारणों से लगी आग में तेज पछुआ हवाओं ने घी डालने का काम किया। एक के बाद एक रिहायशी झोपड़ियों को अपनी आगोश में लेने के बाद आग ने जलाकर राख में तब्दील कर दिया।
बरवारतनपुर गांव सुखलाल, रामहरख, विनोद, विरेन्द्र व आनंदकर राव का कहना था कि आंखों के सामने ही उनकी झोपड़ियां और उसमें रखा सामान जलकर राख हो गया। आग ने तनिक भी मौका नहीं दिया कि वे अपनी झोपड़ियों से जरूरी सामान को भी बाहर निकाल सके।
तेज धूप और तेज पछुआ हवा के थपेड़ों के बीच वह परिवार समेत खुले आसमान के तले रहने को मजबूर हो गए हैं। पटहेरवा गांव निवासी जगरनाथ, बुनेला व जयश्री का कहना था कि अभी वे लोग आग पर काबू पाने की तैयारी में ही थे कि थोड़ी देर में पछुआ हवा के कारण आग ने सब कुछ जलाकर राख कर दिया।
इस तपती धूप के बीच वह खुले आसमान के नीचे आ गए हैं। आगलगी में उनका घर-गृहस्थी का सामान जलकर राख हो गया है। खड़डा के बरवारतनपुर गांव में आग बुझाते समय अचानक रसोई गैस सिलिंडर फटने से अफरा-तफरी मच गई। तीन लोग झुलस गए।
एडीएम प्रशासन वैभव मिश्रा ने बताया कि आग की घटनाएं आज ज्यादा हुई हैं। राजस्वकर्मी, एसडीएम और तहसीलदार मौके पर पहुंचे थे। अग्नि पीड़ितों के लिए रहने की व्यवस्था की गई है। अनाज भी उपलब्ध कराया गया है। प्रशासन की ओर से जो भी सहायता होगी, उसे अग्निपीड़ितों को मुहैया कराया जाएगा। इसके लिए राजस्वकर्मियों को निर्देश दिए गए हैं।