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नाइजीरिया से शव आने पर मचा कोहराम
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नाइजीरिया से आठ दिन बाद गांव पहुंचा युवक का शव
कुबेरस्थान (कुशीनगर )। रोजगार की तलाश में नाइजीरिया गए क्षेत्र के कल्याण छापर निवासी एक युवक का शव मौत के आठ दिन बाद रविवार को गांव लाया गया। बीते 18 जुलाई को तबीयत बिगड़ने के बाद वहां एक प्राइवेट अस्पताल में उन्हें भर्ती कराया गया था, लेकिन इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई थी। उनका शव घर आया तो परिवार में कोहराम मच गया।
क्षेत्र के कल्याण छापर गांव निवासी शिवकुमार वर्मा (45) सात माह पूर्व नौकरी करने के लिए नाइजीरिया की एक कंपनी में पाइप फीटर के तौर पर गए थे। 18 जुलाई को उनका स्वास्थ्य खराब हो गया। उनके साथियों ने उन्हें वहां के एक प्राइवेट अस्पताल में भर्ती कराया, जहां इलाज के दौरान रात में करीब आठ बजे उनकी मौत हो गई। साथियों ने इसकी सूचना उनके परिजनों को दी। परिजन उनके शव को स्वदेश लाने की कोशिश करने लगे। रविवार की दोपहर में शव आया। घर के लाल का शव देख परिजन विलाप करने लगे। उसके कुछ देर बाद शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया। शिवकुमार अपने माता-पिता की तीन संतानों में सबसे छोटे बेटे थे। उनकी पत्नी शारदा देवी के अलावा बेटा अमन (19), बेटी मुस्कान (15) हैं। परिवार का इकलौता कमाऊ सदस्य होने से शिवकुमार की मौत के बाद उनके परिवार पर संकट के बादल छा गए हैं।
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कुबेरस्थान (कुशीनगर )। रोजगार की तलाश में नाइजीरिया गए क्षेत्र के कल्याण छापर निवासी एक युवक का शव मौत के आठ दिन बाद रविवार को गांव लाया गया। बीते 18 जुलाई को तबीयत बिगड़ने के बाद वहां एक प्राइवेट अस्पताल में उन्हें भर्ती कराया गया था, लेकिन इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई थी। उनका शव घर आया तो परिवार में कोहराम मच गया।
क्षेत्र के कल्याण छापर गांव निवासी शिवकुमार वर्मा (45) सात माह पूर्व नौकरी करने के लिए नाइजीरिया की एक कंपनी में पाइप फीटर के तौर पर गए थे। 18 जुलाई को उनका स्वास्थ्य खराब हो गया। उनके साथियों ने उन्हें वहां के एक प्राइवेट अस्पताल में भर्ती कराया, जहां इलाज के दौरान रात में करीब आठ बजे उनकी मौत हो गई। साथियों ने इसकी सूचना उनके परिजनों को दी। परिजन उनके शव को स्वदेश लाने की कोशिश करने लगे। रविवार की दोपहर में शव आया। घर के लाल का शव देख परिजन विलाप करने लगे। उसके कुछ देर बाद शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया। शिवकुमार अपने माता-पिता की तीन संतानों में सबसे छोटे बेटे थे। उनकी पत्नी शारदा देवी के अलावा बेटा अमन (19), बेटी मुस्कान (15) हैं। परिवार का इकलौता कमाऊ सदस्य होने से शिवकुमार की मौत के बाद उनके परिवार पर संकट के बादल छा गए हैं।
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