युवक ने ट्रेन के आगे कूद कर की आत्महत्या
चर्चा है कि युवक की बहन लंबी इलाज के बाद सोमवार को अस्पताल से अपनी मां के साथ घर आई थी। उसके बाद से वह अपनी मां से बार-बार पॉकेट खर्च के लिए पैसे की मांग कर रहा था। मां के इनकार करने पर उसने ट्रेन के आगे कूद कर जान दे दी। मृतक के बड़े भाई परिवार के साथ बाहर रहते हैं। जबकि घर में बीमार बहन के साथ केवल मां रहती है। घटना की खबर सुनते ही गांव में चीख पुकार मच गया है। एसओ रामाज्ञा सिंह ने बताया कि घटना की जांच की जा रही है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया।
साले से विवाद पर ट्रेन के आगे कूदने की कोशिश
खड्डा। मुंबई जाने के लिए ट्रेन पकड़ने पनियहवा स्टेशन पहुंचे साले-बहनोई शराब पीकर आपस में उलझ गए। नाराज बहनोई सवारी गाड़ी के आगे जान देने के लिए दौड़ने लगा। चालक की सूझबूझ व पुलिस के सहयोग से उसे बचाया जा सका। इस दौरान अफरातफरी मच गई।
सीमावर्ती बिहार प्रांत के थाना पिपरासी अंतर्गत भीसहिया गांव निवासी सुनील उर्फ भोला बीन उम्र 37 वर्ष अपनी पत्नी रेखा देवी, साला प्रभु, सास फुलपतिया, तीन बच्चे क्रमश: उपेंद्र, शालू व पुष्पा के साथ पनियहवा रेलवे स्टेशन पर मुंबई जाने के लिए पहुंचे थे। ट्रेन आने में विलंब होने के चलते साले-बहनोई देसी शराब की दुकान पर पहुंच गए और छक कर शराब पी।
नशे में धुत दोनों आपस में ही उलझ गए। मौजूद पत्नी व सास ने सुनील का पक्ष नहीं लिया तो वह नाराज हो गया। बिहार की तरफ जा रही सवारी गाड़ी 55080 के आगे जान देने की नीयत से दौड़ने लगा। इससे लोगों में हड़कंप मच गया। गनीमत रही कि ट्रेन की गति तेज नहीं थी और चालक ने ब्रेक लगा दिया। जानकारी होने पर आरपीएफ के जवान दिलीफ सिंह व हृदय लाल माझी उसे बचाने दौड पड़े। जवानों ने सुनील को पकड़ कर बाहर लाया। बाद में समझाबुझाकर पत्नी, सास व साले की सुपुर्दगी में घर भेज दिया गया। घटना की वजह से उसकी मुंबई की यात्रा रद्द हो गई।