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Kushinagar News: दलालों ने दिलवाया लोन, अब एजेंट बेच रहे घर का सामान
Fri, 04 Jul 2025 03:00 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Fri, 04 Jul 2025 03:00 AM IST
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पडरौना। जिले के दरगौली गांव में दो साल पहले माइक्रो फाइनेंस कंपनियों से लोन लेने वाली 50 से अधिक महिलाओं को एजेंट प्रताड़ित कर रहे हैं। दलालों के माध्यम से चार कंपनियों से एजेंटों ने लोन दिलाया है। इसके एवज में एक महिला बीस हजार रुपये कमीशन भी दी है। कुर्सी, बकरी और घर का सामान भी एजेंट बिकवा दिए, लेकिन अभी तक लोन नहीं चुकता हो सका। ब्याज इतना बढ़ गया है कि जो लोन लिए वह तिनगुना हो गया है। 55 लाख से अधिक बकाया एजेंट बताते हैं और जमा करने के लिए दबाव बनाते हैं।
हनुमानगंज थाना क्षेत्र के दरगौली गांव की रहने वाली चंद्रकला देवी, रीता देवी, चंदा देवी, उमरावती देवी, राबड़ी देवी, तारा देवी, रूबी, बिंदु देवी, मालती देवी, गुड्डी देवी, पूजा आदि ने बताया कि गांव में करीब दो साल पहले पड़ोसी गांव का एक व्यक्ति आया और पांच हजार रुपये कमीशन लेकर एजेंट से लोन 35-35 हजार रुपये दिलवाया।
एक माह बाद फिर वही व्यक्ति आया और कमीशन लेकर दूसरे कंपनी से लोन दिलवाया। ऐसे ही चार कंपनियों से लोन लेने में बीस हजार कमीशन ले लिया और दो कंपनियों का लोन माफ होने की बात कही थी, लेकिन चारों कंपनियों से लिए गए लोन का कुछ दिन तक कमीशन भी जमा किया गया, बावजूद 55 लाख रुपये ब्याज बढ़कर हो गया है। इसके लिए आने वाले एजेंट प्रताड़ित कर रहे हैं। कहीं मजदूरी करने भी नहीं जाने देते हैं, इससे दो जून की रोटी पर भी संकट खड़ा हो गया है।
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महिलाओं के पति जहां मजदूरी करते हैं पता लगाकर वहां पहुंचकर विवाद करते हैं। दस दिन पर एक बार गांव में एजेंट आते हैं और पूरे दिन परेशान करते हैं। अपने साथ चार से पांच लोगों को लेकर आते हैं, दरवाजे पर रखा सामान या बकरी उठा ले जाते हैं। पांच लोगों की बकरी अभी तक उठा ले गए हैं। विरोध करने पर बोलते हैं बकरी जितने में बिकेगी, उतना रुपये लोन में जमा हो जाएगा। इसके लिए कई बार प्रधान और स्थानीय पुलिस के पास भी गांव की महिलाएं गई, लेकिन कोई मदद नहीं कर रहा है। आज भी अलग-अलग कागज लेकर एजेंट आते हैं और दबाव बनाकर अंगूठा लगवाते हैं। पढ़ी लिखी नहीं होने के चलते महिलाओं को पता नहीं चलता है कि कैसे पेपर पर अंगूठा लगा रही हैं। उस पर क्या लिखा है। इसकी भी जानकारी नहीं है। महिलाओं ने कहा कि इतना लोन कर रकम भरना मुश्किल है। अभी तक लोन में कितना किश्त जमा हुआ है। इसकी भी सही तरीके से एजेंट जानकारी नहीं दे रहे हैं, जो दलाल लोन दिलवाया वह अब नहीं आता है।
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हनुमानगंज थाना क्षेत्र के दरगौली गांव की रहने वाली चंद्रकला देवी, रीता देवी, चंदा देवी, उमरावती देवी, राबड़ी देवी, तारा देवी, रूबी, बिंदु देवी, मालती देवी, गुड्डी देवी, पूजा आदि ने बताया कि गांव में करीब दो साल पहले पड़ोसी गांव का एक व्यक्ति आया और पांच हजार रुपये कमीशन लेकर एजेंट से लोन 35-35 हजार रुपये दिलवाया।
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एक माह बाद फिर वही व्यक्ति आया और कमीशन लेकर दूसरे कंपनी से लोन दिलवाया। ऐसे ही चार कंपनियों से लोन लेने में बीस हजार कमीशन ले लिया और दो कंपनियों का लोन माफ होने की बात कही थी, लेकिन चारों कंपनियों से लिए गए लोन का कुछ दिन तक कमीशन भी जमा किया गया, बावजूद 55 लाख रुपये ब्याज बढ़कर हो गया है। इसके लिए आने वाले एजेंट प्रताड़ित कर रहे हैं। कहीं मजदूरी करने भी नहीं जाने देते हैं, इससे दो जून की रोटी पर भी संकट खड़ा हो गया है।
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महिलाओं के पति जहां मजदूरी करते हैं पता लगाकर वहां पहुंचकर विवाद करते हैं। दस दिन पर एक बार गांव में एजेंट आते हैं और पूरे दिन परेशान करते हैं। अपने साथ चार से पांच लोगों को लेकर आते हैं, दरवाजे पर रखा सामान या बकरी उठा ले जाते हैं। पांच लोगों की बकरी अभी तक उठा ले गए हैं। विरोध करने पर बोलते हैं बकरी जितने में बिकेगी, उतना रुपये लोन में जमा हो जाएगा। इसके लिए कई बार प्रधान और स्थानीय पुलिस के पास भी गांव की महिलाएं गई, लेकिन कोई मदद नहीं कर रहा है। आज भी अलग-अलग कागज लेकर एजेंट आते हैं और दबाव बनाकर अंगूठा लगवाते हैं। पढ़ी लिखी नहीं होने के चलते महिलाओं को पता नहीं चलता है कि कैसे पेपर पर अंगूठा लगा रही हैं। उस पर क्या लिखा है। इसकी भी जानकारी नहीं है। महिलाओं ने कहा कि इतना लोन कर रकम भरना मुश्किल है। अभी तक लोन में कितना किश्त जमा हुआ है। इसकी भी सही तरीके से एजेंट जानकारी नहीं दे रहे हैं, जो दलाल लोन दिलवाया वह अब नहीं आता है।