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लापता दिव्यांश नेपाल में मिला
Kushinagar
Updated Sun, 18 Nov 2012 12:00 PM IST
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पडरौना। शुक्रवार की सुबह से लापता दिव्यांश का पता लग गया है। पुलिस ने उसे नेपाल से बरामद किया है। देर रात तक उसके पडरौना आ जाने की उम्मीद है। सेंट थ्रेसेस स्कूल की नौवीं कक्षा के इस छात्र को ट्यूशन पढ़ाने वाले अध्यापक ने बहला-फुसलाकर नेपाल भेज दिया था।
उल्लेखनीय है कि पडरौना नगर के कन्नौजिया वार्ड निवासी प्रदीप सोनकर का पुत्र दिव्यांश (14) शुक्रवार की सुबह अचानक लापता हो गया। यह छात्र पढ़ने गया था। जब छुट्टी होने पर घरवाले उसे लेने पहुंचे तो पता लगा कि वह सुबह से स्कूल ही नहीं आया था। इसके बाद घबराए परिजन अपहरण की आशंका में कोतवाली पहुंचे। एसपी डीके चौधरी के मुताबिक रात आठ बजे सूचना मिली कि रामकोला थानाक्षेत्र के गांव रामपुर भाठ के पास इस लड़के का स्कूल ड्रेस एक खेत के पास पड़ा है। रात में ही एसपी, सीओ और रामकोला एसओ मौके पर पहुंच गए। वहां कपड़ों के साथ एक पालीथिन मिली, जिस पर रामकोला के एक कपड़े की दुकान का पता छपा था। दुकानदार को दिव्यांश का फोटो दिखाया गया तो उसने तुरंत पहचान लिया। उसके साथ मौजूद एक अन्य व्यक्ति का हुलिया दिव्यांश को घर पर ट्यूशन पढ़ाने वाले मास्टर से मिलता-जुलता था। इस आधार पर पुलिस ने ट्यूशन मास्टर को उठाया तो सारी कहानी सामने आ गई। ट्यूशन मास्टर के घर से 1.80 लाख रुपये भी बरामद हुए, जिसे दिव्यांश अपने साथ ले गया था। मामले की खोजबीन हुई तो पता लगा कि दिव्यांश नेपाल में है। शनिवार को दिव्यांश के पिता प्रदीप सोनकर और पडरौना कोतवाली के प्रभारी चांद हुसैन नेपाल रवाना हो गए। एसपी के मुताबिक नेपाल में दिव्यांश मिल गया। उसे पुलिस टीम लेकर लौट रही है।
पैसों के लिए रचा गया था ड्रामा
पडरौना। पुलिस सूत्रों के मुताबिक दिव्यांश को गायब करने के पीछे पैसा कमाने की चाहत है। दिव्यांश के पिता प्रदीप सोनकर के मुताबिक घर से करीब पौने तीन लाख रुपये गायब हैं। इसमें से एक लाख अस्सी हजार तो ट्यूशन मास्टर के घर से बरामद हो गए हैं।
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पूरी रात लगे रहे एसपी
पडरौना। दिव्यांश को 24 घंटे के भीतर बरामद करने में एसपी डीके चौधरी की सक्रिय भूमिका का अहम रोल रहा। एसपी को रात में रामकोला एसओ ने कपड़ा मिलने की बात बताई तो वे स्वयं रामकोला चले गए। आधी रात तक रामकोला और नेबुआ नौरंगिया इलाके में छानबीन करते रहे एसपी की नजर दिव्यांश के घर के मोबाइल से भेजे गए एक मैसेज पर पड़ी। इससे गुत्थी तेजी से सुलझी। रात के दो बजे तक बिखरी कड़ियों को जोड़ते रहे एसपी ने शनिवार को टीम नेपाल भेजी और शाम तक दिव्यांश के बरामद होने की खबर आ गई।
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उल्लेखनीय है कि पडरौना नगर के कन्नौजिया वार्ड निवासी प्रदीप सोनकर का पुत्र दिव्यांश (14) शुक्रवार की सुबह अचानक लापता हो गया। यह छात्र पढ़ने गया था। जब छुट्टी होने पर घरवाले उसे लेने पहुंचे तो पता लगा कि वह सुबह से स्कूल ही नहीं आया था। इसके बाद घबराए परिजन अपहरण की आशंका में कोतवाली पहुंचे। एसपी डीके चौधरी के मुताबिक रात आठ बजे सूचना मिली कि रामकोला थानाक्षेत्र के गांव रामपुर भाठ के पास इस लड़के का स्कूल ड्रेस एक खेत के पास पड़ा है। रात में ही एसपी, सीओ और रामकोला एसओ मौके पर पहुंच गए। वहां कपड़ों के साथ एक पालीथिन मिली, जिस पर रामकोला के एक कपड़े की दुकान का पता छपा था। दुकानदार को दिव्यांश का फोटो दिखाया गया तो उसने तुरंत पहचान लिया। उसके साथ मौजूद एक अन्य व्यक्ति का हुलिया दिव्यांश को घर पर ट्यूशन पढ़ाने वाले मास्टर से मिलता-जुलता था। इस आधार पर पुलिस ने ट्यूशन मास्टर को उठाया तो सारी कहानी सामने आ गई। ट्यूशन मास्टर के घर से 1.80 लाख रुपये भी बरामद हुए, जिसे दिव्यांश अपने साथ ले गया था। मामले की खोजबीन हुई तो पता लगा कि दिव्यांश नेपाल में है। शनिवार को दिव्यांश के पिता प्रदीप सोनकर और पडरौना कोतवाली के प्रभारी चांद हुसैन नेपाल रवाना हो गए। एसपी के मुताबिक नेपाल में दिव्यांश मिल गया। उसे पुलिस टीम लेकर लौट रही है।
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पैसों के लिए रचा गया था ड्रामा
पडरौना। पुलिस सूत्रों के मुताबिक दिव्यांश को गायब करने के पीछे पैसा कमाने की चाहत है। दिव्यांश के पिता प्रदीप सोनकर के मुताबिक घर से करीब पौने तीन लाख रुपये गायब हैं। इसमें से एक लाख अस्सी हजार तो ट्यूशन मास्टर के घर से बरामद हो गए हैं।
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पूरी रात लगे रहे एसपी
पडरौना। दिव्यांश को 24 घंटे के भीतर बरामद करने में एसपी डीके चौधरी की सक्रिय भूमिका का अहम रोल रहा। एसपी को रात में रामकोला एसओ ने कपड़ा मिलने की बात बताई तो वे स्वयं रामकोला चले गए। आधी रात तक रामकोला और नेबुआ नौरंगिया इलाके में छानबीन करते रहे एसपी की नजर दिव्यांश के घर के मोबाइल से भेजे गए एक मैसेज पर पड़ी। इससे गुत्थी तेजी से सुलझी। रात के दो बजे तक बिखरी कड़ियों को जोड़ते रहे एसपी ने शनिवार को टीम नेपाल भेजी और शाम तक दिव्यांश के बरामद होने की खबर आ गई।