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Kaushambi News: हादसे में मां की मौत, बेटे की आंख गई, एक साल बाद अदालत के आदेश पर प्राथमिकी दर्ज
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सड़क हादसे में मां की मौत और बेटे की आंख की रोशनी जाने के मामले में करीब एक साल बाद अदालत के आदेश पर कोखराज पुलिस ने अज्ञात डंपर चालक के खिलाफ केस दर्ज किया है। मलाक निदुरा निवासी रंजीत कुमार ने सीजेएम न्यायालय में प्रार्थना पत्र देकर कार्रवाई की मांग की थी।
रंजीत के मुताबिक नौ जनवरी 2025 की सुबह उसका भाई वसंत सिंह मां चंपा देवी को बाइक पर बैठाकर रिश्तेदार के घर जीवनगंज जा रहा था। नवजीवन अस्पताल कसिया पश्चिम के सामने पीछे से आए तेज रफ्तार डंपर ने बाइक में टक्कर मार दी। हादसे में दोनों गंभीर घायल हो गए। इलाज के दौरान 17 जनवरी को चंपा देवी की प्रयागराज स्थित स्वरूप रानी अस्पताल में मौत हो गई। वहीं वसंत सिंह की एक आंख की रोशनी चली गई और कई माह तक उसका इलाज चलता रहा।
रंजीत का आरोप है कि घटना के बाद पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज नहीं की। 16 जून 2026 को एसपी को भी प्रार्थना पत्र दिया, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद अदालत की शरण ली गई। न्यायालय के आदेश पर पुलिस ने अज्ञात डंपर चालक के खिलाफ करीब एक साल बाद प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
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रंजीत के मुताबिक नौ जनवरी 2025 की सुबह उसका भाई वसंत सिंह मां चंपा देवी को बाइक पर बैठाकर रिश्तेदार के घर जीवनगंज जा रहा था। नवजीवन अस्पताल कसिया पश्चिम के सामने पीछे से आए तेज रफ्तार डंपर ने बाइक में टक्कर मार दी। हादसे में दोनों गंभीर घायल हो गए। इलाज के दौरान 17 जनवरी को चंपा देवी की प्रयागराज स्थित स्वरूप रानी अस्पताल में मौत हो गई। वहीं वसंत सिंह की एक आंख की रोशनी चली गई और कई माह तक उसका इलाज चलता रहा।
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रंजीत का आरोप है कि घटना के बाद पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज नहीं की। 16 जून 2026 को एसपी को भी प्रार्थना पत्र दिया, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद अदालत की शरण ली गई। न्यायालय के आदेश पर पुलिस ने अज्ञात डंपर चालक के खिलाफ करीब एक साल बाद प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
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