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नक्सली हमले में दोआबा का जवान शहीद
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kaushambi news
- फोटो : KAUSHAMBI
पश्चिमशरीरा। छत्तीसगढ़ के रायपुर में तैनात दोआबा का जवान नक्सली हमले में शहीद हो गया। गुरुवार को सीआरपीएफ कैंप से सूचना आने के बाद एसडीएम सदर ने जवान के घर जाकर शहीद होने की खबर दी तो कोहराम मच गया। शहीद का पार्थिव शरीर शुक्रवार को गांव पहुंचेगा।
महेवाघाट कोतवाली के अलवारा गांव निवासी रघुवा सरोज का एकलौता बेटा कामता प्रसाद (28) वर्ष 2013 में सीआरपीएफ में भर्ती हुआ था। इन दिनों उसकी तैनाती छत्तीसगढ़ प्रांत के रायपुर में थी। गुरुवार की भोर सर्च ऑपरेशन के दौरान नक्सलियों ने जवानों पर हमला कर दिया। गोलीबारी में पांच जवान शहीद हुए हैं। इन शहीद जवानों में कामता भी शामिल थे। गुरुवार की दोपहर एसडीएम सदर राजेश चंद्रा ने कामता के घर जाकर शहीद होने की खबर दी तो कोहराम मच गया। कामता तीन बहनों में एकलौता भाई था।
वर्ष 2011 में उसकी शादी अनीता के साथ हुई थी। मां श्यामकली बीमार रहती है। पिछले दिनों वह अपनी मां को देखने आया था। दीपावली को लेकर उसने घर की रंगाई-पुताई कराई और 21 अक्तूबर को छुट्टी समाप्त होने के बाद वह ड्यूटी पर गया था। घटना से परिवार व गांव के लोग स्तब्ध हैं। कामता के परिवार के चार अन्य सदस्य भी सेना में हैं। घटना की जानकारी होने पर कामता की बहने अपने मायके आ चुकी है। सभी का रो-रोकर बुरा हाल है।
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महेवाघाट कोतवाली के अलवारा गांव निवासी रघुवा सरोज का एकलौता बेटा कामता प्रसाद (28) वर्ष 2013 में सीआरपीएफ में भर्ती हुआ था। इन दिनों उसकी तैनाती छत्तीसगढ़ प्रांत के रायपुर में थी। गुरुवार की भोर सर्च ऑपरेशन के दौरान नक्सलियों ने जवानों पर हमला कर दिया। गोलीबारी में पांच जवान शहीद हुए हैं। इन शहीद जवानों में कामता भी शामिल थे। गुरुवार की दोपहर एसडीएम सदर राजेश चंद्रा ने कामता के घर जाकर शहीद होने की खबर दी तो कोहराम मच गया। कामता तीन बहनों में एकलौता भाई था।
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वर्ष 2011 में उसकी शादी अनीता के साथ हुई थी। मां श्यामकली बीमार रहती है। पिछले दिनों वह अपनी मां को देखने आया था। दीपावली को लेकर उसने घर की रंगाई-पुताई कराई और 21 अक्तूबर को छुट्टी समाप्त होने के बाद वह ड्यूटी पर गया था। घटना से परिवार व गांव के लोग स्तब्ध हैं। कामता के परिवार के चार अन्य सदस्य भी सेना में हैं। घटना की जानकारी होने पर कामता की बहने अपने मायके आ चुकी है। सभी का रो-रोकर बुरा हाल है।
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