{"_id":"d945df805e82ffbb4fb6a79504953b3e","slug":"kaushambi-news-hindi-news-65","type":"story","status":"publish","title_hn":"सदमे से एक और किसान की थमी सांसें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सदमे से एक और किसान की थमी सांसें
ब्यूरो/अमर उजाला कौशाम्बी
Updated Thu, 07 May 2015 12:11 AM IST
विज्ञापन
फसल की बर्बादी के सदमे से द्वाबा में किसानों की मौत का सिलसिला जारी है। मड़ाई के बाद चार बीघे में पांच कुंतल गेहूं की पैदावार देख चायल के लोधौर गांव में मंगलवार की रात एक किसान की मौत हो गई। किसान की मौत की खबर पर गांव पहुंचे राजस्वकर्मियों ने घटना की छानबीन की। किसान की मौत से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
चायल तहसील क्षेत्र के लोधौर गांव निवासी वंशीलाल (65) पुत्र कंधई लाल किसान था। उसके बड़े बेटे धर्मपाल ने बताया कि कुल सात बीघा खेत है।
यही जमीन परिवार की जीविका का साधन है। धर्मपाल के मुताबिक वह तीन भाई हैं। दो भाई अलग रहते हैं। वह अपने पिता के साथ रहता था। बताया कि इस बार चार बीघे में उसने गेहूं की बुआई की थी। बेमौसम बरसात के कारण पूरी फसल गिरकर बर्बाद हो गई थी। फसल कटाने के बाद सोमवार को मड़ाई कराई गई। 4 बीघे की फसल में मुश्किल से 5 कुंतल अनाज की पैदावार हुई है। इतनी कम उपज देखकर उसके पिता के होश उड़ गए। उन्होंने खलिहान में ही तीनों बेटों में अनाज बराबर-बराबर बांट दिया था। साथ ही मंगलवार को दिनभर कम उपज की चिंता में बैठे रहे। दिन में कुछ खाया भी नहीं। रात में अचानक तबीयत बिगड़ी और सांसें थम गईं। मृतक के बेटे धर्मपाल और परिवार के सभी सदस्यों का मानना है कि सदमे से उसके पिता की मौत हुई है। सूचना पर गांव पहुंचे राजस्वकर्मियों ने मौका-मुआयना किया। राजस्व निरीक्षक ने बताया कि जांच रिपोर्ट एसडीएम को दी जाएगी। उधर, किसान की मौत से घर-परिवार में कोहराम मचा है।
विज्ञापन
चायल तहसील क्षेत्र के लोधौर गांव निवासी वंशीलाल (65) पुत्र कंधई लाल किसान था। उसके बड़े बेटे धर्मपाल ने बताया कि कुल सात बीघा खेत है।
यही जमीन परिवार की जीविका का साधन है। धर्मपाल के मुताबिक वह तीन भाई हैं। दो भाई अलग रहते हैं। वह अपने पिता के साथ रहता था। बताया कि इस बार चार बीघे में उसने गेहूं की बुआई की थी। बेमौसम बरसात के कारण पूरी फसल गिरकर बर्बाद हो गई थी। फसल कटाने के बाद सोमवार को मड़ाई कराई गई। 4 बीघे की फसल में मुश्किल से 5 कुंतल अनाज की पैदावार हुई है। इतनी कम उपज देखकर उसके पिता के होश उड़ गए। उन्होंने खलिहान में ही तीनों बेटों में अनाज बराबर-बराबर बांट दिया था। साथ ही मंगलवार को दिनभर कम उपज की चिंता में बैठे रहे। दिन में कुछ खाया भी नहीं। रात में अचानक तबीयत बिगड़ी और सांसें थम गईं। मृतक के बेटे धर्मपाल और परिवार के सभी सदस्यों का मानना है कि सदमे से उसके पिता की मौत हुई है। सूचना पर गांव पहुंचे राजस्वकर्मियों ने मौका-मुआयना किया। राजस्व निरीक्षक ने बताया कि जांच रिपोर्ट एसडीएम को दी जाएगी। उधर, किसान की मौत से घर-परिवार में कोहराम मचा है।
विज्ञापन