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Kaushambi News: एसआईआर के दबाव में गुरुजी, स्कूल में मौज कर रहे बच्चे
Thu, 27 Nov 2025 01:02 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कौशांबी
संवाद न्यूज एजेंसी, कौशांबी
Updated Thu, 27 Nov 2025 01:02 AM IST
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चायल। मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) अभियान ने सरकारी प्राथमिक स्कूलों की पढ़ाई को पूरी तरह ठप कर दिया है। विधान सभा के बूथों पर एसआईआर के लिए बीएलओ के साथ-साथ शिक्षक, शिक्षामित्र, अनुदेशक, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और कोटेदार तक को मैदान में उतार दिया गया है। नतीजतन स्कूलों में बच्चे बिना निगरानी के परिसर में उधम मचाते घूम रहे हैं।
चायल तहसील प्रशासन ने विधानसभा के 4,04,036 मतदाताओं के एसआईआर के लिए 405 बीएलओ को लगाया गया है। चार नवंबर से शुरू हुए इस अभियान में बुधवार दोपहर 12 बजे तक सिर्फ एक लाख 12 हजार 22 मतदाताओं का ही ऑनलाइन पंजीकरण हो सका है। जबकि आठ दिन का समय शेष बचा है।
नाम नहीं छापने की शर्त पर स्कूल के शिक्षकों ने बताया कि साहब लोग धमकी दे रहे हैं कि जो लक्ष्य पूरा नहीं करेगा उसका वेतन रोकने के साथ-साथ निलंबन और एफआईआर की कार्रवाई की जाएगी। दबाव इतना कि हर कर्मी को रोज कम से कम 40 नए फॉर्म जुटाने का लक्ष्य थमा दिया गया है।
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मजबूरी में सुबह से शाम तक घर-घर फॉर्म भरवा रहे हैं। स्कूल में कक्षाएं नहीं चल पा रही हैं। वहीं, एक अन्य शिक्षक ने कहा मतदाता सूची बनाना हमारा मूल काम नहीं है। फिर भी एसआईआर और निलंबन की तलवार लटक रही है।
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खराब प्रगति पर 36 बीएलओ व छह सुपरवाइजर को नोटिस
तहसील क्षेत्र में एसआईआर अभियान में लक्ष्य के अनुरूप प्रगति नहीं होने पर 36 बीएलओ और छह सुपरवाइजरों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। आरोप है कि ये कर्मी मतदाता सूची पुनरीक्षण के कार्य में रुचि नहीं ले रहे हैं और निर्धारित लक्ष्य से बहुत पीछे चल रहे हैं। तहसील प्रशासन ने सभी को दो दिन के भीतर स्पष्टीकरण देने को कहा है। संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर अनुशासनात्मक कार्रवाई करने की चेतावनी दी है। कहा है कि एसआईआर कार्य चार दिसंबर तक पूरा करना है, किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
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9797 मतदाताओं का हटेगा सूची से नाम
चायल तहसील में बीएलओ मतदाताओं के घर-घर जाकर गणना फॉर्म वितरित कर रहे हैं। अभियान के दौरान विधान सभा निर्वाचन क्षेत्र में बुधवार तक 9797 मतदाताओं को मृतक, डुप्लिकेट नाम, अनुपस्थित और स्थानांतरित के रूप में पहचान किया गया है। मृतक, डुप्लिकेट नाम, अनुपस्थित और स्थानांतरित मतदाताओं के नाम को मतदाता सूची से हटाया जाएगा।
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एसआईआर में लापरवाही पर 10 बीएलओ का रोका वेतन
चायल। विधानसभा क्षेत्र में निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम के तहत बुधवार शाम हुई समीक्षा बैठक में तहसील क्षेत्र के 10 बीएलओ की लापरवाही सामने आई। इन बीएलओ ने पिछले 24 घंटे में एक भी गणना प्रपत्र का डिजिटाइजेशन नहीं किया। कार्य में घोर उदासीनता को देखते हुए एसडीएम चायल सह निर्वाचन रजिस्ट्रीकरण अधिकारी अरुण कुमार ने सहायक अध्यापक सुदेश कुमार, योगेंद्र सिंह, अरविंद कुमार मौर्या, कर्ण सिंह, दिनेश कुमार पटेल, रमेश चंद्र पटेल, शुभम कुमार शर्मा, दिनेश सिंह, रमेश चंद्र अग्रहरि और उमाशंकर सिंह के खिलाफ सख्त कार्रवाई की है। उन्होंने एक दिन के वेतन को रोकने के लिए बीएसए को पत्र लिखा है। एसडीएम ने सभी बीएलओ को चेतावनी दी है कि निर्वाचक नामावली पुनरीक्षण कार्य में किसी तरह से शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
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चायल तहसील प्रशासन ने विधानसभा के 4,04,036 मतदाताओं के एसआईआर के लिए 405 बीएलओ को लगाया गया है। चार नवंबर से शुरू हुए इस अभियान में बुधवार दोपहर 12 बजे तक सिर्फ एक लाख 12 हजार 22 मतदाताओं का ही ऑनलाइन पंजीकरण हो सका है। जबकि आठ दिन का समय शेष बचा है।
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नाम नहीं छापने की शर्त पर स्कूल के शिक्षकों ने बताया कि साहब लोग धमकी दे रहे हैं कि जो लक्ष्य पूरा नहीं करेगा उसका वेतन रोकने के साथ-साथ निलंबन और एफआईआर की कार्रवाई की जाएगी। दबाव इतना कि हर कर्मी को रोज कम से कम 40 नए फॉर्म जुटाने का लक्ष्य थमा दिया गया है।
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मजबूरी में सुबह से शाम तक घर-घर फॉर्म भरवा रहे हैं। स्कूल में कक्षाएं नहीं चल पा रही हैं। वहीं, एक अन्य शिक्षक ने कहा मतदाता सूची बनाना हमारा मूल काम नहीं है। फिर भी एसआईआर और निलंबन की तलवार लटक रही है।
खराब प्रगति पर 36 बीएलओ व छह सुपरवाइजर को नोटिस
तहसील क्षेत्र में एसआईआर अभियान में लक्ष्य के अनुरूप प्रगति नहीं होने पर 36 बीएलओ और छह सुपरवाइजरों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। आरोप है कि ये कर्मी मतदाता सूची पुनरीक्षण के कार्य में रुचि नहीं ले रहे हैं और निर्धारित लक्ष्य से बहुत पीछे चल रहे हैं। तहसील प्रशासन ने सभी को दो दिन के भीतर स्पष्टीकरण देने को कहा है। संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर अनुशासनात्मक कार्रवाई करने की चेतावनी दी है। कहा है कि एसआईआर कार्य चार दिसंबर तक पूरा करना है, किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
9797 मतदाताओं का हटेगा सूची से नाम
चायल तहसील में बीएलओ मतदाताओं के घर-घर जाकर गणना फॉर्म वितरित कर रहे हैं। अभियान के दौरान विधान सभा निर्वाचन क्षेत्र में बुधवार तक 9797 मतदाताओं को मृतक, डुप्लिकेट नाम, अनुपस्थित और स्थानांतरित के रूप में पहचान किया गया है। मृतक, डुप्लिकेट नाम, अनुपस्थित और स्थानांतरित मतदाताओं के नाम को मतदाता सूची से हटाया जाएगा।
एसआईआर में लापरवाही पर 10 बीएलओ का रोका वेतन
चायल। विधानसभा क्षेत्र में निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम के तहत बुधवार शाम हुई समीक्षा बैठक में तहसील क्षेत्र के 10 बीएलओ की लापरवाही सामने आई। इन बीएलओ ने पिछले 24 घंटे में एक भी गणना प्रपत्र का डिजिटाइजेशन नहीं किया। कार्य में घोर उदासीनता को देखते हुए एसडीएम चायल सह निर्वाचन रजिस्ट्रीकरण अधिकारी अरुण कुमार ने सहायक अध्यापक सुदेश कुमार, योगेंद्र सिंह, अरविंद कुमार मौर्या, कर्ण सिंह, दिनेश कुमार पटेल, रमेश चंद्र पटेल, शुभम कुमार शर्मा, दिनेश सिंह, रमेश चंद्र अग्रहरि और उमाशंकर सिंह के खिलाफ सख्त कार्रवाई की है। उन्होंने एक दिन के वेतन को रोकने के लिए बीएसए को पत्र लिखा है। एसडीएम ने सभी बीएलओ को चेतावनी दी है कि निर्वाचक नामावली पुनरीक्षण कार्य में किसी तरह से शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।