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लपटों की भेंट चढ़ गई खून-पसीने की कमाई
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 10 Apr 2016 11:50 PM IST
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सिधौली क्षेत्र में गेहूं के खेत में लगी आग को बुझाते ग्रामीण।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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संदिग्ध दशा में उदहिन खुर्द गांव के किसान के घर में रविवार की सुबह आग लग गई। इससे मकान, लाखों रुपये की गृहस्थी के अलावा घर के सामने काटकर रखी 2 बीघा गेहूं की फसल राख हो गई। घर से उठती लपटें, चीख-पुकार पर जुटे गांववालों ने करीब 3 घंटे जूझने के बाद आग पर काबू पाया। हादसे में घर-गृहस्थी राख होने से परिवार में कोहराम मचा है।
सिराथू तहसील के मोहब्बतपुर पइंसा थाना क्षेत्र के उदहिन खुर्द गांव निवासी अवधेश कुमार पुत्र आशा दीन किसान है। रविवार की सुबह करीब आठ बजे अचानक उसके घर में आग लग गई। घर में आग लगी देख महिलाएं चीखते-चिल्लाते बाहर को भागीं। जब तक दरवाजे पर बैठे परिवार के अन्य सदस्य कुछ समझ पाते। बेरहम लपटों ने पूरे घर को अपनी आगोश में ले लिया। जलते मकान से निकलती चिंगारी घर के सामने काटकर रखी गेहूं की फसल पर भी गिरी। इससे 2 बीघा खेत से काटकर मड़ाई के लिए रखी पूरी फसल राख हो गई। आसमान चूमती लपटें और चीख-पुकार पर गांव में हड़कंप मच गया। किसान के घर में लगी आग देखकर गांववाले दौड़े। सैकड़ों लोग आग बुझाने में जुटे। करीब 3 घंटे तक पूरा गांव आग बुझाने में लगा रहा। हालांकि आग तभी बुझी, जब मकान, बर्तन, बिस्तर, कपड़े, खाद्यान्न समेत पूरी गृहस्थी और दरवाजे पर रखी गेहूं की फसल राख हो चुकी थी। आग कैसे लगी इसका किसी को कुछ पता नहीं है। माना जा रहा है कि चूल्हे की चिंगारी से हादसा हुआ है।
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सिराथू तहसील के मोहब्बतपुर पइंसा थाना क्षेत्र के उदहिन खुर्द गांव निवासी अवधेश कुमार पुत्र आशा दीन किसान है। रविवार की सुबह करीब आठ बजे अचानक उसके घर में आग लग गई। घर में आग लगी देख महिलाएं चीखते-चिल्लाते बाहर को भागीं। जब तक दरवाजे पर बैठे परिवार के अन्य सदस्य कुछ समझ पाते। बेरहम लपटों ने पूरे घर को अपनी आगोश में ले लिया। जलते मकान से निकलती चिंगारी घर के सामने काटकर रखी गेहूं की फसल पर भी गिरी। इससे 2 बीघा खेत से काटकर मड़ाई के लिए रखी पूरी फसल राख हो गई। आसमान चूमती लपटें और चीख-पुकार पर गांव में हड़कंप मच गया। किसान के घर में लगी आग देखकर गांववाले दौड़े। सैकड़ों लोग आग बुझाने में जुटे। करीब 3 घंटे तक पूरा गांव आग बुझाने में लगा रहा। हालांकि आग तभी बुझी, जब मकान, बर्तन, बिस्तर, कपड़े, खाद्यान्न समेत पूरी गृहस्थी और दरवाजे पर रखी गेहूं की फसल राख हो चुकी थी। आग कैसे लगी इसका किसी को कुछ पता नहीं है। माना जा रहा है कि चूल्हे की चिंगारी से हादसा हुआ है।
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