फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kanpur News ›   Woman sitting on hunger strike for justice

अगवा हुई, दुष्कर्म हुआ अब न्याय के लिए भूख हड़ताल "महिला की आपबीती"

Sat, 09 Dec 2017 08:19 PM IST
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर Updated Sat, 09 Dec 2017 08:19 PM IST
विज्ञापन
Woman sitting on hunger strike for justice
डेमो पिक
साहब, कई महीने पूर्व मुझे अगवा किया गया और दूसरे प्रांत में ले जाकर मेरे साथ दुष्कर्म हुआ। इससे मैं गर्भवती हुई और अब ससुराल पक्ष ने मेरी नवजात बच्ची को स्वीकारने से भी मना कर दिया है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने पर भी उन्हें गिरफ्तार नहीं किया और मुझे अब तक न्याय नहीं मिला है। ऐसे में मेरी भूख हड़ताल तब तक जारी रहेगी जब तक कि आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया जाता और मुझे न्याय नहीं मिल जाता। यह बातें दो दिन से भूख हड़ताल पर बैठी कोतवाली क्षेत्र की एक महिला ने तहसील परिसर में उसे समझाने आए सीओ से कहीं। इस दौरान सीओ उसे उसकी गोद में खेल रही 18 दिन की नवजात बच्ची की सेहत का हवाला देते रहे पर महिला न्याय मिलने तक तहसील परिसर में ही भूख हड़ताल पर बैठे रहने की जिद पर अड़ी रही।
विज्ञापन



कानपुर देहात के घाटमपुर कोतवाली क्षेत्र के एक गांव निवासी महिला को कुछ लोगों ने रास्ते से अगवा कर लिया था। आरोप है कि उसको कई महीने तक किसी अन्य प्रांत में ले जाकर बंधक बनाए रखा और उसके साथ दुष्कर्म भी किया गया। इससे वह गर्भवती हो गई। आरोपियों के चंगुल से छूटकर महिला किसी तरह अपनी ससुराल पहुंची और कोतवाली में 15 मई 2017 को आरोपियों के खिलाफ अपहरण और रेप का मुकदमा दर्ज कराया था।
विज्ञापन



महिला का आरोप है कि कोतवाली पुलिस आरोपियों से मिल गई और उनको गिरफ्तार करके जेल नहीं भेजा। इधर, घटना के मुख्य दो आरोपी हाईकोर्ट से गिरफ्तारी का स्टे ले आए। वहीं, उसे अभी तक मुआवजा राशि भी नहीं मिली है। इधर, महिला ने 17 दिन पहले एक बच्ची को जन्म दिया तो उसके ससुराल वालों ने बच्ची को यह कहकर अपनाने से मना कर दिया कि वह नाजायज संतान है।
विज्ञापन
विज्ञापन



तंग होकर महिला शुक्रवार दोपहर से तहसील भवन पर नवजात बच्ची को गोद में लिए भूख हड़ताल पर बैठी है। शनिवार शाम सीओ अजीत कुमार रजक महिला को मनाने पहुंचे। सीओ और कोतवाल ने महिला से बातचीत करके उसके बयान दर्ज किए और आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई करने का भरोसा दिया। महिला का कहना है कि जब तक आरोपी जेल नहीं भेजे जाते और उसके केस में पुलिस चार्जशीट नहीं लगा देती तब तक वह यहीं बैठेगी। इस संबंध में सीओ अजीत कुमार रजक ने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी न होने के पीछे हाईकोर्ट का स्टे है। मामले की निष्पक्ष जांच कराएंगे।


 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed