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सर्दी का सितम, जनमानस बेदम
ब्यूरो/अमर उजाला, कानपुर देहात
Updated Thu, 25 Dec 2014 01:55 AM IST
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हाड़कपाऊ सर्दी अब मुसीबत बनती जा रही है। 5 डिग्री सेल्सियस से नीचे गिरा
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तापमान लोगों को घरों में रहने को मजबूर कर रही है। ठंड से बचने के लिए
जगह-जगह अलाव जल रहे हैं। इधर, मौसम वैज्ञानिकाें ने मौसम मे अभी और सर्दी
बढ़ने की संभावना जताई है।
पूस की सर्दी ने अपना असर दिखाना शुरू कर दिया है। रविवार की सुबह छाए घने कोहरे ने हाइवे पर वाहनों की रफ्तार रोक दी।
कोहरा अधिक होने के कारण अकबरपुर-रूरा, अकबरपुर-मुंगीसापुर, अकबरपुर-कानपुर आदि रूटों पर टेंपो देर से चली। शीतलहर के चलते अकबरपुर ओवरब्रिज, रूरा टेंपो स्टैंड सहित अन्य चौराहों पर लोगों ने अलाव का सहारा लिया।
मौसम के मिजाज को देखते हुए मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डा. विजय सिंह ने बताया कि ऐसी सर्द हवाओं में अपने पशुओं को खुली जगहों पर न बांधें। नम स्थान पर न बैठने दें। बोरे के झोल से जानवरों को ढंकें।
चंद्रशेखर आजाद कृषि विश्वविद्यालय के वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक डा. सीवी सिंह ने बताया कि उत्तर-पश्चिमी हवाओं से मौसम में गलन बढ़ी है। बुधवार की रात कोहरा पड़ेगा। वहीं न्यूनतम तापमान 4.7 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच जाने से ठंड में इजाफा हुआ है।
पूस की सर्दी ने अपना असर दिखाना शुरू कर दिया है। रविवार की सुबह छाए घने कोहरे ने हाइवे पर वाहनों की रफ्तार रोक दी।
कोहरा अधिक होने के कारण अकबरपुर-रूरा, अकबरपुर-मुंगीसापुर, अकबरपुर-कानपुर आदि रूटों पर टेंपो देर से चली। शीतलहर के चलते अकबरपुर ओवरब्रिज, रूरा टेंपो स्टैंड सहित अन्य चौराहों पर लोगों ने अलाव का सहारा लिया।
मौसम के मिजाज को देखते हुए मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डा. विजय सिंह ने बताया कि ऐसी सर्द हवाओं में अपने पशुओं को खुली जगहों पर न बांधें। नम स्थान पर न बैठने दें। बोरे के झोल से जानवरों को ढंकें।
चंद्रशेखर आजाद कृषि विश्वविद्यालय के वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक डा. सीवी सिंह ने बताया कि उत्तर-पश्चिमी हवाओं से मौसम में गलन बढ़ी है। बुधवार की रात कोहरा पड़ेगा। वहीं न्यूनतम तापमान 4.7 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच जाने से ठंड में इजाफा हुआ है।