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खांदी कटने से 30 बीघा गेहूं की पकी फसल जलमग्र
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कमलपुर गांव में जलमग्न गेहूं की फसल।
- फोटो : AKBARPUR
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कानपुर देहात। राजपुर ब्लाक के कमलपुर गांव में नहर की खांदी कटने से 30 बीघे गेहूं की पकी फसल जलमग्न हो गई। रविवार की सुबह जानकारी पर खांदी बांधी गई। खेत में पानी भरने से अब फसल सड़ने की आशंका से किसान चिंतित हैं।
सिकंदरा से होकर अमरौधा नहर कमलपुर गांव से होकर निकली है। नहर में इस समय पानी है। रात में नहर की कमजोर पटरी फट गई। नहर का पानी करीब 12 किसानों के खेतों में भर गया। सुबह खांदी कटने की जानकारी पर किसानों ने सिंचाई विभाग के जेई को सूचना दी। इसके बाद खांदी दुरुस्त की। खांदी कटने से बृजेंद्र सिंह, फूल सिंह, रूप सिंह, उमाशंकर के दो-दो बीघे गेहूं की फसल में पानी भर गया।
वहीं रामदेव, सुंदरलाल, सेवाराम, वीरे, नरेश की दस-दस बिस्वा फसल जलमग्न हो गई। उबैद उर रहमान समेत कई अन्य किसानों की फसलें भी पानी भरने से खराब होने की आशंका बनी है। किसानों ने बताया कि जेसीबी मंगवाकर नहर पटरी दुरुस्त करानी पड़ी। करीब तीस बीघा फसल जलमग्न हो गई है। सिंचाई विभाग के जेई सुमिरन सिंह ने बताया कि खांदी दुरुस्त कराने के दौरान वह मौजूद रहे। जांच कराकर किसानों को नुकसान के अनुसार मुआवजा दिलाया जाएगा।
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सिकंदरा से होकर अमरौधा नहर कमलपुर गांव से होकर निकली है। नहर में इस समय पानी है। रात में नहर की कमजोर पटरी फट गई। नहर का पानी करीब 12 किसानों के खेतों में भर गया। सुबह खांदी कटने की जानकारी पर किसानों ने सिंचाई विभाग के जेई को सूचना दी। इसके बाद खांदी दुरुस्त की। खांदी कटने से बृजेंद्र सिंह, फूल सिंह, रूप सिंह, उमाशंकर के दो-दो बीघे गेहूं की फसल में पानी भर गया।
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वहीं रामदेव, सुंदरलाल, सेवाराम, वीरे, नरेश की दस-दस बिस्वा फसल जलमग्न हो गई। उबैद उर रहमान समेत कई अन्य किसानों की फसलें भी पानी भरने से खराब होने की आशंका बनी है। किसानों ने बताया कि जेसीबी मंगवाकर नहर पटरी दुरुस्त करानी पड़ी। करीब तीस बीघा फसल जलमग्न हो गई है। सिंचाई विभाग के जेई सुमिरन सिंह ने बताया कि खांदी दुरुस्त कराने के दौरान वह मौजूद रहे। जांच कराकर किसानों को नुकसान के अनुसार मुआवजा दिलाया जाएगा।
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