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Kanpur News: हीलाहवाली से अटकी करोड़ों से बने अस्पताल की शुरुआत

Tue, 16 Sep 2025 02:43 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Tue, 16 Sep 2025 02:43 AM IST
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The inauguration of the hospital built with crores of rupees got stuck due to procrastination
कानपुर। हीलाहवाली के चलते 25 लाख की आबादी को अस्पताल का लाभ नहीं मिल पा रहा है। कभी बिजली कनेक्शन, कभी सीवर लाइन तो कभी छोटे-मोटे अधूरे कामों के चलते दक्षिण क्षेत्र में बना पहला सरकारी अस्पताल छह माह से शुरू नहीं हो पा रहा। इतना ही नहीं लापरवाही का ये हाल है कि काम पूरा न होने के चलते प्रधानमंत्री की ओर से किए जाने वाले विकास कार्यों की लोकार्पण सूची से इसे हटा लिया गया। वर्तमान में मानव संसाधन व चिकित्सीय उपकरण न होने के कारण अस्पताल का शुभारंभ अटका है।
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दक्षिण क्षेत्र में जिला अस्पताल की मांग सालों से चल रही है। इसी की वजह से केशव नगर में जगह तय हुई और अस्पताल निर्माण शुरू हुआ। अब जब भवन बन गया है तो डॉक्टर या स्टाफ की नियुक्ति नहीं हुई। न तो उपकरण आए हैं और न ही फर्नीचर, बेड अस्पताल में हैं। यहां तक स्वास्थ्य विभाग के पास अस्पताल की रखवाली करने के लिए चौकीदार तक नहीं है जिसके चलते स्वास्थ्य विभाग निर्माण एजेंसी यूपीआरएनएन से अस्पताल का हस्तांतरण नहीं ले रहा है। अस्पताल शुरू नहीं होने से क्षेत्रवासियों को हैलट, उर्सला, कांशीराम जाना पड़ता है। इससे लोगों को दूरी के साथ रास्ते में जाम से भी जूझना पड़ता है।
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सीएमओ डॉ. हरिदत्त नेमी ने बताया कि शासन को पत्र लिखकर करीब 50 डॉक्टर और 150 स्टाफ की मांग की गई है। इसके अलावा अस्पताल में प्रयोग करने के लिए फर्नीचर, मेडिकल उपकरण व मशीनों को भी उपलब्ध कराने की मांग की गई है जिससे जल्द अस्पताल शुरू हो सके। यहां मेडिसिन, स्त्री रोग, नाक कान गला, सर्जरी, बाल रोग, पैथोलॉजी, नेत्र रोग, दंत रोग सहित 10 विभाग शुरू होंगे।
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अस्पताल शुरू करने के लिए अभी हमारे पास मानव संसाधन नहीं है। इसलिए भवन का हस्तांतरण नहीं ले रहे हैं। अब विधायक की ओर से एक पत्र शासन को भिजवाएंगे जिससे जल्द उपकरण व स्टाफ मिले। सबसे पहले ओपीडी शुरू होगी।

डॉ. हरिदत्त नेमी, सीएमओ

भवन बनकर तैयार है। स्वास्थ्य विभाग को अस्पताल का हस्तांतरण लेने के लिए दो बार पत्र लिख चुके हैं। छोटी-छोटी कमियां जो भी थीं सब पूरी कर दी गई हैं। बिजली चालू हो गई है। बल्ब खराब होते रहते हैं इन्हें बदल दिया जाएगा। जब हैंडओवर होगा तब लिफ्ट चालू कराकर सभी जगह एसी लगवाएंगे। हालांकि अब लग रहा है कि जल्द ही हस्तांतरण हो जाएगा क्योंकि सरकार की ओर से शहर में पूरी हो गई परियोजनाओं की सूची मांगी गई है। इसमें दक्षिण अस्पताल को भी भेजा है।
राकेश कुमार, परियोजना प्रबंधक, यूपीआरएनएन
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