फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kanpur News ›   swami nithyananda sent jail in land fraud in fatehpur

आश्रम की जमीन फर्जीवाड़ा कर बेचने में स्वामी नित्यानंद को पुलिस ने किया गिरफ्तार, भेजे गए जेल

Thu, 22 Aug 2019 10:23 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा यूपी डेस्क, अमर उजाला, फतेहपुर
यूपी डेस्क, अमर उजाला, फतेहपुर Published by: प्रभापुंज मिश्रा Updated Thu, 22 Aug 2019 10:23 PM IST
विज्ञापन
swami nithyananda sent jail in land fraud in fatehpur
स्वामी नित्यानंद को कोर्ट ले जाती पुलिस - फोटो : अमर उजाला
अखंड परमधाम हरिद्वार के फतेहपुर स्थित मवईधाम आश्रम की जमीन को फर्जीवाड़ा कर बेचने के मामले में स्वामी नित्यानंद को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। उन्हें गुरुवार देर दोपहर सीजेएम कोर्ट में पेश किया गया। कोर्ट के आदेश पर उन्हें जेल भेजा गया है। चांदपुर थाने के दपसौरा चौकी इंचार्ज रजनीकांत पांडेय ने गुरुवार सुबह चांदपुर कस्बे से स्वामी नित्यानंद को पकड़ा। 
विज्ञापन


स्वामी परमानंद गिरि ने करीब ढाई दशक पूर्व स्वामी नित्यानंद को अखंड परमधाम मवई धाम फतेहपुर में संचालक बनाया था। वह आश्रम का संचालन 2006 से 2017 तक करते रहे हैं। मवई धाम में संचालित शिक्षण संस्थाओं का प्रबंधक बनाया गया। 2017 में उन्हें हमीरपुर जिले के भरुहा सुमेरपुर स्थित ठड़ेश्वरी आश्रम की देखरेख को भेजा गया था। बाद में भरुहा सुमेरपुर आश्रम की दुकान, कालेज की फर्जी सोसायटी बनाने के मामले उजागर हुए।
विज्ञापन


 

हमीरपुर के भरुआ सुमेरपुर स्थित ठड़ेश्वरी आश्रम को लेकर भी चल रहा विवाद

करोड़ों की घपलेबाजी सामने आने के दौरान मवईधाम आश्रम के कार्यकाल की जांच शुरू हुई। मवईधाम आश्रम की रोड पर स्थित 12 बिस्वा जमीन का फर्जीवाड़ा कर बेचने का मामला खुला। स्वामी परमानंद के शिष्य और मवईधाम आश्रम के संचालक चेतनानंद की ओर से 18 मई 2019 को स्वामी नित्यानंद के खिलाफ जमीन की हेराफेरी कर बेचने की रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी।

मामले की जांच के बाद पुलिस ने स्वामी नित्यानंद को गिरफ्तार किया है। इनके खिलाफ हमीरपुर जिले के भरुहा सुमेरपुर थाने में भी आश्रम की दुकानें और जमीन बेचने के आरोप में 18 फरवरी 2019 को एफआईआर संस्था के सचिव स्वामी सत्यप्रकाश की ओर रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। आरोप है कि भरुहा सुमेरपुर में रहने वाले कल्पेश द्विवेदी की दादी जमुनियाबाई ने आश्रम को यह जमीन दान में दे दी थी।

 

महामंडलेश्वर परमानंद के शिष्य है नित्यानंद, पांच माह पहले दर्ज हुई थी रिपोर्ट

स्वामी नित्यानंद ने जमुनियाबाई की फर्जी वसीयत बनाकर फर्जीवाड़ा किया। मामले में 16 अगस्त 2019 को कल्पेश द्विवेदी की ओर से रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। भरुहा सुमेरपुर का तीसरा मामला जून माह में सामने आया था। स्वामी नित्यानंद युग चेतना महाविद्यालय के प्रबंधक थे। आरोप है कि इन्होंने फर्जी नई कमेटी गठित की थी।

स्वामी परमानंद और साध्वी ऋतंभरा को भी प्रबंध समिति से हटा दिया था। जिसकी झांसी यूनिवर्सिटी में शिकायत हुई। उसके बाद यूनिवर्सिटी की ओर से चुनाव कराकर नई प्रबंध समिति का गठन किया गया था। एसओ नाहर सिंह ने बताया कि हमीरपुर पुलिस को नित्यानंद के पकड़े जाने की सूचना दी गई है। कोर्ट के आदेश पर नित्यानंद  को जेल भेजा गया है। 

 
विज्ञापन

साध्वी ऋतंभरा ने भी विवाद सुलझाने की कोशिश की थी

महामंडलेश्वर स्वामी परमानंद गिरी ने 2010 में युग चेतना महाविद्यालय की स्थापना कराई तो स्वामी नित्यानंद को प्रबंधक बनाया। इसी बीच परमानंद गिरी के शिष्य स्वामी ज्योतिर्मयानंद से स्वामी नित्यानंद की अनबन हो गई। 2015 में ज्योतिर्मयानंद ने स्वामी नित्यानंद को ठड़ेश्वरी आश्रम से हटाकर स्वामी सत्यप्रकाश को बैठाने की कोशिश की, लेकिन सफल नहीं हो सके। इस घटना के बाद गुरू शिष्य के रिश्ते में खटास आ गई।

विवाद को शांत कराने के लिए साध्वी ऋतंभरा को हस्तक्षेप करना पड़ा। उनका प्रयास भी असफल साबित हुआ। इसके बाद स्वामी ज्योतिर्मयानंद खुलकर मैदान में आ गए। उन्होंने मवईधाम से स्वामी नित्यानंद को बेदखल कराया। 29 जून को नए प्रबंध समिति का चुनाव कराकर स्वामी नित्यानंद को हमेशा के लिए बेदखल कर दिया। थानाध्यक्ष गिरेंद्रपाल सिंह ने बताया कि स्वामी नित्यानंद के खिलाफ थाने में दो मुकदमा दर्ज हैं एक मुकदमे में चार्जशीट लग चुकी है। दूसरे की विवेचना जारी है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed