फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kanpur News ›   Solidarity in samajwadi party leader

लंबे समय बाद सपा में दिखी एकजुटता, एक मंच पर नजर आए सचिन-सुबोध, लेकिन टीस अभी बाकी है

Wed, 12 Dec 2018 10:43 PM IST
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर Updated Wed, 12 Dec 2018 10:43 PM IST
विज्ञापन
Solidarity in samajwadi party leader
एक मंच पर नजर आए सचिन और सुबोध - फोटो : अमर उजाला
यूपी के फर्रुखाबाद जिले में पिछले लोकसभा चुनाव में जबरदस्त हार के बाद विधानसभा चुनाव में भी समाजवादी पार्टी की हार का नतीजा है कि अब पार्टी के नेता एक मंच पर नजर आने लगे हैं। यही कारण है कि सपा की पदयात्रा में डा. सुबोध यादव व सचिन यादव एक साथ नजर आए।
विज्ञापन


 2014 लोकसभा चुनाव से जिला समाजवादी पार्टी में दो धड़े नजर आ रहे थे। एक धड़ा डा. सुबोध यादव के साथ था। दूसरा धड़ा पूर्व राज्यमंत्री नरेंद्र सिंह के बेटे सचिन यादव का था। दरअसल 2014 लोकसभा चुनाव से काफी पहले से सचिन यादव चुनाव लड़ने की तैयारी कर चुके थे।
विज्ञापन


पार्टी के मुखिया ने अंतिम समय में टिकट पूर्व अलीगंज विधायक रामेश्वर सिंह को दे दिया था। इससे नाराज सचिन यादव ने निर्दलीय ही ताल ठोक दी थी। चुनाव में न ही सचिन यादव को जीत मिली न ही रामेश्वर सिंह यादव को। इसके बाद से रामेश्वर यादव के बेटे डा. सुबोध यादव ने फर्रुखाबाद जनपद में ही अपना डेरा जमा लिया। साथ ही यहां की सक्रिय राजनीति में हिस्सा लिया।
विज्ञापन
विज्ञापन

टीस अभी बाकी है...

Solidarity in samajwadi party leader
एक मंच पर नजर आए सचिन और सुबोध - फोटो : अमर उजाला
सपा के दोनों कद्दावर नेताओं के शीत युद्ध का नतीजा सपा को विधानसभा चुनाव में भी झेलना पड़ा। चार में से किसी भी सीट पर सपा के प्रत्याशी नहीं जीत सके। आलम यह था कि लगातार छह बार के विधायक नरेंद्र सिंह भी अपनी सीट नहीं बचा पाए। इसी का नतीजा है कि पैदल यात्रा में सचिन यादव व सुबोध यादव दोनों ही लोग शामिल हुए। इतना ही नहीं कलक्ट्रेट परिसर में दोनों एक साथ खड़े नजर आए।       

बुधवार को निकाली गई पदयात्रा में सुबोध यादव और सचिन यादव एक मंच पर जरूर नजर आए। लेकिन कहीं न कहीं उनके दिलों में पिछले चुनाव की टीस जरूर नजर आई। क्योंकि जब सुबोध यादव बोल रहे थे तो सचिन साथ में खड़े होकर इधर-उधर देख रहे थे। वहीं, बाद में सचिन यादव जिलाध्यक्ष नदीम फारूकी के साथ जिलाधिकारी से मुलाकात करने उनके साथ गए, तो सुबोध यादव वापस चले गए।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed