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यूपी: विश्व के 50 देशों तक पहुंची कानपुर के चमड़े की चमक, डीजीसीआईएस की रिपोर्ट में हुआ खुलासा
Thu, 18 Nov 2021 11:40 AM IST
शिखा पांडेय
अमित अवस्थी, अमर उजाला, कानपुर
अमित अवस्थी, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Thu, 18 Nov 2021 11:40 AM IST
सार
छह अगस्त को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी चर्म निर्यातकों के साथ ऑनलाइन बैठक करके नए-नए बाजार तलाश कर कारोबार बढ़ाने की बात कही। इतना ही नहीं सरकार ने रुचि भी दिखाई थी। इसके बाद बड़े पैमाने पर नए-नए बाजार तलाशने शुरू हो गए।
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : सोशल मीडिया
विस्तार
कोरोना और टेनरियों की बंदी के चलते कानपुर के चमड़ा कारोबारियों को एक्सपोर्ट एक्सीलेंस अवार्ड में भले ही कम अवार्ड मिले हों लेकिन बदली रणनीति से विदेशी कारोबार में बढ़त हासिल हुई है। शहर के चमड़ा उत्पादों का तुर्की, जापान, न्यूजीलैंड, सूडान, ओमान, इस्राइल जैसे नए देशों में निर्यात होने लगा है।
वाणिज्यिक खुफिया और सांख्यिकी महानिदेशालय (डीजीसीआईएस) की रिपोर्ट से यह भी पता चला है कि अब कानपुर समेत देशभर से 50 देशों में निर्यात शुरू हो गया है। परंपरागत देशों जैसे अमेरिका, जर्मनी, यूके, इटली और फ्रांस के साथ कारोबार बढ़ा है।
दरअसल, कोरोना के कारण विश्व के तमाम देशों के साथ चमड़े का कारोबार बेहद कम हो गया था। कंटेनरों की कमी, पाबंदियों के चलते निर्यात घटा था। इसके बाद कारोबारियों ने चर्म निर्यात परिषद के बैनर तले ऑनलाइन फेयर लगाने शुरू किए।
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बायर-सेलर मीट जैसे कार्यक्रम किए। छह अगस्त को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी चर्म निर्यातकों के साथ ऑनलाइन बैठक करके नए-नए बाजार तलाश कर कारोबार बढ़ाने की बात कही। इतना ही नहीं सरकार ने रुचि भी दिखाई थी। इसके बाद बड़े पैमाने पर नए-नए बाजार तलाशने शुरू हो गए।
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वाणिज्यिक खुफिया और सांख्यिकी महानिदेशालय (डीजीसीआईएस) की रिपोर्ट से यह भी पता चला है कि अब कानपुर समेत देशभर से 50 देशों में निर्यात शुरू हो गया है। परंपरागत देशों जैसे अमेरिका, जर्मनी, यूके, इटली और फ्रांस के साथ कारोबार बढ़ा है।
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दरअसल, कोरोना के कारण विश्व के तमाम देशों के साथ चमड़े का कारोबार बेहद कम हो गया था। कंटेनरों की कमी, पाबंदियों के चलते निर्यात घटा था। इसके बाद कारोबारियों ने चर्म निर्यात परिषद के बैनर तले ऑनलाइन फेयर लगाने शुरू किए।
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बायर-सेलर मीट जैसे कार्यक्रम किए। छह अगस्त को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी चर्म निर्यातकों के साथ ऑनलाइन बैठक करके नए-नए बाजार तलाश कर कारोबार बढ़ाने की बात कही। इतना ही नहीं सरकार ने रुचि भी दिखाई थी। इसके बाद बड़े पैमाने पर नए-नए बाजार तलाशने शुरू हो गए।
डीजीसीआईएस ने अगस्त और सितंबर की जो रिपोर्ट जारी की है, उसके मुताबिक निर्यात तेजी से बढ़ा है। पिछले साल इन दो महीनों में जहां कानपुर समेत पूरे देश से 11 लाख 17 हजार करोड़ का निर्यात हुआ था। इस बार यह 16 लाख 71 हजार करोड़ रहा।
रिपोर्ट में बताया गया है कि यूएसए के साथ 22.35 फीसदी, जर्मनी के साथ 11.22 फीसदी, यूके के साथ 9.40 फीसदी, इटली के साथ 6.24 फीसदी, फ्रांस के साथ 5.56 फीसदी, स्पेन के साथ 4.31 फीसदी, यूएई के साथ 2.22 फीसदी निर्यात हुआ है।
पिछले साल की तुलना में 1.9 से लेकर छह फीसदी तक ग्रोथ हुई है। आयात-निर्यात विशेषज्ञ जफर फिरोज ने बताया कि कोविड काल के दौरान चर्म निर्यात परिषद ने चमड़ा और चमड़ा उत्पादों के निर्यात के लिए जो ऑनलाइन ट्रेड फेयर लगाए गए, उसके अच्छे परिणाम देखने को मिले हैं।
रिपोर्ट में बताया गया है कि यूएसए के साथ 22.35 फीसदी, जर्मनी के साथ 11.22 फीसदी, यूके के साथ 9.40 फीसदी, इटली के साथ 6.24 फीसदी, फ्रांस के साथ 5.56 फीसदी, स्पेन के साथ 4.31 फीसदी, यूएई के साथ 2.22 फीसदी निर्यात हुआ है।
पिछले साल की तुलना में 1.9 से लेकर छह फीसदी तक ग्रोथ हुई है। आयात-निर्यात विशेषज्ञ जफर फिरोज ने बताया कि कोविड काल के दौरान चर्म निर्यात परिषद ने चमड़ा और चमड़ा उत्पादों के निर्यात के लिए जो ऑनलाइन ट्रेड फेयर लगाए गए, उसके अच्छे परिणाम देखने को मिले हैं।
जापान, न्यूजीलैंड, सूड़ान, ओमान समेत कई नए देशों से भी कारोबारी संबंधों की शुरुआत हुई है। धीरे-धीरे अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी सुधार दिख रहा है। सरकार प्रदूषण के नाम पर होने वाली टेनरियों की बंदी खत्म कर दे तो उत्पादन बढ़ने लगेगा।
इन देशों को हुआ निर्यात
यूएसए, जर्मनी, यूके, इटली, फ्रांस, स्पेन, यूएई, नीदरलैंड, हांगकांग, चीन, पोलैंड, बेल्जियम, सोमालिया, वियतनाम, आस्ट्रेलिया, पुर्तगाल, डेनमार्क, कोरिया रिपब्लिक, जापान, रूस, दक्षिण अफ्रीका, चिली, मलयेशिया, आस्ट्रिया, कनाडा, स्वीडन, नाइजीरिया, इंडोनेशिया, मैक्सिको, सउदी अरब, केन्या, स्विटजरलैंड, सोल्वाकिया, हंगरी, बांग्लादेश, थाईलैंड, फिनलैंड, तुर्की, इस्राइल, कंबोडिया, चेक रिपब्लिक, ग्रीस, न्यूजीलैंड, ओमान, श्रीलंका, सिंगापुर, सूडान, ताइवान, नार्वे, जिबूती।
इन देशों को हुआ निर्यात
यूएसए, जर्मनी, यूके, इटली, फ्रांस, स्पेन, यूएई, नीदरलैंड, हांगकांग, चीन, पोलैंड, बेल्जियम, सोमालिया, वियतनाम, आस्ट्रेलिया, पुर्तगाल, डेनमार्क, कोरिया रिपब्लिक, जापान, रूस, दक्षिण अफ्रीका, चिली, मलयेशिया, आस्ट्रिया, कनाडा, स्वीडन, नाइजीरिया, इंडोनेशिया, मैक्सिको, सउदी अरब, केन्या, स्विटजरलैंड, सोल्वाकिया, हंगरी, बांग्लादेश, थाईलैंड, फिनलैंड, तुर्की, इस्राइल, कंबोडिया, चेक रिपब्लिक, ग्रीस, न्यूजीलैंड, ओमान, श्रीलंका, सिंगापुर, सूडान, ताइवान, नार्वे, जिबूती।