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एसबीआई ने शुरू की अब ये नई व्यवस्था, पेंशनरों की बैंक पासबुक में होगा बदलाव
अमित अवस्थी, अमर उजाला, कानपुर
Updated Thu, 20 Sep 2018 09:33 AM IST
सार
-15 सितंबर को जारी कि ए गए थे निर्देश, पेंशनरों को होगा लाभ
- 01 लाख से अधिक पेंशन धारक हैं कानपुर शहर में
- 65 फीसदी पेंशनरों के खाते हैं एसबीआई में
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विस्तार
सरकारी और पीएफ विभाग से पेंशन पाने वालों के लिए अच्छी खबर हैं। अब इन पेंशनरों की पासबुक में पेंशन पेमेंट आर्डर (पीपीओ) नंबर का भी जिक्र होगा। यह व्यवस्था पहली बार लागू की जा रही है। इस संबंध में एसबीआई की ओर से 15 सितंबर को सभी शाखाओं को निर्देश जारी किए गए हैं। शहर में करीब एक लाख से अधिक पेंशन धारक हैं।
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- फोटो : File Photo
स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के सूत्रों ने बताया कि नई व्यवस्था से पेंशन और पारिवारिक पेंशन पाने वालों को लाभ मिलेगा। पीपीओ नंबर नौकरी खत्म होने के बाद मिलता है। सरकारी कर्मचारियों को एक किताब मिलती है। जिसमें उसका पूरा ब्योरा जैसे उसकी जन्म तिथि, पूर्व में मिलने वाली सैलरी, मिलने वाली पेंशन व उसके परिवार के सदस्यों की जानकारी होती है। जबकि पीएफ विभाग से पेंशन पाने वालों को सिर्फ पीपीओ नंबर दिया जाता है।
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पेंशन पाने का अंतिम दस्तावेज होता है पीपीओ नंबर
पीपीओ नंबर न होने पर बैंक में कई बार समस्या आती है। तमाम परिवारजनों को भी पीपीओ की जानकारी नहीं होती है। पेंशन पाने का यह अंतिम दस्तावेज होता है। यदि यह खो जाए तो डुप्लीकेट पीपीओ बनाने में बड़ी समस्या होती है। इन सभी समस्याओं से बचने के लिए बैंक ने यह व्यवस्था लागू की है। बता दें कि शहर के कुल पेंशनरों में 65 फीसदी के खाते एसबीआई में जबकि अन्य के पीएनबी या दूसरे सरकारी बैंकों में हैं।
इस नई व्यवस्था से पेंशन पाने वाले और पारिवारिक पेंशन का लाभ लेने वालों को फायदा होगा। पीपीओ के गुम हो जाने पर भी कोई दिक्कत नहीं आएगी।
-राजेश कुमार शुक्ला, राष्ट्रीय सलाहकार, इंप्लाइज प्रॉविडेंट फंड स्टाफ फेडरेशन।
पीपीओ नंबर न होने पर बैंक में कई बार समस्या आती है। तमाम परिवारजनों को भी पीपीओ की जानकारी नहीं होती है। पेंशन पाने का यह अंतिम दस्तावेज होता है। यदि यह खो जाए तो डुप्लीकेट पीपीओ बनाने में बड़ी समस्या होती है। इन सभी समस्याओं से बचने के लिए बैंक ने यह व्यवस्था लागू की है। बता दें कि शहर के कुल पेंशनरों में 65 फीसदी के खाते एसबीआई में जबकि अन्य के पीएनबी या दूसरे सरकारी बैंकों में हैं।
इस नई व्यवस्था से पेंशन पाने वाले और पारिवारिक पेंशन का लाभ लेने वालों को फायदा होगा। पीपीओ के गुम हो जाने पर भी कोई दिक्कत नहीं आएगी।
-राजेश कुमार शुक्ला, राष्ट्रीय सलाहकार, इंप्लाइज प्रॉविडेंट फंड स्टाफ फेडरेशन।