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पलक झपकते ही उड़ा देते थे मोबाइल फोन, पुलिस ने तीन किशोरों समेत पांच को दबोचकर किया गिरोह का खुलासा
Tue, 29 Dec 2020 02:45 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Tue, 29 Dec 2020 02:45 PM IST
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : amar ujala
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कानपुर कोतवाली पुलिस ने शादी समारोह, मॉल और बाजारों से पलक झपकते ही मोबाइल फोन पार करने वाले पांच शातिरों को दबोचकर गिरोह का पर्दाफाश किया। इनके पास से 128 मोबाइल मिले हैं। इनकी कीमत करीब 25 लाख रुपये बताई गई है।
अब पुलिस को सरगना समेत दो की तलाश है। कोतवाली इंस्पेक्टर संजीव कांत मिश्र ने बताया कि झारखंड में साहबगंज जिले के राजमहल थाना क्षेत्र के महतो गांव निवासी हीरालाल, व गुड्डू कुमार महतो के अलावा 13 साल के तीन किशोरों को गिरफ्तार किया गया है।
इनके पास आईफोन भी बरामद हुए हैं। मोबाइल चुराने में किशोरों की मुख्य भूमिका होती थी। ये पॉकेट से भी मोबाइल फोन पार करने में माहिर हैं। धक्का देकर भी वारदात करते थे। हीरालाल व गुड्डू मोबाइल बेचने की जिम्मेदारी थी।
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पूछताछ में पता चला है कि गिरोह का सरगना झारखंड का रहने वाला है, जिसे ठगबाज कहकर बुलाया जाता हैं। एक शहर से दूसरे शहर में वारदात करने के लिए शातिर बाकायदा किराये का मकान लेते हैं। यहां नौबस्ता में किराये पर कमरा ले रखा था। इंस्पेक्टर ने बताया कि गिरोह का संपर्क नेपाल और बांग्लादेश के बड़े चोरों से है।
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अब पुलिस को सरगना समेत दो की तलाश है। कोतवाली इंस्पेक्टर संजीव कांत मिश्र ने बताया कि झारखंड में साहबगंज जिले के राजमहल थाना क्षेत्र के महतो गांव निवासी हीरालाल, व गुड्डू कुमार महतो के अलावा 13 साल के तीन किशोरों को गिरफ्तार किया गया है।
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इनके पास आईफोन भी बरामद हुए हैं। मोबाइल चुराने में किशोरों की मुख्य भूमिका होती थी। ये पॉकेट से भी मोबाइल फोन पार करने में माहिर हैं। धक्का देकर भी वारदात करते थे। हीरालाल व गुड्डू मोबाइल बेचने की जिम्मेदारी थी।
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पूछताछ में पता चला है कि गिरोह का सरगना झारखंड का रहने वाला है, जिसे ठगबाज कहकर बुलाया जाता हैं। एक शहर से दूसरे शहर में वारदात करने के लिए शातिर बाकायदा किराये का मकान लेते हैं। यहां नौबस्ता में किराये पर कमरा ले रखा था। इंस्पेक्टर ने बताया कि गिरोह का संपर्क नेपाल और बांग्लादेश के बड़े चोरों से है।